जनता दरबार में जिले के अलग-अलग जगहों से पहुंचे 19 फरियाद, उप विकास आयुक्त ने सुनी फरियाद
बिहार सरकार की महत्वकांक्षी योजना सात निश्चय- 3 के तहत 'सबका सम्मान, जीवन आसान' के तहत समाहरणालय परिसर में जनता दरबार का आयोजन किया गया। जिलाधिकारी के निर्देशानुसार कार्यक्रम की अध्यक्षता उप विकास आयुक्त द्वारा की गई। इस अवसर पर जिले के विभिन्न प्रखंडों एवं सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों से आए फरियादियों ने अपनी-अपनी समस्याओं को रखा, जिसे उपविकास आयुक्त द्वारा बारी- बारी से सुना गया। उक्त जानकारी सोमवार की शाम 6:00 बजे प्रेस रिलीज व तस्वीर जारी कर दी गई है।
आयोजित जनता दरबार के दौरान विभिन्न प्रशासनिक, राजस्व एवं विकास संबंधीत विभागों से जुड़े कुल 19 मामले दर्ज किए गए। आवेदनों की गहन समीक्षा के क्रम में भूमि विवाद एवं राजस्व से जुड़े मामलों की बहुलता देखी गई, जिनमें ज़मीन की नापी, अवैध कब्ज़े और आपसी सीमांकन की जटिल समस्याएं शामिल थीं। इसके अतिरिक्त प्राकृतिक एवं अन्य आपदाओं से प्रभावित नागरिकों द्वारा आपदा राहत कोष तथा अनुग्रह अनुदान की बकाया राशि के अविलंब भुगतान की मांग की गई। साथ ही, विगत पंचायत चुनाव के दौरान प्रशासनिक एवं चुनावी दायित्वों का निष्ठापूर्वक संपादन करने वाले कर्मियों द्वारा अब तक लंबित पड़े मानदेय एवं पारिश्रमिक के शत-प्रतिशत भुगतान का विषय भी प्रमुखता से उठाया गया।
जनता दरबार में प्राप्त मामलों की गंभीरता और संवेदनशीलता के आधार पर उप विकास आयुक्त ने संबंधित अंचलाधिकारियों, बाल विकास परियोजना पदाधिकारियों एवं अन्य विभागीय जिला स्तरीय अधिकारियों को दूरभाष एवं पत्राचार के माध्यम से तत्काल आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने स्पष्ट रूप से हिदायत दी कि जनता दरबार में प्राप्त सभी 19 मामलों का निर्धारित समय-सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि प्रशासनिक कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता, अनावश्यक विलंब या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
Jamui, Jamui | Jul 27, 2026