हजारों किलोमीटर दूर बेंगलुरु में हिमाचल की संस्कृति की शानदार झलक देखने को मिली। कर्नाटक राजभवन में आयोजित भव्य सांस्कृतिक समारोह में हिमाचल कर्नाटक कल्याण संघ ने लोकगीतों, नृत्य और पारंपरिक नाटी के जरिए देवभूमि की समृद्ध विरासत को मंच पर जीवंत कर दिया।
कार्यक्रम में देश के नौ राज्यों ने भाग लिया, जहां हिमाचल की प्रस्तुति ने सभी का दिल जीत लिया। “पहाड़ों की गूंज” और “देव संस्कृति” नृत्य-नाटिका ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
कर्नाटक के राज्यपाल थावरचंद गहलोत ने हिमाचल की सांस्कृतिक समृद्धि की सराहना करते हुए इसे देश की विविधता की सुंदर मिसाल बताया।
संघ के वरिष्ठ पदाधिकारी सन्नी शर्मा और कांगड़ा-बिलासपुर निवासी मनदीप सिंह ने बताया कि बेंगलुरु में बसे हिमाचली आज भी अपनी संस्कृति से जुड़े हैं और बड़ी संख्या में ऐसे आयोजनों में भाग लेते हैं।
Dharmpur, Mandi | Jun 22, 2026