*पुलिस प्रेस नोट 07 अक्टूबर 2026*
*अडानी गैस बिल के नाम पर APK फाइल भेजकर 5,12,344 रुपये की ठगी*
*अंतर्राज्यीय साइबर गिरोह के 7 आरोपी गिरफ्तार, साइबर थाना सेंट्रल पुलिस की बड़ी कार्रवाई, ठगी में प्रयुक्त मोबाइल, सिम व क्रेडिट कार्ड बरामद*
फरीदाबाद पुलिस द्वारा साइबर अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत *साइबर थाना सेंट्रल* की टीम ने अडानी गैस कनेक्शन का बिल जमा कराने के नाम पर बुजुर्ग नागरिक से 5 लाख 12 हजार 344 रुपये की ठगी करने वाले गिरोह के *7 आरोपियों* को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है।
*मामला क्या था*
सेक्टर-37, फरीदाबाद निवासी एक बुजुर्ग व्यक्ति ने साइबर थाना सेंट्रल में शिकायत दी कि *01 सितंबर* को उनके व्हाट्सएप नंबर पर एक मैसेज आया। मैसेज में लिखा था कि "अडानी गैस कनेक्शन का बिल जमा करें, अन्यथा गैस कनेक्शन काट दिया जाएगा"। साथ में एक मोबाइल नंबर भी दिया गया था।
शिकायतकर्ता द्वारा दिए गए नंबर पर बात करने पर आरोपी ने उन्हें झांसे में लेकर *"adani gas bill http://update.apk"* नाम की फाइल डाउनलोड करवा दी। APK फाइल डाउनलोड होते ही आरोपी ने फोन हैक कर लिया और उनके बैंक खाते से 3 अलग-अलग ट्रांजैक्शन के माध्यम से *कुल 5,12,344 रुपये* निकाल लिए। इस संबंध में साइबर थाना सेंट्रल में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
*गिरफ्तार आरोपितों के नाम*
1. *दीपक कुमार मंडल* वासी जिला गिरिडीह, झारखंड - _गिरोह का मास्टरमाइंड_
2. *अनिल कुमार मंडल* वासी देवघर, झारखंड - _कॉलर_
3. *अश्विन भाई* - _क्रेडिट कार्ड उपलब्ध कराने वाला_
4. *खूंट धावल* - _क्रेडिट कार्ड से नकदी निकालने वाला_
5. *मनीष भाई* - _क्रेडिट कार्ड धारक_
6. *दीप विट्ठलभाई* - _क्रेडिट कार्ड धारक_
7. *पीठाभाई भाया भाई* निवासी सूरत, गुजरात - _क्रेडिट कार्ड धारक_
*पुलिस जांच में खुलासा*
प्रभारी थाना साइबर सेंट्रल निरीक्षक बसंत कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि:
- *दीपक कुमार मंडल* इस गिरोह का सरगना है। वह टेलीग्राम के माध्यम से RTO व अडानी गैस से संबंधित नागरिकों का डाटा और APK फाइलें खरीदता था।
- डाटा के अनुसार पीड़ितों को कॉल कर डराया जाता था और APK फाइल डाउनलोड करवाई जाती थी। फाइल डाउनलोड होते ही फोन का पूरा एक्सेस दीपक के पास चला जाता था।
- ठगी की गई राशि से दीपक द्वारा क्रेडिट कार्ड के पेंडिंग बिल भरे जाते थे। आरोपी को *3 क्रेडिट कार्ड* अश्विन के माध्यम से प्राप्त हुए थे।
- *मनीष, दीप विट्ठल और पीठाभाई* क्रेडिट कार्ड धारक थे। *खूंट धावल* क्रेडिट कार्ड से पैसे निकालकर दीपक तक पहुंचाता था।
- *दीपक व अनिल* दोनों कॉलर का काम करते थे और पीड़ितों को मैसेज व APK फाइल भेजते थे।
*बरामदगी*
आरोपितों से करीब 20,000 अडानी गैस के उपभोक्ताओं व 1000 यूको बैंक उपभोक्ताओं का डाटा मिला है तथा आरोपितों द्वारा 116 लोगो के पास APK फाइल भेजी गई थी।
आरोपियों के कब्जे से ठगी में प्रयुक्त 6 मोबाइल फोन, सिम कार्ड, क्रेडिट कार्ड व अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए गए हैं।
*पुलिस की अपील*
फरीदाबाद पुलिस आमजन से अपील करती है कि:
1. किसी भी सरकारी बिल/कनेक्शन के नाम पर आए लिंक या *APK फाइल को डाउनलोड न करें*।
2. सरकारी विभाग कभी भी व्हाट्सएप पर APK फाइल भेजकर बिल जमा करने के लिए नहीं कहते।
3. कोई संदिग्ध कॉल/मैसेज आए तो तुरंत *1930 साइबर हेल्पलाइन* या *cybercrime.gov.in* पर शिकायत दर्ज कराएं।
प्रवक्ता, फरीदाबाद, पुलिस