राष्ट्रपति से सम्मानित अजयराज के गांव 'झरनापुरा' में आजादी के बाद भी नहीं बनी सड़क, दलदल भरे रास्ते से जूझ रहे ग्रामीण
आगरा के पिनाहट स्थित बासौनी क्षेत्र के गांव झरनापुरा में आजादी के दशकों बाद भी पक्की सड़क नहीं बन सकी है। यह वही गांव है जहां के साहसी बालक अजयराज निषाद ने चंबल में मगरमच्छ के जबड़े से अपने पिता की जान बचाई थी और इस अदम्य साहस के लिए राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उसे राष्ट्रीय बाल पुरस्कार से सम्मानित किया था।
उस समय नेताओं और प्रशासनिक अधिकारियों ने गांव पहुंचकर विकास और पक्की सड़क के बड़े-बड़े वादे किए थे, लेकिन आज भी ग्रामीण दलदल और कीचड़ भरे रास्ते से आवागमन करने को मजबूर हैं। बदहाल रास्ते का वीडियो सामने आने के बाद जनप्रतिनिधियों के दावों की पोल खुल गई है।
#Pinahat #AgraNews #Basoni #Jharnapura #AjayrajNishad #GroundReality #UPNews #AgraRural #RoadIssue
Agra, Agra | Sep 14, 2026