45 साल से रांची की सड़को पर पैडल रिक्शा चला रहे किसुन की उम्र ढल गयी, मगर संघर्ष नहीं, पत्नी-बेटे को खोया, पेंशन भी नहीं, अब बांसुरी के सुरों में बहता है किसुन का द'र्द
45 साल से रांची की सड़को पर पैडल रिक्शा चला रहे किसुन की उम्र ढल गयी, मगर संघर्ष नहीं, पत्नी-बेटे को खोया, पेंशन भी नहीं, अब बांसुरी के सुरों में बहता है किसुन का द'र्द - Kanke News