सहरसा के छह प्रखंडों में राजकीय डिग्री कॉलेजों का शुभारंभ, आज से शुरू हुई पढ़ाई
सहरसा: बिहार सरकार के सात निश्चय-3 (2025–2030) के तहत "उन्नत शिक्षा, उज्ज्वल भविष्य" संकल्प को साकार करते हुए राज्य के डिग्री महाविद्यालय-विहीन प्रखंडों में स्थापित 211 नए राजकीय डिग्री महाविद्यालयों में मंगलवार से पठन-पाठन शुरू हो गया। इसके साथ ही नव नामांकित विद्यार्थियों की कक्षाएं भी प्रारंभ हो गईं।
राज्यस्तरीय मुख्य कार्यक्रम भागलपुर जिले के गोराडीह में आयोजित किया गया, जहां बिहार सरकार के माननीय मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने 211 नए राजकीय डिग्री महाविद्यालयों में शिक्षण कार्य का विधिवत शुभारंभ किया। इसे राज्य में उच्च शिक्षा के विस्तार की दिशा में ऐतिहासिक कदम माना जा रहा है।
इसी क्रम में सहरसा जिले के सत्तर कटैया, सौर बाजार, पतरघट, नवहट्टा, बनमा ईटहरी एवं सलखुआ प्रखंडों में नवस्थापित राजकीय डिग्री महाविद्यालयों का उद्घाटन किया गया। विभिन्न कार्यक्रमों में जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों तथा बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं और अभिभावकों ने भाग लिया।
पतरघट में आयोजित समारोह में जिलाधिकारी दीपेश कुमार ने महाविद्यालय का उद्घाटन करते हुए विद्यार्थियों को शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर उप विकास आयुक्त गौरव कुमार, सहायक समाहर्ता केतन शुक्ला समेत कई अधिकारी मौजूद रहे।
वहीं सौर बाजार में आयोजित कार्यक्रम में सहरसा के विधायक आई.पी. गुप्ता मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उनके साथ जिला परिवहन पदाधिकारी सुजीत कुमार बरनवाल सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे।
उद्घाटन के साथ ही सभी महाविद्यालयों में नियमित शिक्षण कार्य प्रारंभ कर दिया गया। इस पहल से ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों, विशेषकर छात्राओं को उच्च शिक्षा के लिए दूर-दराज के शहरों का रुख नहीं करना पड़ेगा। स्थानीय स्तर पर स्नातक शिक्षा उपलब्ध होने से समय और धन की बचत होगी तथा अधिक से अधिक युवाओं को उच्च शिक्षा का अवसर मिलेगा।
स्थानीय लोगों और अभिभावकों ने सरकार की इस पहल का स्वागत करते हुए कहा कि अब उनके बच्चों को अपने ही प्रखंड में गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा प्राप्त करने का अवसर मिलेगा। शिक्षा के क्षेत्र में यह पहल ग्रामीण इलाकों में नए शैक्षणिक माहौल का निर्माण करेगी और युवाओं के उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव रखेगी।
सरकार की यह महत्वाकांक्षी योजना "समृद्ध बिहार, विकसित भारत" के लक्ष्य को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होगी।
Kahara, Saharsa | Jul 15, 2026