खरीफ 2026 के लिए किसानों को बड़ी सौगात, मुफ्त मिनीकिट और 50% अनुदान पर मिलेंगे बीज, ई-लॉटरी से होगा चयन
उरई (जालौन) खरीफ सीजन 2026 में किसानों को उच्च गुणवत्ता वाले प्रमाणित एवं संकर बीज उपलब्ध कराने के उद्देश्य से कृषि विभाग ने बीज वितरण की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
उप कृषि निदेशक एस.के. उत्तम ने जानकारी देते हुए बताया कि कृषि विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत किसानों को निःशुल्क बीज मिनीकिट तथा 50 प्रतिशत अनुदान पर सामान्य बीज उपलब्ध कराए जाएंगे। इसके लिए विभागीय पोर्टल पर ऑनलाइन बुकिंग प्रारंभ हो चुकी है। किसान समय रहते आवेदन कर योजनाओं का लाभ उठा सकते हैं।
उप कृषि निदेशक ने बताया कि खरीफ 2026 के लिए विभाग द्वारा संचालित सभी योजनाओं के अंतर्गत निर्धारित लक्ष्य के सापेक्ष प्रमाणित एवं संकर बीजों की ऑनलाइन बुकिंग शुरू कर दी गई है।
इच्छुक किसान कृषि विभाग के पोर्टल पर पंजीकरण कर अपनी आवश्यकतानुसार बीजों की बुकिंग कर सकते हैं।
निर्धारित लक्ष्य से अधिक आवेदन प्राप्त होने की स्थिति में लाभार्थियों का चयन पूरी तरह ई-लॉटरी प्रणाली के माध्यम से किया जाएगा, जिससे पूरी प्रक्रिया पारदर्शी और निष्पक्ष बनी रहे।
उन्होंने बताया कि विभाग का उद्देश्य अधिक से अधिक किसानों तक उन्नत एवं प्रमाणित बीज पहुंचाना है, जिससे उत्पादन में वृद्धि हो और किसानों की आय बढ़ सके।
इसलिए इस बार बीज वितरण प्रक्रिया को पूरी तरह डिजिटल बनाया गया है।
इन फसलों के मिलेंगे निःशुल्क मिनीकिट
कृषि विभाग द्वारा किसानों को निम्नलिखित फसलों के बीज निःशुल्क मिनीकिट के रूप में उपलब्ध कराए जाएंगे—
तिल
उड़द
मूंग
अरहर
कोदो
सांवा
रागी
संकर बाजरा
संकर ज्वार
उप कृषि निदेशक ने स्पष्ट किया कि एक किसान को केवल एक ही निःशुल्क मिनीकिट प्रदान किया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक किसानों को योजना का लाभ मिल सके।
50 प्रतिशत अनुदान पर उपलब्ध होंगे ये बीज
कृषि विभाग द्वारा निम्नलिखित फसलों के प्रमाणित एवं संकर बीज किसानों को मूल्य का 50 प्रतिशत अनुदान देकर उपलब्ध कराए जाएंगे—
धान
सामान्य धान
संकर धान
उड़द
मूंग
अरहर
संकर बाजरा
संकर ज्वार
संकर मक्का
ढैंचा
इन बीजों पर सरकार द्वारा निर्धारित दरों के अनुसार 50 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाएगा, जिससे किसानों को कम लागत में बेहतर गुणवत्ता के बीज उपलब्ध हो सकें।
ई-लॉटरी से होगा लाभार्थियों का चयन
उप कृषि निदेशक एस.के. उत्तम ने बताया कि जिन योजनाओं में निर्धारित लक्ष्य से अधिक आवेदन प्राप्त होंगे, उनमें लाभार्थियों का चयन पूरी तरह ई-लॉटरी प्रणाली के माध्यम से किया जाएगा। इससे किसी प्रकार की मानवीय हस्तक्षेप या पक्षपात की संभावना नहीं रहेगी और सभी पात्र किसानों को समान अवसर मिलेगा।
POS मशीन से मिलेगा बीज
ई-लॉटरी में चयनित किसानों को राजकीय कृषि बीज भंडारों से POS मशीन के माध्यम से बीज वितरित किए जाएंगे। इससे लाभार्थी का सत्यापन डिजिटल माध्यम से होगा और वितरण प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी रहेगी।
ऑनलाइन बुकिंग करना अनिवार्य
कृषि विभाग ने स्पष्ट किया है कि बीज प्राप्त करने के लिए किसानों को पहले विभागीय पोर्टल पर ऑनलाइन बुकिंग करनी होगी। बिना ऑनलाइन बुकिंग के किसी भी किसान को योजना का लाभ नहीं मिल सकेगा। इसलिए सभी पात्र किसान समय रहते आवेदन कर अपनी पसंद की फसल के बीज की बुकिंग अवश्य करें।
समय से करें आवेदन
उप कृषि निदेशक ने जनपद के सभी किसानों से अपील की है कि वे खरीफ की बुवाई को ध्यान में रखते हुए समय से ऑनलाइन आवेदन करें, ताकि चयन होने पर निर्धारित समय पर बीज प्राप्त कर सकें और समय पर बुवाई कर अच्छी पैदावार हासिल कर सकें।
उन्होंने कहा कि सरकार किसानों को उन्नत कृषि तकनीक और गुणवत्तापूर्ण बीज उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयासरत है। किसानों को इन योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाकर उत्पादन बढ़ाने की दिशा में आगे आना चाहिए।
किसान यहां करें आवेदन
किसान कृषि विभाग के आधिकारिक पोर्टल पर पंजीकरण एवं बीज बुकिंग कर सकते हैं।
पोर्टल: https://agriculture.up.gov.in/
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Kalpi, Jalaun | Jul 11, 2026