बाल चौपाल में बच्चों एवं अभिभावकों को स्वच्छता के प्रति किया गया जागरूक
--
कलेक्टर श्री साकेत मालवीय के निर्देशन एवं जिला कार्यक्रम अधिकारी, महिला एवं बाल विकास विभाग श्रीमती चंद्रसेना भिड़े के नेतृत्व में जिले के आंगनवाड़ी केंद्रों पर बाल चौपाल का नियमित आयोजन किया जा रहा है। इसी क्रम में परियोजना ईसागढ़ के सेक्टर धुर्रा स्थित आंगनवाड़ी केंद्र धुर्रा में बाल चौपाल का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में 3 से 6 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों के साथ उनके अभिभावकों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। इस अवसर पर बाल चौपाल का विषय "साफ-सफाई की समझ" रखा गया, जिसके अंतर्गत बच्चों को दैनिक जीवन में व्यक्तिगत स्वच्छता, हाथ धोने की सही आदत, साफ कपड़े पहनने, नाखून एवं दांतों की सफाई तथा स्वच्छ वातावरण के महत्व के बारे में सरल एवं रोचक तरीके से जानकारी दी गई।
अभिभावकों को भी बच्चों के सर्वांगीण विकास में स्वच्छता की महत्वपूर्ण भूमिका से अवगत कराया गया। उन्हें बताया गया कि नियमित साफ-सफाई अपनाने से बच्चे अनेक संक्रामक बीमारियों से सुरक्षित रहते हैं तथा उनके शारीरिक एवं मानसिक विकास पर सकारात्मक प्रभाव पड़ता है। साथ ही बच्चों में प्रारंभ से ही स्वच्छता संबंधी अच्छी आदतों का विकास करने के लिए प्रेरित किया गया।
बाल चौपाल का आयोजन महिला एवं बाल विकास विभाग की सहयोगी संस्था रॉकेट लर्निंग के सहयोग से किया गया। कार्यक्रम में रॉकेट लर्निंग के जिला समन्वयक विपिन रघुवंशी ने अभिभावकों एवं बच्चों से संवाद करते हुए स्वच्छता, नियमित आंगनवाड़ी उपस्थिति तथा खेल-आधारित सीखने के महत्व पर विस्तार से जानकारी साझा की।
इस अवसर पर आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सरोज खटीक, उर्मिला जैन, स्थानीय अभिभावक एवं बड़ी संख्या में बच्चे उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन सभी प्रतिभागियों द्वारा स्वच्छता अपनाने एवं बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए नियमित रूप से आंगनवाड़ी गतिविधियों में सहभागिता का संकल्प लेकर किया गया।
#AshokNagar