एक पिता…
जिसे पता है कि उसकी ज़िंदगी अब कुछ ही पलों की मेहमान है, फिर भी अपने बेटे को टूटने नहीं देता।
उसके आख़िरी शब्द थे।
“जब भी मुझे याद करना, मैं हमेशा तुम्हारे आसपास रहूँगा।”
ये सिर्फ़ एक वाक्य नहीं, बल्कि एक पिता का अमर प्यार है, जो मौत भी नहीं छीन सकती।
मजबूत रहो बेटा।
Sheosagar, Rohtas | Jul 30, 2026