Public App Logo
Profile Picture

बिहारी न्यूज

@biharinews3613
227Followers
2Following
व्यवहार न्यायालय सासाराम रोहतास  सासाराम सिविल कोर्ट में बहुत ऐसे मामले देखे हैं अमीर से गरीब बनते और गरीब से अमीर बनते अब तक दूसरे को देखते थे अब हम भी इस कोर्ट में आ गए देखते है हम गरीब बनते हैं कि अमीर बस सत्य के जीत होना चाहिए
ये सरकार में मै यही देखा हु कि 3 क्षेत्र में बहुत बड़ा बदलाव हुआ है सरकारी अस्पताल और रोड और स्कूल बहुत बड़ी क्रांति आईं हैं विकसित भारत यही पहचान होना चाहिए सरकार के फैसले अगर गलती होता है तो विरोध भी करता हु अगर सही कम के सहराना भी करता
सदर अस्पताल सासाराम हाईटेक हॉस्पिटल अभी कुछ कम बाकी हैं उसके बाद जल्द ही चालू होने वाला है
महज 13 साल की बच्ची के साथ 32 लोगों ने 5 दिन हैवानियत बहुत ही दर्दनाक और शर्मनाक है!
ऐसी घटनाएं सिर्फ एक परिवार को नहीं बल्कि पूरे समाज को झकझोर देती है!

दोषियों को कड़ी से कड़ी सज़ा मिले और बच्चों की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाये जाये सरकार से यही मांग है
सोचकर भी डर लगता है

उत्तर प्रदेश के हरदोई में 13 साल की मासूम के साथ 1 या 2 लोगों ने नहीं बल्कि 32 लोगों ने दुष्कर्म किया।

बताया जा रहा है कि कानपुर के राहुल तिवारी पर 8 दिन पहले एक नाबालिग लड़की का अपहरण करने का आरोप लगाया था, परिजनों ने तुरंत बिलग्राम थाना में FIR दर्ज कराई। 

लेकिन पुलिस ने कई दिनों तक कोई कार्रवाई नहीं की और जब लड़की को बिलग्राम कोतवाली लाया गया, 

तो पुलिस ने दावा किया कि "लड़की खुद चलकर आई है"

सबसे बड़ी बात है कि लड़की के सारे कपड़े खून से लथपथ पाए गए,

 टीम उसे टॉमा सेंटर हरदोई ले गई, जहां लड़की ने अपनी मां को रोते हुए बताया, "पुलिसवालों ने मुझे मारा-पीटा है,

लड़की बुरी तरह सहमी हुई थी और कुछ बोलने को तैयार नहीं थी।
ट्राम सेन्टर सदर सरकारी हॉस्पिटल सासाराम उदारपुर जमुहार विकाश कुमार यादव पिता देवमुनि यादव   विकाश कुमार यादव के डेड बॉडी लाश मिली है 3दिन बाद परिवार के कहना है कि कोई दुश्मन ही मारा है मेरा बेटा के
ट्राम सेन्टर सदर सरकारी हॉस्पिटल सासाराम उदारपुर जमुहार विकाश कुमार यादव पिता देवमुनि यादव   विकाश कुमार यादव के डेड बॉडी लाश मिली है 3दिन बाद परिवार के कहना है कि कोई दुश्मन ही मारा है मेरा बेटा के
सासंद माननीय मनोज कुमार राम और गुड्डू सिंह रामधारी सिंह एक साथ
अंकुश और सोना सिंह शिल्पी राघवानी और क्रिकेटर शकील अहमद विधायक सोनू सिंह गोल्डेन स्टार रामधारी सिंह और गुड्डू सिंह तमाम कलाकार और नेता एक साथ
सासाराम में आये दिन जाम से जनता को परेशानी होती है सासाराम के विधायक स्नेहा कुशवाहा वादा की थी कि जाम से छुटकारा जल्द मिलेगा 1साल हो गया देखते हैं कब जनता के जाम से छुटकारा मिलता है
क्रिकेटर अकाश दीप शादी सामरोह
Video 11
सासाराम अनुमंडल पदाधिकारी sdm नेहा कुमारी ने आज दिनांक 03/07/2026को जनता दरबार में बारी बारी से सबकी समस्याएं सुनी और तुरत निर्देश दि कि जल्दी काम किया जाए
सासाराम अनुमंडल पदाधिकारी sdm नेहा कुमारी ने आज दिनांक 03/07/2026को जनता दरबार में बारी बारी से सबकी समस्याएं सुनी और तुरत निर्देश दि कि जल्दी काम किया जाए
बिहार में खाद के लिए लगी कतार खाद नहीं मिला तो क्या बोली महिलाओं
सासाराम दिनांक 01/07/2026 को सुबह से शाम तक लाइन में लगे रहे किसान फिर भी खाद तो नहीं मिला लेकिन मार पीट हो गए किसानों के खाद बिहार में 2200सौ के मिल रहा है लेकिन जो गरीब परिवार से आते हैं किसान उसका तो सरकार पर ही आश लगाए बैठे हैं कि कम रेट के खाद मिल जाए खाद तो नहीं मिलता है लेकिन लत घुसा जरूर मिलता है बिहार के अभी ये हाल है बाद क्या होगा सरकार ही जाने
अंकुश और सोना सिंह शिल्पी राघवानी  तीनों एक साथ
सासाराम दिनांक 01/07/2026 को सुबह से शाम तक लाइन में लगे रहे किसान फिर भी खाद तो नहीं मिला लेकिन मार पीट हो गए किसानों के खाद बिहार में 2200सौ के मिल रहा है लेकिन जो गरीब परिवार से आते हैं किसान उसका तो सरकार पर ही आश लगाए बैठे हैं कि कम रेट के खाद मिल जाए खाद तो नहीं मिलता है लेकिन लत घुसा जरूर मिलता है बिहार के अभी ये हाल है बाद क्या होगा सरकार ही जाने
बिहार राजद के नेता मृत्युंजय तिवारी अकाश दीप पर क्या बोले
अकाश दीप के घर
यूपी के महाराजगंज में प्रेमिका ने अपने प्रेमी को रात्रि क्रीड़ा करनें के लिए बुलाया था,

प्रेमी को क्रीड़ा करनें की बहुत गर्मी थी,

चोरी से घर के अंदर प्रेमिका के रूम में पहुँच गया,

इतनें में घर वालों को भनक लग जाती है,

उसके बाद प्रेमी और प्रेमिका को हरे बाँस से  मर मर के मौत के घाट उतार दिया 👇🏻
विजय चौहान गाना वायरल
जो सत्य है वहीं हम लिखे हैं कोई झूठा वादा न करे, बस इतना ही चाहता था बिलौटी का एक युवा...

भोजपुर जिले के बिलौटी गांव का एक युवा — भरत भूषण तिवारी। गंगा कटाव से प्रभावित लोगों की पीड़ा को लेकर वह वर्षों से व्यवस्था के दरवाजे खटखटा रहा था। ज्ञापन दिए, अधिकारियों से मिला, गुहार लगाई, लेकिन जब उसे लगा कि उसकी आवाज़ कहीं नहीं सुनी जा रही, तब उसने विरोध का एक ऐसा रास्ता चुन लिया, जिसका अंत दुखद होना लगभग तय था।

हाल ही में वायरल हुए वीडियो में भरत पुलिस के सामने हथियार लहराते हुए दिखाई देता है। वीडियो में वह व्यवस्था के प्रति अपनी नाराजगी भी व्यक्त करता है। उसकी माँ बीच-बचाव करती नजर आती हैं। पुलिस लौट जाती है और बाद में आधिकारिक तौर पर कहा जाता है कि युवक मानसिक रूप से अस्वस्थ है तथा उसके इलाज की व्यवस्था की जाएगी।

लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं होती।

जब वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ और तरह-तरह की प्रतिक्रियाएँ आने लगीं, तब अगले ही दिन पुलिस भारी बल के साथ फिर पहुंचती है। वही युवक, जिसे एक दिन पहले मानसिक रूप से विक्षिप्त बताया गया था, अब पुलिस कार्रवाई के केंद्र में था।

बताया जाता है कि भरत गंगा कटाव से प्रभावित जमानियां गांव के विस्थापितों की लड़ाई लड़ रहा था। उसका तरीका गलत हो सकता है, कानून अपने हाथ में लेना किसी भी परिस्थिति में उचित नहीं ठहराया जा सकता, लेकिन कुछ सवाल ऐसे हैं जिन्हें अनदेखा भी नहीं किया जा सकता।

यदि कोई व्यक्ति मानसिक रूप से अस्थिर था, तो क्या उसे नियंत्रित करने का तरीका वही होना चाहिए था जो किसी पेशेवर अपराधी के लिए अपनाया जाता है?

यदि उसने हथियार छोड़ दिया था और आत्मसमर्पण की बातचीत चल रही थी, तो क्या उसे जीवित पकड़ने के सभी विकल्प पूरी तरह समाप्त हो चुके थे?

क्या एक ऐसे युवक की पीड़ा, जो गंगा कटाव से उजड़े लोगों के लिए आवाज उठा रहा था, केवल उसकी गलती के साथ ही दफन हो जानी चाहिए, या उसके उठाए गए मुद्दों पर भी गंभीरता से विचार होना चाहिए?

भरत तिवारी ने व्यवस्था से संघर्ष का रास्ता चुना, लेकिन शायद वह भूल गया कि एक आम नागरिक और राज्य की शक्ति के बीच की लड़ाई का परिणाम अक्सर एक जैसा ही होता है।

👉🥺आज आवश्यकता केवल घटना पर बहस करने की नहीं है, बल्कि उन कारणों को समझने की भी है जो किसी युवा को इस हद तक निराश, आक्रोशित और अकेला महसूस करने पर मजबूर कर देते हैं।    बिहारी न्यूज
शिल्पी राज और शिल्पी राघवानी एक साथ अकाश दीप तिलक समारोह में
बिहार के छोटे से जिले रोहतास मे एक गांव हैं बड्डी से  निकलकर लंदन तक क्रिकेट खेलने वाला लड़का अपनी भोजपुरिया मिट्टी को नहीं भूला।

कल आकाशदीप का तिलक समारोह था, जिसमें 

आकाशदीप ने पहले गांव के सारे रिचुअल्स पूरे किए, अपने मेहमानों का ख्याल भी रखा और जिससे नहीं मिल पाए उनसे सॉरी भी बोला

सबसे बड़ी बात कि भोजपुरिया गानों पर डांस भी करते नजर आए। इतना बड़ा क्रिकेटर जिसके पास पैसे की कोई कमी नहीं है 

लेकिन रिचुअल्स पूरा करने और अपने लोगों की खुशी के लिए उन्होंने गांव में ही सबकुछ किया।
बिहारी न्यूज (@biharinews3613) | Public App