👉 सड़क सुरक्षा अभियान के तहत प्रतापगढ़ पुलिस की बड़ी कार्यवाही : ‘ड्रंक एंड ड्राइव’, प्रेशर हॉर्न , नाबालिक द्वारा वाहन चलाना एवं मोडिफाइड साइलेंसर के विरुद्ध चला सघन चेकिंग अभियान
➡️ उत्तर प्रदेश शासन एवं उच्चाधिकारियों के निर्देशानुसार सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाए जाने हेतु जनपद प्रतापगढ़ में लगातार “सड़क सुरक्षा अभियान” चलाया जा रहा है। इसी क्रम में पुलिस अधीक्षक प्रतापगढ़ श्री दीपक भूकर के निर्देशन में जनपद में “ड्रंक एंड ड्राइव”, प्रेशर हॉर्न एवं मोडिफाइड साइलेंसर के विरुद्ध विशेष चेकिंग अभियान चलाया गया।
➡️ उक्त अभियान नोडल अधिकारी/अपर पुलिस अधीक्षक (नगर/ पूर्वी) श्री आलोक कुमार एवं क्षेत्राधिकारी यातायात श्री अनिल कुमार राय के निकट पर्यवेक्षण में संचालित किया गया।
➡️ दिनांक 20.06.2026 को रात्रि 08:00 बजे से 11:00 बजे तक थाना हथिगवां क्षेत्रान्तर्गत कोटिला अख्तियारी टोल प्लाजा पर यातायात पुलिस एवं थाना हथिगवां पुलिस द्वारा संयुक्त रूप से सघन वाहन चेकिंग अभियान चलाया गया।
➡️ यातायात निरीक्षक श्री मनोज कुमार मय हमराह गण एवं थाना हथिगवां प्रभारी सतेन्द्र सिंह व खिदिरपुर चौकी इंचार्ज श्री प्रिंस तिवारी मय पुलिस टीम द्वारा टोल प्लाजा से गुजरने वाले लगभग 721 वाहनों की सघन जांच की गई। चेकिंग के दौरान ब्रीथ एनालाइजर के माध्यम से वाहन चालकों के एल्कोहल स्तर की जांच की गई।
➡️ अभियान के दौरान :
* 03 वाहन हूटर लगा के वाहन चलाते पाए गए जिनका चालान किया गया ₹30,000/- का शमन शुल्क अधिरोपित किया गया।
* 31 वाहनों पर प्रतिबंधित प्रेशर हॉर्न पाए जाने पर 3,10,000/- का शमन शुल्क अधिरोपित किया गया।
* 42 हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट चालान 2,10,000 जुर्माना अधिरोपित किया गया।
* 02 चालान निर्धारित मानक से अधिक ब्लैक फिल्म लगे होने से चालान किया गया तथा 5000 रूपए शमन शुल्क अधिरोपित किया गया।
. 02 मोडिफाइड साइलेंसर लगा कर वहाँ चलाते पाए गये जिनका चालान किया गया तथा 20,000 रुपए शमन शुल्क अधिरोपित किया गया।
➡️ इस प्रकार कुल 80वाहन से ₹5,75,000/- (पांच लाख पचहत्तर हजार रुपये) का शमन शुल्क वसूला गया।
➡️ प्रतापगढ़ पुलिस समस्त वाहन चालकों एवं जनपदवासियों से अपील करती है कि सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करें। मद्यपान कर वाहन न चलाएं तथा वाहनों में अवैध प्रेशर हॉर्न एवं मोडिफाइड साइलेंसर का प्रयोग न करें। यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध भविष्य में भी इसी प्रकार की कठोर कार्यवाही जारी रहेगी।