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छिंदवाड़ा की बड़ी खबर कबाड़ दुकान में लगी भीषण आग मौके पर फायर ब्रिगेड लाखों का माल जल के हुआ खाक

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जन सेवा में संवेदनशीलता सर्वोपरी- मुख्यमंत्री डॉ.यादव

जन समस्याओं के निराकरण में लापरवाही पर मुख्यमंत्री का एक्शन

सीएमएचओ, तहसीलदार एवं पटवारी निलंबित, सीईओ जनपद और श्रम अधिकारी की एक-एक 

वेतनवृध्दि रोकने के आदेश, अन्य तीन को नोटिस

जिला समाधान कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने आमजनों की लंबित शिकायतों की गंभीरतापूर्वक  सुनवाई की
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मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के अंतर्गत छिंदवाड़ा जिले में आयोजित जिला समाधान कार्यक्रम में आमजन की समस्याओं को गंभीरता से सुना और सीएम हेल्पलाइन पोर्टल पर लंबित शिकायतों की आवेदकों की उपस्थिति में एक-एक कर समीक्षा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ समय पर पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही, उदासीनता अथवा अनावश्यक विलंब स्वीकार नहीं किया जाएगा। समीक्षा के दौरान जिन प्रकरणों में अधिकारियों एवं कर्मचारियों की लापरवाही सामने आई, उन पर उन्होंने तत्काल सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। साथ ही पात्र हितग्राहियों को शीघ्र राहत उपलब्ध कराते हुए योजनाओं का लाभ सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया।
  सुनवाई के दौरान आवेदिका मीना बंजारा ने बताया कि उन्होंने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ नहीं मिलने की शिकायत दर्ज कराई। समीक्षा में पाया गया कि परासिया तहसील के संबंधित पटवारी द्वारा गलत प्रतिवेदन प्रस्तुत किए जाने के कारण आवेदिका योजना के लाभ से वंचित रही। मामले को गंभीर मानते हुए मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने परासिया तहसील की तहसीलदार सुश्री सुनैयना ब्रम्हे एवं हल्का पटवारी श्री सिध्दांत साहू को निलंबित करने के निर्देश दिए। साथ ही मुख्यमंत्री आर्थिक सहायता के माध्यम से आवेदिका को एक वर्ष की सहायता राशि प्रदान करने के भी निर्देश दिए।
 आवेदिका श्रीमती सीमा तुमराम ने बताया कि उन्होंने प्रसूति सहायता राशि नहीं मिलने की शिकायत की थीं। जांच में सामने आया कि पोर्टल पर दर्ज त्रुटिपूर्ण जानकारी के कारण उन्हें योजना का लाभ नहीं मिल सका। इसे विभागीय लापरवाही मानते हुए मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी छिन्दवाड़ा डॉ.नरेश गोन्नाड़े को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के निर्देश दिए।
 आवेदिका मानवती वर्मा ने बताया कि वर्ष 2022 में पति श्री संतोष वर्मा की मृत्यु के बाद उन्हें पात्रता अनुसार मुख्यमंत्री संबल योजना अंतर्गत अंत्येष्टि एवं अनुग्रह सहायता राशि नहीं मिली जिसकी उन्होंने सीएम हेल्पलाईन में शिकायत दर्ज कराई थीं। प्रकरण में लापरवाही पाए जाने पर मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने संबंधित जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी चौरई श्री तरूण राहंगडाले तथा तत्कालीन श्रम अधिकारी श्री धम्मदीप भगत की एक-एक वेतन वृद्धि रोकने के निर्देश दिए।
 आवेदक गोविंद नायक ने बताया कि उन्होंने सीएम हेल्पलाइन में भू-अभिलेख दुरुस्तीकरण से संबंधित शिकायत प्रस्तुत की। समीक्षा में पाया गया कि एसडीएम द्वारा आदेश जारी किए जाने के बावजूद अभिलेखों में सुधार नहीं किया गया। इस पर मुख्यमंत्री ने एसडीएम चौरई को कारण बताओ नोटिस तथा तहसीलदार चौरई एवं संबंधित हल्का पटवारी की एक-एक वार्षिक वेतन वृध्दि रोकने के निर्देश दिए। 
 आवेदक श्री मनोहर सिंह ने बताया कि उन्होंने अत्याचार निवारण अधिनियम के अंतर्गत प्राप्त होने वाली आर्थिक सहायता नहीं मिलने की शिकायत की थी। समीक्षा के दौरान बताया गया कि बैंक खाते की लेनदेन सीमा कम होने के कारण सहायता राशि का भुगतान नहीं हो पा रहा था। चूंकि आवेदक का बैंक खाता सीहोर जिले में संचालित था, इसलिए आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई कर भुगतान सुनिश्चित किया जा चुका है।
 आवेदिका श्रीमती भावना डेहरिया ने प्रधानमंत्री मत्स्य सम्पदा योजना के अंतर्गत सब्सिडी नहीं मिलने की शिकायत की। इस पर मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को नियमानुसार त्वरित कार्रवाई कर पात्र हितग्राही को योजना का लाभ उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
 बैठक के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने विभागवार समीक्षा करते हुए विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति तथा सीएम हेल्पलाइन शिकायतों के निराकरण की स्थिति का विस्तृत अवलोकन किया। उन्होंने राजस्व, नल-जल, ऊर्जा, पुलिस सहित सभी विभागों के अधिकारियों को निर्देशित किया कि आम नागरिकों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए शिकायत करने की नौबत नहीं आनी चाहिए। प्रत्येक प्रकरण का निर्धारित समय-सीमा में पारदर्शी, संवेदनशील एवं जवाबदेह तरीके से निराकरण सुनिश्चित किया जाए
 मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से ड्रॉपआउट बच्चों को पुनः विद्यालयों में प्रवेश दिलाने, सभी शिक्षकों की शत-प्रतिशत ई-अटेंडेंस सुनिश्चित करने तथा साइबर अपराधों की रोकथाम एवं प्रभावितों को त्वरित राहत उपलब्ध कराने के लिए प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जन शिकायतों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निराकरण ही सुशासन की सबसे बड़ी पहचान है तथा प्रत्येक अधिकारी को जनसेवा के प्रति संवेदनशील और जवाबदेह कार्यशैली अपनानी होगी। 
 कार्यक्रम में लोक निर्माण विभाग मंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री श्री राकेश सिंह, सांसद श्री विवेक बंटी साहू, विधायक श्री कमलेश प्रताप शाह, महापौर श्री विक्रम आहके,श्री शेषराव यादव, मुख्य सचिव श्री अशोक वर्णवाल, सचिव श्री सुदाम खाड़े, संभागायुक्त श्री धनंजय सिंह, कलेक्टर श्री हरेंद्र नारायन, पुलिस अधीक्षक श्री अजय पांडेय सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।

जन सेवा में संवेदनशीलता सर्वोपरी- मुख्यमंत्री डॉ.यादव जन समस्याओं के निराकरण में लापरवाही पर मुख्यमंत्री का एक्शन सीएमएचओ, तहसीलदार एवं पटवारी निलंबित, सीईओ जनपद और श्रम अधिकारी की एक-एक वेतनवृध्दि रोकने के आदेश, अन्य तीन को नोटिस जिला समाधान कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने आमजनों की लंबित शिकायतों की गंभीरतापूर्वक सुनवाई की ========================================================== मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के अंतर्गत छिंदवाड़ा जिले में आयोजित जिला समाधान कार्यक्रम में आमजन की समस्याओं को गंभीरता से सुना और सीएम हेल्पलाइन पोर्टल पर लंबित शिकायतों की आवेदकों की उपस्थिति में एक-एक कर समीक्षा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ समय पर पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही, उदासीनता अथवा अनावश्यक विलंब स्वीकार नहीं किया जाएगा। समीक्षा के दौरान जिन प्रकरणों में अधिकारियों एवं कर्मचारियों की लापरवाही सामने आई, उन पर उन्होंने तत्काल सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। साथ ही पात्र हितग्राहियों को शीघ्र राहत उपलब्ध कराते हुए योजनाओं का लाभ सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया। सुनवाई के दौरान आवेदिका मीना बंजारा ने बताया कि उन्होंने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ नहीं मिलने की शिकायत दर्ज कराई। समीक्षा में पाया गया कि परासिया तहसील के संबंधित पटवारी द्वारा गलत प्रतिवेदन प्रस्तुत किए जाने के कारण आवेदिका योजना के लाभ से वंचित रही। मामले को गंभीर मानते हुए मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने परासिया तहसील की तहसीलदार सुश्री सुनैयना ब्रम्हे एवं हल्का पटवारी श्री सिध्दांत साहू को निलंबित करने के निर्देश दिए। साथ ही मुख्यमंत्री आर्थिक सहायता के माध्यम से आवेदिका को एक वर्ष की सहायता राशि प्रदान करने के भी निर्देश दिए। आवेदिका श्रीमती सीमा तुमराम ने बताया कि उन्होंने प्रसूति सहायता राशि नहीं मिलने की शिकायत की थीं। जांच में सामने आया कि पोर्टल पर दर्ज त्रुटिपूर्ण जानकारी के कारण उन्हें योजना का लाभ नहीं मिल सका। इसे विभागीय लापरवाही मानते हुए मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी छिन्दवाड़ा डॉ.नरेश गोन्नाड़े को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के निर्देश दिए। आवेदिका मानवती वर्मा ने बताया कि वर्ष 2022 में पति श्री संतोष वर्मा की मृत्यु के बाद उन्हें पात्रता अनुसार मुख्यमंत्री संबल योजना अंतर्गत अंत्येष्टि एवं अनुग्रह सहायता राशि नहीं मिली जिसकी उन्होंने सीएम हेल्पलाईन में शिकायत दर्ज कराई थीं। प्रकरण में लापरवाही पाए जाने पर मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने संबंधित जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी चौरई श्री तरूण राहंगडाले तथा तत्कालीन श्रम अधिकारी श्री धम्मदीप भगत की एक-एक वेतन वृद्धि रोकने के निर्देश दिए। आवेदक गोविंद नायक ने बताया कि उन्होंने सीएम हेल्पलाइन में भू-अभिलेख दुरुस्तीकरण से संबंधित शिकायत प्रस्तुत की। समीक्षा में पाया गया कि एसडीएम द्वारा आदेश जारी किए जाने के बावजूद अभिलेखों में सुधार नहीं किया गया। इस पर मुख्यमंत्री ने एसडीएम चौरई को कारण बताओ नोटिस तथा तहसीलदार चौरई एवं संबंधित हल्का पटवारी की एक-एक वार्षिक वेतन वृध्दि रोकने के निर्देश दिए। आवेदक श्री मनोहर सिंह ने बताया कि उन्होंने अत्याचार निवारण अधिनियम के अंतर्गत प्राप्त होने वाली आर्थिक सहायता नहीं मिलने की शिकायत की थी। समीक्षा के दौरान बताया गया कि बैंक खाते की लेनदेन सीमा कम होने के कारण सहायता राशि का भुगतान नहीं हो पा रहा था। चूंकि आवेदक का बैंक खाता सीहोर जिले में संचालित था, इसलिए आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई कर भुगतान सुनिश्चित किया जा चुका है। आवेदिका श्रीमती भावना डेहरिया ने प्रधानमंत्री मत्स्य सम्पदा योजना के अंतर्गत सब्सिडी नहीं मिलने की शिकायत की। इस पर मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को नियमानुसार त्वरित कार्रवाई कर पात्र हितग्राही को योजना का लाभ उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। बैठक के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने विभागवार समीक्षा करते हुए विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति तथा सीएम हेल्पलाइन शिकायतों के निराकरण की स्थिति का विस्तृत अवलोकन किया। उन्होंने राजस्व, नल-जल, ऊर्जा, पुलिस सहित सभी विभागों के अधिकारियों को निर्देशित किया कि आम नागरिकों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए शिकायत करने की नौबत नहीं आनी चाहिए। प्रत्येक प्रकरण का निर्धारित समय-सीमा में पारदर्शी, संवेदनशील एवं जवाबदेह तरीके से निराकरण सुनिश्चित किया जाए मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से ड्रॉपआउट बच्चों को पुनः विद्यालयों में प्रवेश दिलाने, सभी शिक्षकों की शत-प्रतिशत ई-अटेंडेंस सुनिश्चित करने तथा साइबर अपराधों की रोकथाम एवं प्रभावितों को त्वरित राहत उपलब्ध कराने के लिए प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जन शिकायतों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निराकरण ही सुशासन की सबसे बड़ी पहचान है तथा प्रत्येक अधिकारी को जनसेवा के प्रति संवेदनशील और जवाबदेह कार्यशैली अपनानी होगी। कार्यक्रम में लोक निर्माण विभाग मंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री श्री राकेश सिंह, सांसद श्री विवेक बंटी साहू, विधायक श्री कमलेश प्रताप शाह, महापौर श्री विक्रम आहके,श्री शेषराव यादव, मुख्य सचिव श्री अशोक वर्णवाल, सचिव श्री सुदाम खाड़े, संभागायुक्त श्री धनंजय सिंह, कलेक्टर श्री हरेंद्र नारायन, पुलिस अधीक्षक श्री अजय पांडेय सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।

Chhindwara, Madhya Pradesh | Aug 7, 2026

प्रेस संवाद कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने मीडिया से किया सीधा संवाद, विभिन्न मुद्दों पर रखी अपनी बात

विभागीय दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी- मुख्यमंत्री डॉ.यादव

छिंदवाड़ा में उद्यमिता और उद्योग के क्षेत्र में  बड़ी संभावनाएं है-मुख्यमंत्री डॉ.यादव

उद्योगों के विकास के लिए आवश्यक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है-मुख्यमंत्री डॉ.यादव

प्रदेश सरकार कार्य संस्कृति में परिवर्तन लाने की दिशा में काम कर रही है – मुख्यमंत्री डॉ.यादव
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मुख्यमंत्री डॉ.मोहन यादव ने कहा कि प्रदेश सरकार सांस्कृतिक बदलाव के साथ कार्य संस्कृति में भी परिवर्तन लाने की दिशा में काम कर रही है। शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम पंक्ति के व्यक्ति तक पहुंचे और जनता को समय पर योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ मिले, इसके लिए अधिकारियों-कर्मचारियों को पूरी संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ कार्य करना होगा। उन्होंने कहा कि जनता के विश्वास को बनाए रखना सरकार की प्राथमिकता है। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने छिंदवाड़ा प्रवास के दौरान प्रेस संवाद कार्यक्रम में मीडिया से सकारात्मक संवाद करते हुये यह बात कही। इस दौरान जिले के प्रभारी मंत्री एवं लोक निर्माण मंत्री श्री राकेश सिंह, सांसद श्री विवेक बंटी साहू, महापौर श्री विक्रम अहके, विधायक अमरवाड़ा श्री कमलेश प्रताप शाह, श्री शेषराव यादव और विभिन्न इलेक्ट्रॉनिक व प्रिंट मीडिया के पत्रकार उपस्थित थे।

      मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि छिंदवाड़ा महाराष्ट्र की सीमा से लगा हुआ आदिवासी बहुल क्षेत्र है और यहां विकास की अपार संभावनाएं हैं। सरकार इन संभावनाओं को अवसरों में बदलने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में कार्य संस्कृति को मजबूत करने के लिए अधिकारियों-कर्मचारियों को पदोन्नति देने के साथ ही विभिन्न विभागों में नई भर्तियां भी प्रारंभ की गई हैं। पुलिस सहित अन्य विभागों में भर्ती की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है। छिन्दवाड़ा जिले में 28 विभागों के एक हजार 281 अधिकारियों और कर्मचारियों को प्रमोशन दिया गया है। उन्होंने कहा कि शासन की जिम्मेदारी है कि जनता के काम व्यवस्थित और समयबद्ध तरीके से हों। उन्होंने कहा कि छिंदवाड़ा में भी बड़ी संख्या में अधिकारियों-कर्मचारियों को पदोन्नति दी गई है। इससे कर्मचारियों में उत्साह बढ़ेगा और वे बेहतर ढंग से अपने दायित्वों का निर्वहन करेंगे। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने बताया कि छिंदवाड़ा में लापरवाही के मामलों में कार्रवाई करते हुए सीएमओ, एक तहसीलदार और पटवारी को निलंबित किया गया है। कुछ कर्मचारियों के वेतनवृद्धि रोकने का निर्णय भी लिया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार अच्छे कार्य के लिए पदोन्नति और प्रोत्साहन देने के लिए तैयार है, लेकिन दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।

       मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि छिंदवाड़ा में उद्यमिता और उद्योग के क्षेत्र में भी बड़ी संभावनाएं हैं। उन्होंने स्थानीय उद्यमियों एवं पुराने उद्योगपतियों से चर्चा कर उनकी समस्याओं को समझने का प्रयास किया। नए इंडस्ट्रियल बेल्ट एवं औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि उद्योगों के विकास के लिए आवश्यक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि क्षेत्र के किसानों से चर्चा के दौरान प्राकृतिक खेती, पशुपालन और मत्स्य पालन जैसे क्षेत्रों में आगे बढ़ने की संभावनाओं पर भी चर्चा हुई। आदिवासी अंचलों में होम-स्टे के माध्यम से रोजगार के अवसर विकसित हो रहे हैं। पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा देकर स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर तैयार किए जा सकते हैं। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि छिंदवाड़ा में संचालित आईटीआई संस्थानों के विद्यार्थियों को उनके प्रशिक्षण के अनुरूप रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में काम किया जा रहा है। प्रशिक्षित युवाओं को अपने कौशल के आधार पर बेहतर भविष्य बनाने के अवसर मिलें, इसके लिए उद्योगों से समन्वय बढ़ाया जाएगा।

     मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि जनहित से जुड़ी शिकायतों के निराकरण को सरकार ने गंभीरता से लिया है। सरकार द्वारा जन शिकायत निवारण, जनप्रतिनिधियों के साथ चर्चा और जनता की शिकायतों  के ‍निराकरण करने का, ऐसे तीन-चार आयामों पर हमने काम शुरू किया है तथा सीएम हेल्पलाइन सहित विभिन्न माध्यमों से प्राप्त शिकायतों के परफार्मेंस को देखा है। हमारा प्रयास है कि एक-एक जिले में अभी तक की सारी लंबित शिकायतों का अधिकतम समाधान प्राथमिकता से सुनिश्चित करेंगे। उन्होंने कहा कि अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गये है कि जनता की समस्याओं के समाधान में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अच्छा काम करने वाले अधिकारियों-कर्मचारियों को प्रोत्साहित किया जाएगा, वहीं लापरवाही करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।

     जनविश्वास अभियान से जुड़े सवाल पर मुख्यमंत्री  डॉ.यादव ने कहा कि प्रदेश में परिसीमन आयोग का गठन किया गया है। आयोग द्वारा संभाग, जिले, तहसील और गांवों के स्तर पर विभिन्न पहलुओं का अध्ययन किया जा रहा है। पूर्व मुख्य सचिव एसएम मिश्रा को आयोग की जिम्मेदारी दी गई है। आयोग की रिपोर्ट आने के बाद आगे की प्रक्रिया स्पष्ट होगी। उन्होंने कहा कि शासन की नीतियों और योजनाओं को जमीन पर प्रभावी ढंग से लागू करने की जिम्मेदारी अधिकारियों-कर्मचारियों की है। सरकार नीति बनाती है, लेकिन उसका वास्तविक लाभ जनता तक पहुंचाने के लिए मैदानी स्तर पर गंभीरता से काम करना जरूरी है।

     नगरीय क्षेत्रों से जुड़े सवाल पर मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि केवल छिंदवाड़ा ही नहीं, बल्कि प्रदेश के सभी नगरीय क्षेत्रों में नागरिकों को आवश्यक सुविधाएं, सेवाएं और शासन की योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराने के लिए एक समान व्यवस्था विकसित करने पर काम किया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने प्रदेशवासियों को सावन मास, आगामी जन्माष्टमी, रक्षाबंधन एवं स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि आने वाला समय प्रदेश के लिए नई ऊर्जा, उत्साह और उमंग लेकर आएगा।

प्रेस संवाद कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने मीडिया से किया सीधा संवाद, विभिन्न मुद्दों पर रखी अपनी बात विभागीय दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी- मुख्यमंत्री डॉ.यादव छिंदवाड़ा में उद्यमिता और उद्योग के क्षेत्र में बड़ी संभावनाएं है-मुख्यमंत्री डॉ.यादव उद्योगों के विकास के लिए आवश्यक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है-मुख्यमंत्री डॉ.यादव प्रदेश सरकार कार्य संस्कृति में परिवर्तन लाने की दिशा में काम कर रही है – मुख्यमंत्री डॉ.यादव ========================================================= मुख्यमंत्री डॉ.मोहन यादव ने कहा कि प्रदेश सरकार सांस्कृतिक बदलाव के साथ कार्य संस्कृति में भी परिवर्तन लाने की दिशा में काम कर रही है। शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम पंक्ति के व्यक्ति तक पहुंचे और जनता को समय पर योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ मिले, इसके लिए अधिकारियों-कर्मचारियों को पूरी संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ कार्य करना होगा। उन्होंने कहा कि जनता के विश्वास को बनाए रखना सरकार की प्राथमिकता है। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने छिंदवाड़ा प्रवास के दौरान प्रेस संवाद कार्यक्रम में मीडिया से सकारात्मक संवाद करते हुये यह बात कही। इस दौरान जिले के प्रभारी मंत्री एवं लोक निर्माण मंत्री श्री राकेश सिंह, सांसद श्री विवेक बंटी साहू, महापौर श्री विक्रम अहके, विधायक अमरवाड़ा श्री कमलेश प्रताप शाह, श्री शेषराव यादव और विभिन्न इलेक्ट्रॉनिक व प्रिंट मीडिया के पत्रकार उपस्थित थे। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि छिंदवाड़ा महाराष्ट्र की सीमा से लगा हुआ आदिवासी बहुल क्षेत्र है और यहां विकास की अपार संभावनाएं हैं। सरकार इन संभावनाओं को अवसरों में बदलने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में कार्य संस्कृति को मजबूत करने के लिए अधिकारियों-कर्मचारियों को पदोन्नति देने के साथ ही विभिन्न विभागों में नई भर्तियां भी प्रारंभ की गई हैं। पुलिस सहित अन्य विभागों में भर्ती की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है। छिन्दवाड़ा जिले में 28 विभागों के एक हजार 281 अधिकारियों और कर्मचारियों को प्रमोशन दिया गया है। उन्होंने कहा कि शासन की जिम्मेदारी है कि जनता के काम व्यवस्थित और समयबद्ध तरीके से हों। उन्होंने कहा कि छिंदवाड़ा में भी बड़ी संख्या में अधिकारियों-कर्मचारियों को पदोन्नति दी गई है। इससे कर्मचारियों में उत्साह बढ़ेगा और वे बेहतर ढंग से अपने दायित्वों का निर्वहन करेंगे। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने बताया कि छिंदवाड़ा में लापरवाही के मामलों में कार्रवाई करते हुए सीएमओ, एक तहसीलदार और पटवारी को निलंबित किया गया है। कुछ कर्मचारियों के वेतनवृद्धि रोकने का निर्णय भी लिया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार अच्छे कार्य के लिए पदोन्नति और प्रोत्साहन देने के लिए तैयार है, लेकिन दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि छिंदवाड़ा में उद्यमिता और उद्योग के क्षेत्र में भी बड़ी संभावनाएं हैं। उन्होंने स्थानीय उद्यमियों एवं पुराने उद्योगपतियों से चर्चा कर उनकी समस्याओं को समझने का प्रयास किया। नए इंडस्ट्रियल बेल्ट एवं औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि उद्योगों के विकास के लिए आवश्यक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि क्षेत्र के किसानों से चर्चा के दौरान प्राकृतिक खेती, पशुपालन और मत्स्य पालन जैसे क्षेत्रों में आगे बढ़ने की संभावनाओं पर भी चर्चा हुई। आदिवासी अंचलों में होम-स्टे के माध्यम से रोजगार के अवसर विकसित हो रहे हैं। पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा देकर स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर तैयार किए जा सकते हैं। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि छिंदवाड़ा में संचालित आईटीआई संस्थानों के विद्यार्थियों को उनके प्रशिक्षण के अनुरूप रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में काम किया जा रहा है। प्रशिक्षित युवाओं को अपने कौशल के आधार पर बेहतर भविष्य बनाने के अवसर मिलें, इसके लिए उद्योगों से समन्वय बढ़ाया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि जनहित से जुड़ी शिकायतों के निराकरण को सरकार ने गंभीरता से लिया है। सरकार द्वारा जन शिकायत निवारण, जनप्रतिनिधियों के साथ चर्चा और जनता की शिकायतों के ‍निराकरण करने का, ऐसे तीन-चार आयामों पर हमने काम शुरू किया है तथा सीएम हेल्पलाइन सहित विभिन्न माध्यमों से प्राप्त शिकायतों के परफार्मेंस को देखा है। हमारा प्रयास है कि एक-एक जिले में अभी तक की सारी लंबित शिकायतों का अधिकतम समाधान प्राथमिकता से सुनिश्चित करेंगे। उन्होंने कहा कि अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गये है कि जनता की समस्याओं के समाधान में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अच्छा काम करने वाले अधिकारियों-कर्मचारियों को प्रोत्साहित किया जाएगा, वहीं लापरवाही करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी। जनविश्वास अभियान से जुड़े सवाल पर मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि प्रदेश में परिसीमन आयोग का गठन किया गया है। आयोग द्वारा संभाग, जिले, तहसील और गांवों के स्तर पर विभिन्न पहलुओं का अध्ययन किया जा रहा है। पूर्व मुख्य सचिव एसएम मिश्रा को आयोग की जिम्मेदारी दी गई है। आयोग की रिपोर्ट आने के बाद आगे की प्रक्रिया स्पष्ट होगी। उन्होंने कहा कि शासन की नीतियों और योजनाओं को जमीन पर प्रभावी ढंग से लागू करने की जिम्मेदारी अधिकारियों-कर्मचारियों की है। सरकार नीति बनाती है, लेकिन उसका वास्तविक लाभ जनता तक पहुंचाने के लिए मैदानी स्तर पर गंभीरता से काम करना जरूरी है। नगरीय क्षेत्रों से जुड़े सवाल पर मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि केवल छिंदवाड़ा ही नहीं, बल्कि प्रदेश के सभी नगरीय क्षेत्रों में नागरिकों को आवश्यक सुविधाएं, सेवाएं और शासन की योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराने के लिए एक समान व्यवस्था विकसित करने पर काम किया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने प्रदेशवासियों को सावन मास, आगामी जन्माष्टमी, रक्षाबंधन एवं स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि आने वाला समय प्रदेश के लिए नई ऊर्जा, उत्साह और उमंग लेकर आएगा।

Chhindwara, Madhya Pradesh | Aug 7, 2026

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से बेबाकी से बोले प्रशिक्षु

हुनर देखकर गदगद हुए मुख्यमंत्री

शासकीय आदिवासी महिला औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था में संवाद, नवाचार और आत्मविश्वास का अनूठा संगम
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मुख्यमंत्री डॉ.मोहन यादव ने मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान 2026 के तहत शुक्रवार को शासकीय आदिवासी महिला औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था छिंदवाड़ा का भ्रमण किया। जहां उन्होंने संस्थान के प्रशिक्षुओं से आत्मीय संवाद किया, उनके हुनर को नजदीक से देखा और उनके आत्मविश्वास की खुले दिल से सराहना की। इस दौरान प्रदेश के लोक निर्माण मंत्री एवं छिंदवाड़ा जिले के प्रभारी मंत्री श्री राकेश सिंह, सांसद श्री विवेक बंटी साहू, अमरवाड़ा विधायक श्री कमलेश प्रताप सिंह, महापौर श्री विक्रम अहके, श्री शेषराव यादव  सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं मुख्य सचिव श्री अशोक वर्णवाल सहित प्रशासनिक अधिकारी, नोडल आईटीआई प्राचार्य श्री शुभम निमजे और शासकीय आदिवासी महिला औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था के प्राचार्य श्री दिनेश कुमार उपस्थित थे।
      मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने संस्थान की विभिन्न प्रयोगशालाओं का निरीक्षण करते हुए प्रशिक्षुओं से उनके प्रशिक्षण, भविष्य की योजनाओं और शासन की योजनाओं से मिलने वाले लाभ पर विस्तार से चर्चा की। मैकेनिकल लैब में उन्होंने सीआरडीआई फोर-स्ट्रोक डीजल इंजन के बारे में जानकारी ली और लेथ मशीन पर दक्षता से कार्य कर रही प्रशिक्षुओं की विशेष रूप से प्रशंसा की।
      फिटर ट्रेड की प्रशिक्षु सुषमा उइके ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव को बताया कि उनके माता-पिता कृषि कार्य से जुड़े हैं और वह प्रशिक्षण लेकर तकनीकी क्षेत्र में अपना भविष्य बना रही हैं। प्रशिक्षुओं के आत्मविश्वास से प्रभावित मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि “इसी आत्मविश्वास को बनाए रखिए। तकनीकी कौशल के साथ खेती से भी जुड़े रहिए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि मेरे पिता ने भी हमेशा मुझे खेती से जुड़े रहने की सीख दी थी।”
      इसी दौरान प्रशिक्षु राधा उइके ने बताया कि वह प्रशिक्षण के दौरान सीखी गई तकनीकों का उपयोग खेती-किसानी में भी करेंगी और भविष्य में अपना स्वयं का टेक्निशियन मशीन वर्कशॉप एवं हार्डवेयर वर्कशॉप स्थापित करना चाहती हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उनके संकल्प की सराहना करते हुए उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं।
      मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रशिक्षुओं से शासन की विभिन्न योजनाओं की जानकारी भी ली। प्रशिक्षु मीना करवेती ने आत्मविश्वास के साथ मुख्यमंत्री सीखो-कमाओ योजना एवं प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना की जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि उन्हें बाइंडिंग, पंखा मरम्मत, वायरिंग तथा मशीन पार्ट्स को जोड़ने जैसे तकनीकी कार्यों में दक्षता प्राप्त है और वह सभी कार्य पूरी सावधानी एवं सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए करती हैं।
      प्रशिक्षुओं का उत्साह देखकर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आपकी जिम्मेदारी केवल अपना जीवन बेहतर बनाने तक सीमित नहीं है, बल्कि अपने कौशल से दूसरों के जीवन को भी बेहतर बनाने की है।
      संस्थान में नवाचार की मिसाल भी देखने को मिली। फिटर ट्रेड के प्रशिक्षुओं ने वेस्ट टू आर्ट की अवधारणा पर तैयार किया गया आकर्षक गिटार का अवलोकन किया उन्हें कबाड़ से निर्मित तोप भेंट की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इन रचनात्मक प्रयासों की मुक्त कंठ से प्रशंसा करते हुए कहा कि नवाचार और कौशल का ऐसा समन्वय युवाओं की प्रतिभा का उत्कृष्ट उदाहरण है।
      इस अवसर पर संस्थान की प्रवेश विवरणिका भी मुख्यमंत्री डॉ. यादव को भेंट की गई। प्रशिक्षुओं के विशेष आग्रह पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उनके साथ आत्मीय वातावरण में सामूहिक फोटो भी खिंचवाया, जिससे छात्राओं का उत्साह और बढ़ गया।
      मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने संस्थान परिसर में मलबरी (शहतूत) का पौधा रोपित कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया।

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से बेबाकी से बोले प्रशिक्षु हुनर देखकर गदगद हुए मुख्यमंत्री शासकीय आदिवासी महिला औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था में संवाद, नवाचार और आत्मविश्वास का अनूठा संगम ============================================================= मुख्यमंत्री डॉ.मोहन यादव ने मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान 2026 के तहत शुक्रवार को शासकीय आदिवासी महिला औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था छिंदवाड़ा का भ्रमण किया। जहां उन्होंने संस्थान के प्रशिक्षुओं से आत्मीय संवाद किया, उनके हुनर को नजदीक से देखा और उनके आत्मविश्वास की खुले दिल से सराहना की। इस दौरान प्रदेश के लोक निर्माण मंत्री एवं छिंदवाड़ा जिले के प्रभारी मंत्री श्री राकेश सिंह, सांसद श्री विवेक बंटी साहू, अमरवाड़ा विधायक श्री कमलेश प्रताप सिंह, महापौर श्री विक्रम अहके, श्री शेषराव यादव सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं मुख्य सचिव श्री अशोक वर्णवाल सहित प्रशासनिक अधिकारी, नोडल आईटीआई प्राचार्य श्री शुभम निमजे और शासकीय आदिवासी महिला औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था के प्राचार्य श्री दिनेश कुमार उपस्थित थे। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने संस्थान की विभिन्न प्रयोगशालाओं का निरीक्षण करते हुए प्रशिक्षुओं से उनके प्रशिक्षण, भविष्य की योजनाओं और शासन की योजनाओं से मिलने वाले लाभ पर विस्तार से चर्चा की। मैकेनिकल लैब में उन्होंने सीआरडीआई फोर-स्ट्रोक डीजल इंजन के बारे में जानकारी ली और लेथ मशीन पर दक्षता से कार्य कर रही प्रशिक्षुओं की विशेष रूप से प्रशंसा की। फिटर ट्रेड की प्रशिक्षु सुषमा उइके ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव को बताया कि उनके माता-पिता कृषि कार्य से जुड़े हैं और वह प्रशिक्षण लेकर तकनीकी क्षेत्र में अपना भविष्य बना रही हैं। प्रशिक्षुओं के आत्मविश्वास से प्रभावित मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि “इसी आत्मविश्वास को बनाए रखिए। तकनीकी कौशल के साथ खेती से भी जुड़े रहिए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि मेरे पिता ने भी हमेशा मुझे खेती से जुड़े रहने की सीख दी थी।” इसी दौरान प्रशिक्षु राधा उइके ने बताया कि वह प्रशिक्षण के दौरान सीखी गई तकनीकों का उपयोग खेती-किसानी में भी करेंगी और भविष्य में अपना स्वयं का टेक्निशियन मशीन वर्कशॉप एवं हार्डवेयर वर्कशॉप स्थापित करना चाहती हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उनके संकल्प की सराहना करते हुए उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रशिक्षुओं से शासन की विभिन्न योजनाओं की जानकारी भी ली। प्रशिक्षु मीना करवेती ने आत्मविश्वास के साथ मुख्यमंत्री सीखो-कमाओ योजना एवं प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना की जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि उन्हें बाइंडिंग, पंखा मरम्मत, वायरिंग तथा मशीन पार्ट्स को जोड़ने जैसे तकनीकी कार्यों में दक्षता प्राप्त है और वह सभी कार्य पूरी सावधानी एवं सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए करती हैं। प्रशिक्षुओं का उत्साह देखकर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आपकी जिम्मेदारी केवल अपना जीवन बेहतर बनाने तक सीमित नहीं है, बल्कि अपने कौशल से दूसरों के जीवन को भी बेहतर बनाने की है। संस्थान में नवाचार की मिसाल भी देखने को मिली। फिटर ट्रेड के प्रशिक्षुओं ने वेस्ट टू आर्ट की अवधारणा पर तैयार किया गया आकर्षक गिटार का अवलोकन किया उन्हें कबाड़ से निर्मित तोप भेंट की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इन रचनात्मक प्रयासों की मुक्त कंठ से प्रशंसा करते हुए कहा कि नवाचार और कौशल का ऐसा समन्वय युवाओं की प्रतिभा का उत्कृष्ट उदाहरण है। इस अवसर पर संस्थान की प्रवेश विवरणिका भी मुख्यमंत्री डॉ. यादव को भेंट की गई। प्रशिक्षुओं के विशेष आग्रह पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उनके साथ आत्मीय वातावरण में सामूहिक फोटो भी खिंचवाया, जिससे छात्राओं का उत्साह और बढ़ गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने संस्थान परिसर में मलबरी (शहतूत) का पौधा रोपित कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया।

Chhindwara, Madhya Pradesh | Aug 7, 2026

मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान 2026 :

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने छिंदवाड़ा लोक सेवा केंद्र का किया निरीक्षण

लोक सेवा केंद्र की कार्यप्रणाली, नागरिक सुविधाओं, आवेदन प्रक्रिया तथा सेवा वितरण व्यवस्था का किया अवलोकन

समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण सेवाएं सुनिश्चित करने के दिए निर्देश

शिकायतों के निराकरण में प्रदेश में उत्कृष्ट स्थान पर छिंदवाड़ा
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मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान 2026 के अंतर्गत छिंदवाड़ा कलेक्टर कार्यालय परिसर के समीप स्थित लोक सेवा केंद्र का निरीक्षण किया और नागरिकों को उपलब्ध कराई जा रही विभिन्न सेवाओं एवं व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने लोक सेवा केंद्र की कार्यप्रणाली, नागरिक सुविधाओं, आवेदन प्रक्रिया तथा लोक सेवा गारंटी अधिनियम के तहत सेवा वितरण व्यवस्था का अवलोकन किया। निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने केंद्र के कर्मचारियों से विभिन्न लोक सेवाओं की प्रगति, लंबित प्रकरणों के निराकरण तथा नागरिकों को मिलने वाली सुविधाओं की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने सेवा केंद्र पहुंचे लोगों से संवाद भी किया और सेवाओं के संबंध में उनके अनुभव जाने। निरीक्षण के दौरान प्रदेश के लोक निर्माण मंत्री एवं छिंदवाड़ा जिले के प्रभारी मंत्री श्री राकेश सिंह, छिंदवाड़ा सांसद श्री विवेक बंटी साहू, अमरवाड़ा विधायक श्री कमलेश प्रताप शाह, श्री शेषराव यादव सहित अन्य जनप्रतिनिधि, मुख्य सचिव श्री अशोक वर्णवाल एवं जिला प्रशासन के अधिकारी उपस्थित थे।

       मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान 2026 का उद्देश्य शासन और जनता के बीच विश्वास को और अधिक मजबूत करना, प्रशासन को जनोन्मुखी बनाना तथा नागरिकों को और बेहतर ढंग से पारदर्शी, प्रभावी और समयबद्ध सेवाएं उपलब्ध कराना है। उन्होंने अधिकारियों से अपेक्षा की कि अभियान के उद्देश्यों को धरातल पर प्रभावी ढंग से लागू करते हुए प्रत्येक नागरिक को बेहतर प्रशासनिक अनुभव प्रदान किया जाए। प्रत्येक आवेदन का समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित किया जाए। शासन का उद्देश्य प्रत्येक नागरिक तक सरल, सुगम और जवाबदेह प्रशासन पहुंचाना है। 

       उल्लखेनीय है कि 07 अगस्त से शुरू हुए मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान का उद्देश्य जनविश्वास, जनकल्याण हेतु क्षेत्र भ्रमण, निरीक्षण एवं जन संवाद के माध्यम से आम जनता की शिकायतों का त्वरित निराकरण, शासकीय योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की मॉनिटरिंग और लोक सेवाओं का समय-सीमा में प्रदाय किया जाना है। अभियान के तहत प्रत्येक शुक्रवार अधिकारियों द्वारा फील्ड भ्रमण कर आमजन से सीधे संवाद स्थापित किया जाएगा तथा उनकी समस्याओं के निराकरण के लिए प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। इसी के तहत मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने अभियान के प्रथम दिवस पर लोक सेवा केंद्र छिंदवाड़ा का निरीक्षण किया।

       मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान के अंतर्गत शिकायतों के निराकरण में छिंदवाड़ा जिला प्रदेश में अग्रणी बनकर उभरा है। अभियान के तहत प्रस्तावित 7 अगस्त के समाधान शिविर हेतु जिले में अब तक कुल 4 हजार 856 शिकायतों का निराकरण किया जा चुका है, इस उपलब्धि के साथ अभियान अंतर्गत छिंदवाड़ा जिला शिकायतों के निराकरण में प्रदेश में प्रथम स्थान पर है। लोक सेवा गारंटी अधिनियम के अंतर्गत भी छिंदवाड़ा जिले ने उल्लेखनीय उपलब्धि प्राप्त की है। वर्तमान स्थिति में जिले में एक भी समय-सीमा बाह्य प्रकरण लंबित नहीं है। जिसके लिए मुख्यमंत्री जी द्वारा सराहना की गई।

मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान 2026 : मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने छिंदवाड़ा लोक सेवा केंद्र का किया निरीक्षण लोक सेवा केंद्र की कार्यप्रणाली, नागरिक सुविधाओं, आवेदन प्रक्रिया तथा सेवा वितरण व्यवस्था का किया अवलोकन समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण सेवाएं सुनिश्चित करने के दिए निर्देश शिकायतों के निराकरण में प्रदेश में उत्कृष्ट स्थान पर छिंदवाड़ा ========================================================== मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान 2026 के अंतर्गत छिंदवाड़ा कलेक्टर कार्यालय परिसर के समीप स्थित लोक सेवा केंद्र का निरीक्षण किया और नागरिकों को उपलब्ध कराई जा रही विभिन्न सेवाओं एवं व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने लोक सेवा केंद्र की कार्यप्रणाली, नागरिक सुविधाओं, आवेदन प्रक्रिया तथा लोक सेवा गारंटी अधिनियम के तहत सेवा वितरण व्यवस्था का अवलोकन किया। निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने केंद्र के कर्मचारियों से विभिन्न लोक सेवाओं की प्रगति, लंबित प्रकरणों के निराकरण तथा नागरिकों को मिलने वाली सुविधाओं की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने सेवा केंद्र पहुंचे लोगों से संवाद भी किया और सेवाओं के संबंध में उनके अनुभव जाने। निरीक्षण के दौरान प्रदेश के लोक निर्माण मंत्री एवं छिंदवाड़ा जिले के प्रभारी मंत्री श्री राकेश सिंह, छिंदवाड़ा सांसद श्री विवेक बंटी साहू, अमरवाड़ा विधायक श्री कमलेश प्रताप शाह, श्री शेषराव यादव सहित अन्य जनप्रतिनिधि, मुख्य सचिव श्री अशोक वर्णवाल एवं जिला प्रशासन के अधिकारी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान 2026 का उद्देश्य शासन और जनता के बीच विश्वास को और अधिक मजबूत करना, प्रशासन को जनोन्मुखी बनाना तथा नागरिकों को और बेहतर ढंग से पारदर्शी, प्रभावी और समयबद्ध सेवाएं उपलब्ध कराना है। उन्होंने अधिकारियों से अपेक्षा की कि अभियान के उद्देश्यों को धरातल पर प्रभावी ढंग से लागू करते हुए प्रत्येक नागरिक को बेहतर प्रशासनिक अनुभव प्रदान किया जाए। प्रत्येक आवेदन का समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित किया जाए। शासन का उद्देश्य प्रत्येक नागरिक तक सरल, सुगम और जवाबदेह प्रशासन पहुंचाना है। उल्लखेनीय है कि 07 अगस्त से शुरू हुए मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान का उद्देश्य जनविश्वास, जनकल्याण हेतु क्षेत्र भ्रमण, निरीक्षण एवं जन संवाद के माध्यम से आम जनता की शिकायतों का त्वरित निराकरण, शासकीय योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की मॉनिटरिंग और लोक सेवाओं का समय-सीमा में प्रदाय किया जाना है। अभियान के तहत प्रत्येक शुक्रवार अधिकारियों द्वारा फील्ड भ्रमण कर आमजन से सीधे संवाद स्थापित किया जाएगा तथा उनकी समस्याओं के निराकरण के लिए प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। इसी के तहत मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने अभियान के प्रथम दिवस पर लोक सेवा केंद्र छिंदवाड़ा का निरीक्षण किया। मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान के अंतर्गत शिकायतों के निराकरण में छिंदवाड़ा जिला प्रदेश में अग्रणी बनकर उभरा है। अभियान के तहत प्रस्तावित 7 अगस्त के समाधान शिविर हेतु जिले में अब तक कुल 4 हजार 856 शिकायतों का निराकरण किया जा चुका है, इस उपलब्धि के साथ अभियान अंतर्गत छिंदवाड़ा जिला शिकायतों के निराकरण में प्रदेश में प्रथम स्थान पर है। लोक सेवा गारंटी अधिनियम के अंतर्गत भी छिंदवाड़ा जिले ने उल्लेखनीय उपलब्धि प्राप्त की है। वर्तमान स्थिति में जिले में एक भी समय-सीमा बाह्य प्रकरण लंबित नहीं है। जिसके लिए मुख्यमंत्री जी द्वारा सराहना की गई।

Chhindwara, Madhya Pradesh | Aug 7, 2026

छिंदवाड़ा की प्रतिभाएं पूरे प्रदेश के लिए प्रेरणा- मुख्यमंत्री डॉ. यादव

‘यशस्वी संवाद’ में नवाचार, खेल, खेती और शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वालों से किया संवाद

किसानों, खिलाड़ियों, छात्राओं और महिला उद्यमियों की सफलता की कहानियां सुनीं
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मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित ‘यशस्वी संवाद’ कार्यक्रम में जिले की प्रेरक प्रतिभाओं से आत्मीय संवाद किया। कृषि, नवाचार, खेल, महिला सशक्तिकरण, ग्रामीण पर्यटन, उद्योग और शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल करने वाले प्रतिभागियों ने अपनी सफलता की कहानियां मुख्यमंत्री के साथ साझा कीं। मुख्यमंत्री ने उनकी उपलब्धियों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसी प्रतिभाएं मध्यप्रदेश के विकास की वास्तविक शक्ति हैं और समाज के लिए प्रेरणा स्रोत भी हैं।

       संवाद के दौरान वाशम शेट्टी ने ब्लूबेरी की खेती के अपने सफल प्रयोग की जानकारी देते हुए बताया कि उन्होंने लगभग 100 एकड़ क्षेत्र में ब्लूबेरी का उत्पादन शुरू किया है। उन्होंने कहा कि छिंदवाड़ा की जलवायु इस फसल के लिए अत्यंत अनुकूल है। इस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि मां नर्मदा की कृपा से मध्यप्रदेश की भूमि अत्यंत उपजाऊ है। ब्लूबेरी जैसी उच्च मूल्य वाली फसलों का विस्तार प्रदेश के अन्य क्षेत्रों में भी किया जाना चाहिए, जिससे किसानों की आय में उल्लेखनीय वृद्धि हो सके।

       राजेन्द्र रमेश धारे ने प्राकृतिक खेती के अपने मॉडल की जानकारी देते हुए बताया कि वे विभिन्न किस्मों की हल्दी सहित अनेक फसलों की प्राकृतिक खेती कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्राकृतिक खेती पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ किसानों की लागत कम कर उनकी आय बढ़ाने का प्रभावी माध्यम बन रही है।श्री धारे ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव को मोटे अन्न और हल्दी की विभिन्न किस्मों का पाउडर भी भेंट किया।

       ‘नमो ड्रोन दीदी’ लक्ष्मी धागरे ने बताया कि उन्होंने पिछले वर्ष लगभग 300 एकड़ क्षेत्र में ड्रोन के माध्यम से फसलों का छिड़काव किया, जिससे उन्हें करीब डेढ़ लाख रुपये की अतिरिक्त आय प्राप्त हुई। उन्होंने बताया कि शासन से ड्रोन पर सब्सिडी मिली और आजीविका मिशन ने उनके जीवन को नई दिशा दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि आधुनिक तकनीक अपनाकर महिलाएं आत्मनिर्भर बन रही हैं और यह अन्य महिलाओं के लिए प्रेरणादायी उदाहरण है।

       रूपाली धुर्वे ने चिरौंजी प्रसंस्करण के क्षेत्र में किए जा रहे नवाचारों की जानकारी देते हुए बताया कि उनके उत्पादों के यूरोप निर्यात के लिए एमओयू किया गया है। उन्होंने बताया कि इस पहल से ग्रामीण महिलाओं की आजीविका को नई दिशा मिली है। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्थानीय उत्पादों को वैश्विक पहचान दिलाने वाले ऐसे प्रयास प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई मजबूती प्रदान करेंगे।

       खेलो इंडिया ट्राइबल यूथ गेम्स-2026 में मध्यप्रदेश को स्वर्ण पदक दिलाने वाले शिवा भलावी ने भी मुख्यमंत्री से संवाद किया। उन्होंने बताया कि रायपुर (छत्तीसगढ़) में आयोजित प्रतियोगिता के 130 किलोग्राम भार वर्ग (ग्रीको-रोमन शैली) में स्वर्ण पदक जीतकर उन्होंने मध्यप्रदेश का गौरव बढ़ाया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उनकी उपलब्धि की सराहना करते हुए कहा कि प्रदेश के युवा खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर मध्यप्रदेश का नाम राष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित कर रहे हैं।

       सनोत नागवंशी ने ग्रामीण पर्यटन एवं होम-स्टे मॉडल की जानकारी देते हुए बताया कि उन्हें शासन की ओर से सब्सिडी प्राप्त हुई है। वर्तमान में वे दो कमरों का होम-स्टे संचालित कर रहे हैं, जिसे ‘मेक माय ट्रिप’ जैसे ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर भी सूचीबद्ध किया गया है। मुख्यमंत्री ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा, “मैं जरूर आपके होम-स्टे पर आऊंगा।”श्री नागवंशी ने भेंटस्वरूप होम स्टे का छायाचित्र भी दिया।

        मुख्यमंत्री ने जिले में संचालित सीएनजी प्लांट के संचालक रोहित साहू से भी चर्चा कर परियोजना की कार्यप्रणाली, नवाचार और भविष्य की संभावनाओं की जानकारी ली तथा उनके प्रयासों की सराहना की।

       संवाद के दौरान मेधावी छात्रा आभा शर्मा ने बताया कि उन्होंने कक्षा 10वीं की परीक्षा में 99 प्रतिशत अंक प्राप्त किए हैं। उन्होंने बताया कि उनके पिता मजदूरी करते हैं और उनका लक्ष्य चार्टर्ड अकाउंटेंट (सीए) बनना है। मुख्यमंत्री ने उन्हें शुभकामनाएं देते हुए कहा, “बेटी, निश्चिंत होकर पढ़ाई करो। सरकार प्रतिभाशाली विद्यार्थियों के साथ खड़ी है। पूरी लगन और मेहनत से अपने सपनों को साकार करो।”

जिले की मेधावी छात्राओं अक्षरा ओकते एवं दीपाली सोनी से भी संवाद कर उनकी उपलब्धियों की सराहना की।

      प्राकृतिक खेती को अपनाकर सफल मॉडल प्रस्तुत करने वाले किसान श्री पूरनलाल इवनाती से भी संवाद किया।

      मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि छिंदवाड़ा की ये प्रेरक प्रतिभाएं अपने परिश्रम, नवाचार और संकल्प से पूरे प्रदेश के लिए मिसाल बन रही हैं। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य ऐसी प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करना, उन्हें उचित मंच प्रदान करना तथा नवाचार, उद्यमिता, खेल और आत्मनिर्भरता की संस्कृति को मजबूत करना है। ‘यशस्वी संवाद’ के माध्यम से मुख्यमंत्री ने सभी प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।

      कार्यक्रम में लोक निर्माण विभाग मंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री श्री राकेश सिंह, मुख्य सचिव श्री अशोक वर्णवाल, सचिव श्री सुदाम खाड़े, संभागायुक्त श्री धनंजय सिंह, कलेक्टर श्री हरेंद्र नारायण सहित गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

छिंदवाड़ा की प्रतिभाएं पूरे प्रदेश के लिए प्रेरणा- मुख्यमंत्री डॉ. यादव ‘यशस्वी संवाद’ में नवाचार, खेल, खेती और शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वालों से किया संवाद किसानों, खिलाड़ियों, छात्राओं और महिला उद्यमियों की सफलता की कहानियां सुनीं ============================================================== मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित ‘यशस्वी संवाद’ कार्यक्रम में जिले की प्रेरक प्रतिभाओं से आत्मीय संवाद किया। कृषि, नवाचार, खेल, महिला सशक्तिकरण, ग्रामीण पर्यटन, उद्योग और शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल करने वाले प्रतिभागियों ने अपनी सफलता की कहानियां मुख्यमंत्री के साथ साझा कीं। मुख्यमंत्री ने उनकी उपलब्धियों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसी प्रतिभाएं मध्यप्रदेश के विकास की वास्तविक शक्ति हैं और समाज के लिए प्रेरणा स्रोत भी हैं। संवाद के दौरान वाशम शेट्टी ने ब्लूबेरी की खेती के अपने सफल प्रयोग की जानकारी देते हुए बताया कि उन्होंने लगभग 100 एकड़ क्षेत्र में ब्लूबेरी का उत्पादन शुरू किया है। उन्होंने कहा कि छिंदवाड़ा की जलवायु इस फसल के लिए अत्यंत अनुकूल है। इस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि मां नर्मदा की कृपा से मध्यप्रदेश की भूमि अत्यंत उपजाऊ है। ब्लूबेरी जैसी उच्च मूल्य वाली फसलों का विस्तार प्रदेश के अन्य क्षेत्रों में भी किया जाना चाहिए, जिससे किसानों की आय में उल्लेखनीय वृद्धि हो सके। राजेन्द्र रमेश धारे ने प्राकृतिक खेती के अपने मॉडल की जानकारी देते हुए बताया कि वे विभिन्न किस्मों की हल्दी सहित अनेक फसलों की प्राकृतिक खेती कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्राकृतिक खेती पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ किसानों की लागत कम कर उनकी आय बढ़ाने का प्रभावी माध्यम बन रही है।श्री धारे ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव को मोटे अन्न और हल्दी की विभिन्न किस्मों का पाउडर भी भेंट किया। ‘नमो ड्रोन दीदी’ लक्ष्मी धागरे ने बताया कि उन्होंने पिछले वर्ष लगभग 300 एकड़ क्षेत्र में ड्रोन के माध्यम से फसलों का छिड़काव किया, जिससे उन्हें करीब डेढ़ लाख रुपये की अतिरिक्त आय प्राप्त हुई। उन्होंने बताया कि शासन से ड्रोन पर सब्सिडी मिली और आजीविका मिशन ने उनके जीवन को नई दिशा दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि आधुनिक तकनीक अपनाकर महिलाएं आत्मनिर्भर बन रही हैं और यह अन्य महिलाओं के लिए प्रेरणादायी उदाहरण है। रूपाली धुर्वे ने चिरौंजी प्रसंस्करण के क्षेत्र में किए जा रहे नवाचारों की जानकारी देते हुए बताया कि उनके उत्पादों के यूरोप निर्यात के लिए एमओयू किया गया है। उन्होंने बताया कि इस पहल से ग्रामीण महिलाओं की आजीविका को नई दिशा मिली है। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्थानीय उत्पादों को वैश्विक पहचान दिलाने वाले ऐसे प्रयास प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई मजबूती प्रदान करेंगे। खेलो इंडिया ट्राइबल यूथ गेम्स-2026 में मध्यप्रदेश को स्वर्ण पदक दिलाने वाले शिवा भलावी ने भी मुख्यमंत्री से संवाद किया। उन्होंने बताया कि रायपुर (छत्तीसगढ़) में आयोजित प्रतियोगिता के 130 किलोग्राम भार वर्ग (ग्रीको-रोमन शैली) में स्वर्ण पदक जीतकर उन्होंने मध्यप्रदेश का गौरव बढ़ाया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उनकी उपलब्धि की सराहना करते हुए कहा कि प्रदेश के युवा खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर मध्यप्रदेश का नाम राष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित कर रहे हैं। सनोत नागवंशी ने ग्रामीण पर्यटन एवं होम-स्टे मॉडल की जानकारी देते हुए बताया कि उन्हें शासन की ओर से सब्सिडी प्राप्त हुई है। वर्तमान में वे दो कमरों का होम-स्टे संचालित कर रहे हैं, जिसे ‘मेक माय ट्रिप’ जैसे ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर भी सूचीबद्ध किया गया है। मुख्यमंत्री ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा, “मैं जरूर आपके होम-स्टे पर आऊंगा।”श्री नागवंशी ने भेंटस्वरूप होम स्टे का छायाचित्र भी दिया। मुख्यमंत्री ने जिले में संचालित सीएनजी प्लांट के संचालक रोहित साहू से भी चर्चा कर परियोजना की कार्यप्रणाली, नवाचार और भविष्य की संभावनाओं की जानकारी ली तथा उनके प्रयासों की सराहना की। संवाद के दौरान मेधावी छात्रा आभा शर्मा ने बताया कि उन्होंने कक्षा 10वीं की परीक्षा में 99 प्रतिशत अंक प्राप्त किए हैं। उन्होंने बताया कि उनके पिता मजदूरी करते हैं और उनका लक्ष्य चार्टर्ड अकाउंटेंट (सीए) बनना है। मुख्यमंत्री ने उन्हें शुभकामनाएं देते हुए कहा, “बेटी, निश्चिंत होकर पढ़ाई करो। सरकार प्रतिभाशाली विद्यार्थियों के साथ खड़ी है। पूरी लगन और मेहनत से अपने सपनों को साकार करो।” जिले की मेधावी छात्राओं अक्षरा ओकते एवं दीपाली सोनी से भी संवाद कर उनकी उपलब्धियों की सराहना की। प्राकृतिक खेती को अपनाकर सफल मॉडल प्रस्तुत करने वाले किसान श्री पूरनलाल इवनाती से भी संवाद किया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि छिंदवाड़ा की ये प्रेरक प्रतिभाएं अपने परिश्रम, नवाचार और संकल्प से पूरे प्रदेश के लिए मिसाल बन रही हैं। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य ऐसी प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करना, उन्हें उचित मंच प्रदान करना तथा नवाचार, उद्यमिता, खेल और आत्मनिर्भरता की संस्कृति को मजबूत करना है। ‘यशस्वी संवाद’ के माध्यम से मुख्यमंत्री ने सभी प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। कार्यक्रम में लोक निर्माण विभाग मंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री श्री राकेश सिंह, मुख्य सचिव श्री अशोक वर्णवाल, सचिव श्री सुदाम खाड़े, संभागायुक्त श्री धनंजय सिंह, कलेक्टर श्री हरेंद्र नारायण सहित गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

Chhindwara, Madhya Pradesh | Aug 7, 2026