*बस्ती: बरसाव में सार्वजनिक रास्ता बंद होने से ग्रामीणों में आक्रोश, अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठा पीड़ित परिवार - बोला- "जान देकर भी रास्ता लेंगे"*
*जनपद बस्ती ,उत्तर प्रदेश 21 सितंबर 2026 के दुबौलिया थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत बरसाव का मामला है, जहाँ सार्वजनिक रास्ते पर अवैध कब्जा और निर्माण को लेकर ग्रामीणों का गुस्सा अब फूट पड़ा है। रास्ता बंद होने से दर्जनों परिवारों का आवागमन ठप हो गया है। न्याय न मिलने से परेशान होकर पीड़ित मनोज कुमार पुत्र सीताराम ने अपने पूरे परिवार और ग्रामीणों के साथ आज दिनांक 21/09/2026 से जिला मुख्यालय कलेक्ट्रेट परिसर में अनिश्चितकालीन अन्न भूख अनशन हड़ताल शुरू कर दी है।
*क्या है पूरा मामला?*
प्रार्थी मनोज कुमार साकिन मौजा बरसाव, पोस्ट पकड़ी वक्तावर, थाना दुबौलिया का स्थाई निवासी है। प्रार्थना पत्र के अनुसार मौजा बरसाव में आराजी संख्या 297क व 497 नवीन परती की जमीन है, जिसमें से होकर एक सदरी (पुश्तैनी) सार्वजनिक रास्ता अरसा मुद्दत से चला आ रहा है। इसी रास्ते से गांव के राम पुत्र बहरैची, रीना पत्नी सुरेश शर्मा, राजकुमारी पत्नी कृष्णा संतोष, दयाराम, लाल चन्द्र, संदीप कुमार सहित दर्जनों लोगों का आना-जाना होता है। आरोप है कि विपक्षीगण रामजनक पुत्र रामदेव, सुधांशु पुत्र मंगलधर, दिनेश पुत्र साधू, मुकेश पुत्र लल्ला, जो धनाढ्य व मनबढ़ किस्म के व्यक्ति हैं, उन्होंने पहले बांस-बल्ली लगाकर रास्ता अवरुद्ध किया और अब पक्का निर्माण करके रास्ते को पूरी तरह से बंद कर दिया है।
*प्रशासन की कार्रवाई पर उठे सवाल*
पीड़ित ने बताया कि इस संबंध में पूर्व में जिलाधिकारी महोदया बस्ती को प्रार्थना पत्र दिया गया था। जिस पर जिलाधिकारी के आदेश के अनुपालन में उपजिलाधिकारी और थानाध्यक्ष मौके पर आए भी थे। लेकिन पूस्तैनी चल रहे सार्वजनिक रास्ते को खुलवाने के बजाय वैकल्पिक रूप से दूसरे के भूमिधरी नम्बर से आने-जाने हेतु एक पगडण्डी रास्ता दिया जा रहा है। जबकि उक्त भूमि के बाबत दीवानी न्यायालय में मुकदमा विचाराधीन है। पीड़ित का कहना है कि मुकदमा निस्तारण होते ही वह वैकल्पिक रास्ता भी पुनः बंद हो जाएगा और हम फिर से घिर जाएंगे। पीड़ित ने ज्ञापन में कहा है कि समस्या का स्थायी समाधान न होने पर वह तथा अन्य लोग काफी परेशान हैं। जब तक समस्या का लिखित में दिनांक सहित स्थायी समाधान नहीं हो जाता, तब तक वह अन्न त्याग कर भूख अनशन हड़ताल पर बैठे रहेंगे।
*ग्रामीणों की मांग*
1. प्रकरण की राजस्व अधिकारियों से मौके पर जाँच और स्थलीय निरीक्षण कराया जाय।
2. सार्वजनिक रास्ते पर पैमाइश एवं सीमांकन कराया जाय।
3. रास्ते पर किये गये अवैध अवरोध और निर्माण को तत्काल हटाकर आमजन के आवागमन हेतु रास्ता खुलवाया जाय।
पीड़ित ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते कार्यवाही नहीं हुई तो किसी भी अप्रिय घटना से इंकार नहीं किया जा सकता।
ज्ञापन पर संदीप कुमार, धीरज, लाल चन्द्र, संतोष, सुरेश, सीताराम, अनीता, शकुंतला, सुधा देवी, अनामिका, सोनम, प्रिया, पलक सहित कई ग्रामीणों के हस्ताक्षर और अंगूठे के निशान हैं।
संवाददाता हरी ओम प्रकाश
राष्ट्रीय हिंदी दैनिक कौटिल्य का भारत
Basti, Basti | Sep 21, 2026