प्रेस नोट
सही हालत में चल रहे बिजली मीटरों को स्मार्ट मीटर से बदलने का विरोध, CITU ने विद्युत विभाग से उठाई मांग
24 घंटे में बिजली काटने की धमकी देने वाले नोटिसों की जांच करने की भी मांग
चंबा, 12 अक्टूबर। सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियन्स (CITU) की जिला इकाई चंबा ने विद्युत विभाग द्वारा जिले के विभिन्न क्षेत्रों में उपभोक्ताओं के घरों में स्मार्ट मीटर लगाए जाने तथा विद्युत अधिनियम की धारा 163(3) के तहत नोटिस जारी कर 24 घंटे के भीतर बिजली काटने की धमकी दिए जाने के मामले पर कड़ी आपत्ति जताई है। CITU ने इस संबंध में अधिशासी अभियंता, विद्युत विभाग चंबा को ज्ञापन सौंपकर उपभोक्ताओं के हितों की रक्षा करने और मामले में आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है।
CITU जिला इकाई चंबा का कहना है कि जिले के विभिन्न क्षेत्रों में उपभोक्ताओं के घरों में स्मार्ट मीटर लगाए जा रहे हैं। संगठन के अनुसार, कई उपभोक्ता स्मार्ट मीटर लगाने को लेकर अपनी आपत्तियां और असहमति जता रहे हैं, इसके बावजूद उन पर मीटर लगवाने के लिए दबाव बनाए जाने की शिकायतें सामने आ रही हैं। संगठन ने विशेष रूप से उन उपभोक्ताओं का मुद्दा उठाया है, जिनके वर्तमान बिजली मीटर सही स्थिति में हैं और सुचारु रूप से काम कर रहे हैं।
CITU का कहना है कि सही हालत में चल रहे बिजली मीटरों को बदलने के लिए उपभोक्ताओं पर अनावश्यक दबाव नहीं बनाया जाना चाहिए। संगठन ने यह भी आरोप लगाया कि कुछ उपभोक्ताओं को विद्युत अधिनियम की धारा 163(3) के तहत नोटिस जारी कर 24 घंटे के भीतर बिजली काटने की चेतावनी दी जा रही है। संगठन ने इन शिकायतों की निष्पक्ष जांच करने और यह सुनिश्चित करने की मांग की है कि किसी भी उपभोक्ता के खिलाफ निर्धारित कानूनी प्रक्रिया के बिना कार्रवाई न हो।
गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों पर पड़ सकता है असर
CITU जिला इकाई ने कहा कि बिजली प्रत्येक परिवार की मूलभूत आवश्यकता है। गरीब, मजदूर, किसान, महिलाएं, बुजुर्ग, विद्यार्थी और आर्थिक रूप से कमजोर परिवार बिजली पर निर्भर हैं। ऐसे में बिजली काटने की चेतावनी से उपभोक्ताओं को परेशानी और मानसिक तनाव का सामना करना पड़ सकता है।
संगठन ने मांग की है कि उपभोक्ताओं की शिकायतों और असहमति को गंभीरता से सुना जाए तथा स्मार्ट मीटर लगाने के संबंध में उचित प्रक्रिया अपनाई जाए। साथ ही, संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देश दिए जाएं कि वे उपभोक्ताओं के साथ सम्मानजनक व्यवहार करें और किसी भी प्रकार की अनुचित धमकी या दबाव का सहारा न लें।
CITU ने विद्युत विभाग के समक्ष रखीं चार प्रमुख मांगें
CITU जिला इकाई चंबा ने अधिशासी अभियंता के माध्यम से विद्युत विभाग के समक्ष निम्नलिखित मांगें रखी हैं—
सही हालत में चल रहे बिजली मीटर न बदले जाएं: जिन उपभोक्ताओं के वर्तमान बिजली मीटर सही स्थिति में हैं और सुचारु रूप से काम कर रहे हैं, उन्हें स्मार्ट मीटर से बदलने की कार्रवाई पर रोक लगाई जाए।
उपभोक्ताओं की आपत्तियों का सम्मान हो: स्मार्ट मीटर लगाने के संबंध में उपभोक्ताओं की शिकायतों और असहमति को ध्यान में रखते हुए उचित प्रक्रिया अपनाई जाए तथा उन पर अनावश्यक दबाव न बनाया जाए।
24 घंटे में बिजली काटने की धमकी के मामलों की जांच हो: विद्युत अधिनियम की धारा 163(3) के तहत नोटिस जारी कर बिजली काटने की चेतावनी देने से संबंधित शिकायतों की जांच की जाए और कार्रवाई निर्धारित कानूनी प्रक्रिया के अनुसार सुनिश्चित की जाए।
अधिकारियों और कर्मचारियों को उचित निर्देश दिए जाएं: संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को उपभोक्ताओं के साथ सम्मानजनक व्यवहार करने और किसी भी प्रकार की अनुचित धमकी या दबाव से बचने के निर्देश जारी किए जाएं।
समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन की चेतावनी
CITU जिला इकाई चंबा ने उम्मीद जताई है कि विद्युत विभाग आम जनता की समस्याओं और उपभोक्ताओं के हितों को ध्यान में रखते हुए इन मांगों पर गंभीरता से विचार करेगा तथा उचित कार्रवाई करेगा।
संगठन ने स्पष्ट किया कि यदि उपभोक्ताओं की समस्याओं का समाधान नहीं किया गया, तो CITU जिला इकाई चंबा आम जनता और बिजली उपभोक्ताओं के अधिकारों की रक्षा के लिए लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक तरीके से आंदोलन करने के लिए बाध्य होगी।
CITU जिला इकाई चंबा ने विद्युत विभाग से मांग की है कि ज्ञापन में उठाए गए मुद्दों पर गंभीरता से विचार कर आवश्यक कदम उठाए जाएं, ताकि उपभोक्ताओं को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।
हिम दृष्टि टीवी चंबा
Chamba, Chamba | Oct 12, 2026