देवास नगर: अशुद्ध मति मंथरा का संगत जहा है वहा शुध्द मति के विचार भी अशुद्ध हो जाता है:पंडित सुनीलकृष्ण व्यास
अशुद्ध मति मंथरा का संगत जहा है वहा शुध्द मति के विचार भी अशुद्ध हो जाता है:पंडित सुनीलकृष्ण व्यास देवास।स्वर्णकार समाज महिला मंडल द्वारा आयोजित राम कथा के छटे दिन सोमवार दोपहर 1 बजे रामायणाचार्य पंडित सुनील कृष्ण व्यास ने व्यक्त कर कहा कि जिव्हा दांतों के बीच रह कर भी भोजन ग्रहण कर सकती है भक्त वो है जो दुष्टों के बीच रहकर भी भजन कर सकता है। रावण राम का वि