नगर निगम पंचकूला में 20 सालों से लगे कच्चे सफ़ाई कर्मचारियों को प्रदेश सरकार तुरंत पक्का करे - ओ पी सिहाग
जजपा ने हड़ताल कर रहे सफ़ाई एवं फायर ब्रिगेड कर्मचारियों को दिया समर्थन।
पंचकूला , 7 अगस्त: जननायक जनता पार्टी जिला पंचकूला के अध्यक्ष ओ पी सिहाग की अगुआई में आज जजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष के सी भारद्वाज तथा ज़िला कार्यालय सचिव सुरिन्दर चड्डा ने पंचकूला सेक्टर 5 फायर ब्रिगेड कार्यालय के समक्ष अपनी जायज मांगों को लेकर धरना-प्रदर्शन कर रहे नगर निगम पंचकूला के सफ़ाई कर्मचारियों एवं फायर कर्मियों को पार्टी की तरफ से समर्थन दिया। उल्लेखनीय है कि नगर निगम पंचकूला में पिछले काफी सालों से लगे हुए सफ़ाई कर्मचारी एवं फायर कर्मी अभी तक कच्चे हैं। इनमे से बहुत से कर्मचारियों को तो लगे हुए 25 साल से ज्यादा का समय हो चुका है जबकि पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय ने भी कह रखा है कि जिन सरकारी विभागों में कोई कर्मचारी 10 सालों से कच्चे लगे हुए हैं उनको पक्का किया जाए। जजपा ज़िला अध्यक्ष ने हड़ताल पर बैठे कर्मचारियों को संबोधित करते हुए कहा कि वो पूरे प्रदेश में एक जुट होकर शांतिपूर्वक तरीके से अपनी लड़ाई लड़ेंगे तो उनको कामयाबी जरूर मिलेगी ।उन्होंने कहा कि बीजेपी की सरकार की कथनी व करनी में बड़ा अन्तर है। पिछले 3 विधानसभा चुनावों में बीजेपी के नेता चुनाव के वक्त सभी कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने का सपना दिखा कर उनके वोट ऐंठते आए हैं परंतु चुनाव खत्म होते ही पलटी मार लेते हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में हज़ारों की संख्या में सफ़ाई कर्मचारी एवं फायर कर्मी सालों से कच्चे लगे हुए हैं। वो सभी समाज के गरीब तबके से आते हैं, महंगाई लगातार बढ़ रही है परंतु उनकी तनख्वाहें बहुत थोड़ी हैं जिससे परिवारों का गुजारा करना बहुत मुश्किल हो रहा है।
जजपा ज़िला अध्यक्ष सिहाग ने कहा कि सारा दिन गन्दगी में साफ सफ़ाई का कार्य करने से ज्यादातर सफ़ाई कर्मी गंभीर बीमारियों के मरीज़ बन जाते हैं इसलिए सरकार को हर सफ़ाई कर्मचारी का 6 महीने में मेडिकल चेक अप करवाये जाने का प्रावधान करना चाहिए तथा उनका इलाज मुफ्त में करना चाहिए। सिहाग ने अपने संबोधन में सरकार से य़ह भी मांग की कि सफ़ाई कर्मियों के बच्चों को पढ़ाई के लिए जिले के अच्छे स्कूलों में कम से कम 10 प्रतिशत सीट रिजर्व रखने का कार्य करना चाहिए ताकि इनके बच्चे पढ़ लिखकर अच्छी नौकरी कर सके। इसके अलावा सफ़ाई कर्मचारियों को नगर निगम अपनी जमीन पर कम से कम दो मरले प्लॉट सस्ती दरों पर उपलब्ध करवाए ताकि ये स्लम बस्तियों से बाहर आकर ठीक साफ सुथरी जगह में रह सके।