मानसूनी सीजन का असर अब विश्व प्रसिद्ध केदारनाथ धाम यात्रा पर साफ दिखाई देने लगा है। लगातार बारिश, भूस्खलन और यात्रा मार्ग पर बार-बार आ रही बाधाओं के कारण श्रद्धालुओं की संख्या में भारी गिरावट दर्ज की जा रही है।
हालात ऐसे हैं कि जहां कुछ सप्ताह पहले बाबा केदार के दर्शन के लिए लंबी कतारें लगती थीं, वहीं अब धाम में गिने-चुने श्रद्धालु ही पहुंच रहे हैं। हालांकि अभी तक 14 लाख 15 हजार श्रद्धालु बाबा के दर्शन कर चुके हैं।
मानसून ने केदारनाथ यात्रा की रफ्तार को लगभग थाम दिया है। लगातार बारिश और पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन की घटनाओं के चलते श्रद्धालु यात्रा करने से बच रहे हैं। कई बार यात्रा मार्ग बाधित होने और मौसम की अनिश्चितता का सीधा असर यात्रा पर पड़ा है।
कुछ समय पहले तक केदारनाथ धाम में श्रद्धालुओं का भारी हुजूम उमड़ रहा था और दर्शन के लिए घंटों इंतजार करना पड़ता था। लेकिन अब तस्वीर पूरी तरह बदल चुकी है। मंदिर परिसर में अधिकांश समय सन्नाटा पसरा रहता है और गिने-चुने श्रद्धालु ही बाबा केदार के दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं।
हालांकि प्रशासन और पुलिस लगातार यात्रा मार्ग की निगरानी कर रहे हैं और मौसम सामान्य होने पर यात्रा को सुचारु रखने के प्रयास किए जा रहे हैं। अधिकारियों ने श्रद्धालुओं से मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करने और यात्रा पर निकलने से पहले मार्ग की स्थिति की जानकारी लेने की अपील की है।