Public App Logo
Jansamasya
News
पुलिस
Bjp
National
Police
Bihar
India
जनसमस्या
चुनाव
बीजेपी
भाजपा
Congress
Modi
Delhi
Viral
Up
Iyc
Bollywood
Patna
Breakingnews
महिला
Narendramodi
Nitishkumar
Madhya_pradesh
Mp
Madhyapradesh
Ahmedabad
Pmmodi
Rahulgandhi

अयोध्या राम मंदिर दानपात्र गबन मामले में बड़ी कार्रवाई, आरोपी के घर छापेमारी में 10 लाख बरामद होने की खबर

MORE NEWS

समान नागरिक संहिता पर जनसामान्य के सुझावों के अनुसार किया जाएगा नीति निर्माण : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

प्रदेशवासी, अधिक से अधिक संख्या में दें सुझाव

शासकीय अधिकारी-कर्मचारी भी समान नागरिक संहिता के संबंध में भी अपने सुझाव दें

सुझाव आमंत्रित करने जिलों में चलाया जाए जागरूकता अभियान

समान नागरिक संहिता के बारे में 22 जून तक आमंत्रित हैं सुझाव

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वीसी के माध्यम से किया संबोधित
----
   मुख्यमंत्री Dr Mohan Yadav ने कहा है कि समान नागरिक संहिता के संबंध में नीति निर्माण जनसामान्य के सुझावों के आधार पर किया जाएगा। बेहतर नीति निर्माण के लिए बेहतर जनभागीदारी आवश्यक है। प्रदेशवासियों से अधिक से अधिक संख्या सुझाव आमंत्रित करने के लिए सभी जिलों में जागरूकता अभियान चलाया जाए। नगरीय क्षेत्रों के साथ-साथ ग्राम स्तर तक नागरिकों को अपना अभिमत देने के लिए प्रोत्साहित किया जाए। नगरीय स्तर पर स्कूल-कॉलेजों में गतिविधियां संचालित करें, सामाजिक-व्यापारिक संस्थाओं, बार कॉउंसिल आदि में चर्चा के सत्र आयोजित कर जनसामान्य से अपनी राय प्रकट करने के लिए कहा जाए। शासकीय अधिकारी-कर्मचारी भी समान नागरिक संहिता के संबंध में भी अपने सुझाव दें। ग्राम स्तर पर रोजगार सहायक, पंचायत सचिव आदि इस विषय पर चर्चा को प्रोत्साहित करें। इस संबंध में विशेष ग्राम सभा की बैठक भी आयोजित की जा सकती है। सभी जिला में इस गतिविधि को प्राथमिकता पर लें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यह निर्देश शनिवार को समान नागरिक संहिता जागरूकता अभियान पर जिला कलेक्टर्स की वीसी में दिए। मुख्यमंत्री निवास स्थित समत्व भवन में आयोजित बैठक में मुख्य सचिव श्री अनुराग जैन, अपर मुख्य सचिव श्री नीरज मंडलोई, श्री अनुपम राजन और श्री शिवशेखर शुक्ला उपस्थित थे।

वेबसाइट पर देना है सुझाव : सरल है प्रक्रिया

  मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि समान नागरिक संहिता के बारे में 22 जून तक सुझाव आमंत्रित हैं। इसके लिए विशेष रूप से वेबसाइट ucc.mp.gov.in का विमोचन किया गया है, जिस पर सुझाव देने की प्रक्रिया बहुत सरल है। वेबसाइट के फॉर्म में केवल नाम, लिंग, धर्म, संभाग, जिला, पता और मोबाइल नंबर अंकित करना है। कुल 12 प्रश्नों का उत्तर हाँ या ना में दिया जाना है। मोबाइल ओटीपी से सत्यापित करने से सुझाव जमा हो जाता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस संबंध में जिला स्तर पर संचालित गतिविधियों की जानकारी भी प्राप्त की।

जागरूकता बढ़ाना आवश्यक

  मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने समान नागरिक संहिता के उद्देश्य और प्रक्रिया की जानकारी का विस्तार करने के लिए जनप्रतिनिधियों की भागीदारी को प्रोत्साहित करने की जरूरत बताई। उन्होंने स्व-सहायता समूहों, महिला मंडलों और सामाजिक संगठनों के माध्यम से जागरूकता बढ़ाने के निर्देश भी दिए। उल्लेखनीय है कि प्रदेश में विभिन्न व्यक्तिगत तथा पारिवारिक विधियों के अंतर्गत विवाह, विवाह-विच्छेद, भरण-पोषण, उत्तराधिकार आदि विषयों से संबंधित पृथक-पृथक प्रावधानों का समग्र परीक्षण कर विधिक संरचना विकसित करने की आवश्यकता अनुभव की जा रही है। इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए राज्य शासन द्वारा विषय के विधिक, सामाजिक एवं प्रशासनिक पहलुओं का विस्तृत अध्ययन कर समान नागरिक संहिता के संबंध में अनुशंसाओं को प्रस्तुत करने के लिए उच्च स्तरीय समिति का गठन किया गया है। समिति द्वारा जिलों का भ्रमण कर लोगों को अपने सुझाव प्रेषित करने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है।
  उक्त बैठक में वीसी के माध्यम से छतरपुर जिले के एनआईसी कक्ष से अपर कलेक्टर एवं जिला पंचायत सीईओ श्री नमः शिवाय अरजरिया, एएसपी श्री आदित्य पटले सहित अन्य अधिकारी जुड़े रहे।
Jansampark Madhya Pradesh

समान नागरिक संहिता पर जनसामान्य के सुझावों के अनुसार किया जाएगा नीति निर्माण : मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रदेशवासी, अधिक से अधिक संख्या में दें सुझाव शासकीय अधिकारी-कर्मचारी भी समान नागरिक संहिता के संबंध में भी अपने सुझाव दें सुझाव आमंत्रित करने जिलों में चलाया जाए जागरूकता अभियान समान नागरिक संहिता के बारे में 22 जून तक आमंत्रित हैं सुझाव मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वीसी के माध्यम से किया संबोधित ---- मुख्यमंत्री Dr Mohan Yadav ने कहा है कि समान नागरिक संहिता के संबंध में नीति निर्माण जनसामान्य के सुझावों के आधार पर किया जाएगा। बेहतर नीति निर्माण के लिए बेहतर जनभागीदारी आवश्यक है। प्रदेशवासियों से अधिक से अधिक संख्या सुझाव आमंत्रित करने के लिए सभी जिलों में जागरूकता अभियान चलाया जाए। नगरीय क्षेत्रों के साथ-साथ ग्राम स्तर तक नागरिकों को अपना अभिमत देने के लिए प्रोत्साहित किया जाए। नगरीय स्तर पर स्कूल-कॉलेजों में गतिविधियां संचालित करें, सामाजिक-व्यापारिक संस्थाओं, बार कॉउंसिल आदि में चर्चा के सत्र आयोजित कर जनसामान्य से अपनी राय प्रकट करने के लिए कहा जाए। शासकीय अधिकारी-कर्मचारी भी समान नागरिक संहिता के संबंध में भी अपने सुझाव दें। ग्राम स्तर पर रोजगार सहायक, पंचायत सचिव आदि इस विषय पर चर्चा को प्रोत्साहित करें। इस संबंध में विशेष ग्राम सभा की बैठक भी आयोजित की जा सकती है। सभी जिला में इस गतिविधि को प्राथमिकता पर लें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यह निर्देश शनिवार को समान नागरिक संहिता जागरूकता अभियान पर जिला कलेक्टर्स की वीसी में दिए। मुख्यमंत्री निवास स्थित समत्व भवन में आयोजित बैठक में मुख्य सचिव श्री अनुराग जैन, अपर मुख्य सचिव श्री नीरज मंडलोई, श्री अनुपम राजन और श्री शिवशेखर शुक्ला उपस्थित थे। वेबसाइट पर देना है सुझाव : सरल है प्रक्रिया मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि समान नागरिक संहिता के बारे में 22 जून तक सुझाव आमंत्रित हैं। इसके लिए विशेष रूप से वेबसाइट ucc.mp.gov.in का विमोचन किया गया है, जिस पर सुझाव देने की प्रक्रिया बहुत सरल है। वेबसाइट के फॉर्म में केवल नाम, लिंग, धर्म, संभाग, जिला, पता और मोबाइल नंबर अंकित करना है। कुल 12 प्रश्नों का उत्तर हाँ या ना में दिया जाना है। मोबाइल ओटीपी से सत्यापित करने से सुझाव जमा हो जाता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस संबंध में जिला स्तर पर संचालित गतिविधियों की जानकारी भी प्राप्त की। जागरूकता बढ़ाना आवश्यक मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने समान नागरिक संहिता के उद्देश्य और प्रक्रिया की जानकारी का विस्तार करने के लिए जनप्रतिनिधियों की भागीदारी को प्रोत्साहित करने की जरूरत बताई। उन्होंने स्व-सहायता समूहों, महिला मंडलों और सामाजिक संगठनों के माध्यम से जागरूकता बढ़ाने के निर्देश भी दिए। उल्लेखनीय है कि प्रदेश में विभिन्न व्यक्तिगत तथा पारिवारिक विधियों के अंतर्गत विवाह, विवाह-विच्छेद, भरण-पोषण, उत्तराधिकार आदि विषयों से संबंधित पृथक-पृथक प्रावधानों का समग्र परीक्षण कर विधिक संरचना विकसित करने की आवश्यकता अनुभव की जा रही है। इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए राज्य शासन द्वारा विषय के विधिक, सामाजिक एवं प्रशासनिक पहलुओं का विस्तृत अध्ययन कर समान नागरिक संहिता के संबंध में अनुशंसाओं को प्रस्तुत करने के लिए उच्च स्तरीय समिति का गठन किया गया है। समिति द्वारा जिलों का भ्रमण कर लोगों को अपने सुझाव प्रेषित करने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। उक्त बैठक में वीसी के माध्यम से छतरपुर जिले के एनआईसी कक्ष से अपर कलेक्टर एवं जिला पंचायत सीईओ श्री नमः शिवाय अरजरिया, एएसपी श्री आदित्य पटले सहित अन्य अधिकारी जुड़े रहे। Jansampark Madhya Pradesh

Chhatarpur, Madhya Pradesh | Jun 13, 2026

प्रेक्षक ने दावा आपत्ति केंद्रों का निरीक्षण किया
------
नगरीय निकायों एवं त्रि-पंचायतों की मतदाता सूची के वार्षिक पुनरीक्षण वर्ष 2026 हेतु म.प्र. राज्य निर्वाचन आयोग, भोपाल द्वारा सागर संभाग के जिलों के लिए नियुक्त प्रेक्षक श्री शैलेन्द्र कियावत, भा.प्र.से. (सेवानिवृत) के द्वारा छतरपुर जिले अंतर्गत नगरपालिका परिषद छतरपुर के दावा-आपत्ति केंद्रों का निरीक्षण किया गया। केन्द्र क्र. 129, 130 (मोतीलाल नेहरू विधि महाविद्यालय उत्तरी भाग छतरपुर वार्ड क्र. 35) केन्द्र क. 60, 62 (सिटी मांटेसरी इंग्लिश स्कूल उत्तरी भाग छतरपुर वार्ड क्र 17) केन्द्र क 123 (शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय क्रमाक 1 पूर्वी भाग छतरपुर वार्ड क्र. 34) केन्द्र क. 102, 105 (बुन्देलखण्ड महाविद्यालय छतरपुर वार्ड क्र. 28) केन्द्र क्र. 29, 30 (शासकीय प्राथमिक / माध्यमिक शाला भवन सरानी दरवाजा पश्चिमी भाग छतरपुर वार्ड क्र. 8-9) केन्द्र क्र. 139 (डीसेंट इंग्लिश स्कूल दुर्गा कॉलोनी उत्तरी भाग छतरपुर वार्ड क्र. 38) का निरीक्षण किया गया।

प्रेक्षक द्वारा जिला पंचायत छतरपुर के सभाकक्ष में उक्त कार्यक्रम अंतर्गत समीक्षा बैठक ली गई। बैठक में उपस्थित रहे अपर कलेक्टर एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी, रजिस्ट्रीकरण अधिकारी, ज.प. एवं न.प., परियोजना अधिकारी, शहरी विकास अभिकरण तथा मुख्य कार्यपालन अधिकारी ज.प. एवं मुख्य न.पा. अधिकारियों से उक्त कार्य की प्रगति पर चर्चा करते हुए आयोग के निर्देशानुसार मतदाता सूची को शुद्धतम बनाए जाने हेतु एवं निर्धारित कार्यक्रम अनुसार कार्य को पूर्ण किए जाने हेतु निर्देशित किया गया। तदुपरांत समीक्षा बैठक समाप्त की गई।

अपरान्ह में जनपद पंचायत छतरपुर के ग्राम पंचायत भवन ढडारी, बृजपुरा, कदारी के केन्द्रों का प्रेक्षक महोदय द्वारा औचक निरीक्षण म.प्र. राज्य निर्वाचन आयोग भोपाल के निर्देशानुसार किया गया।

प्रेक्षक द्वारा निरीक्षण के दौरान दावा आपत्ति केन्द्रों पर उपस्थित प्राधिकृत अधिकारियों द्वारा किए जा रहे कार्य की समीक्षा की गई। प्राप्त दावा आपत्ति फॉर्मो की जाच करते हुए प्राधिकृत अधिकारियों को आयोग के निर्देशों के पालन हेतु समझाईश दी गई तथा केन्द्रों में जांच के दौरान पाई गई कमियों का तत्काल पूर्ति करने हेतु निर्देशित किया गया।
Jansampark Madhya Pradesh 
Chief Electoral Officer Madhya Pradesh 
#chhatarpur

प्रेक्षक ने दावा आपत्ति केंद्रों का निरीक्षण किया ------ नगरीय निकायों एवं त्रि-पंचायतों की मतदाता सूची के वार्षिक पुनरीक्षण वर्ष 2026 हेतु म.प्र. राज्य निर्वाचन आयोग, भोपाल द्वारा सागर संभाग के जिलों के लिए नियुक्त प्रेक्षक श्री शैलेन्द्र कियावत, भा.प्र.से. (सेवानिवृत) के द्वारा छतरपुर जिले अंतर्गत नगरपालिका परिषद छतरपुर के दावा-आपत्ति केंद्रों का निरीक्षण किया गया। केन्द्र क्र. 129, 130 (मोतीलाल नेहरू विधि महाविद्यालय उत्तरी भाग छतरपुर वार्ड क्र. 35) केन्द्र क. 60, 62 (सिटी मांटेसरी इंग्लिश स्कूल उत्तरी भाग छतरपुर वार्ड क्र 17) केन्द्र क 123 (शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय क्रमाक 1 पूर्वी भाग छतरपुर वार्ड क्र. 34) केन्द्र क. 102, 105 (बुन्देलखण्ड महाविद्यालय छतरपुर वार्ड क्र. 28) केन्द्र क्र. 29, 30 (शासकीय प्राथमिक / माध्यमिक शाला भवन सरानी दरवाजा पश्चिमी भाग छतरपुर वार्ड क्र. 8-9) केन्द्र क्र. 139 (डीसेंट इंग्लिश स्कूल दुर्गा कॉलोनी उत्तरी भाग छतरपुर वार्ड क्र. 38) का निरीक्षण किया गया। प्रेक्षक द्वारा जिला पंचायत छतरपुर के सभाकक्ष में उक्त कार्यक्रम अंतर्गत समीक्षा बैठक ली गई। बैठक में उपस्थित रहे अपर कलेक्टर एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी, रजिस्ट्रीकरण अधिकारी, ज.प. एवं न.प., परियोजना अधिकारी, शहरी विकास अभिकरण तथा मुख्य कार्यपालन अधिकारी ज.प. एवं मुख्य न.पा. अधिकारियों से उक्त कार्य की प्रगति पर चर्चा करते हुए आयोग के निर्देशानुसार मतदाता सूची को शुद्धतम बनाए जाने हेतु एवं निर्धारित कार्यक्रम अनुसार कार्य को पूर्ण किए जाने हेतु निर्देशित किया गया। तदुपरांत समीक्षा बैठक समाप्त की गई। अपरान्ह में जनपद पंचायत छतरपुर के ग्राम पंचायत भवन ढडारी, बृजपुरा, कदारी के केन्द्रों का प्रेक्षक महोदय द्वारा औचक निरीक्षण म.प्र. राज्य निर्वाचन आयोग भोपाल के निर्देशानुसार किया गया। प्रेक्षक द्वारा निरीक्षण के दौरान दावा आपत्ति केन्द्रों पर उपस्थित प्राधिकृत अधिकारियों द्वारा किए जा रहे कार्य की समीक्षा की गई। प्राप्त दावा आपत्ति फॉर्मो की जाच करते हुए प्राधिकृत अधिकारियों को आयोग के निर्देशों के पालन हेतु समझाईश दी गई तथा केन्द्रों में जांच के दौरान पाई गई कमियों का तत्काल पूर्ति करने हेतु निर्देशित किया गया। Jansampark Madhya Pradesh Chief Electoral Officer Madhya Pradesh #chhatarpur

Chhatarpur, Madhya Pradesh | Jun 13, 2026

श्रवण एवं वाक् बाधित व्यक्तियों के लिए विशेष विधिक साक्षरता एवं जागरूकता शिविर आयोजित
----
   मध्यप्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जबलपुर के निर्देशानुसार शनिवार को श्रवण एवं वाक् बाधित व्यक्तियों के लिए प्रदेशव्यापी विशेष विधिक साक्षरता एवं जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ वर्चुअल माध्यम से मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय जबलपुर के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश एवं मध्यप्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के मुख्य संरक्षक न्यायमूर्ति श्री विवेक रूसिया तथा न्यायमूर्ति श्री विशाल मिश्रा द्वारा किया गया।
  जिला स्तर पर आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष एवं प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री रविन्दर सिंह ने की। इस अवसर पर प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय श्री राजेश कुमार देवलिया एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव श्री विष्णु प्रसाद सोलंकी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
  जिला विधिक सेवा प्राधिकरण छतरपुर के एडीआर भवन में आयोजित इस शिविर में जिले के लगभग 24 श्रवण एवं वाक् बाधित व्यक्तियों ने सहभागिता की। प्रतिभागियों को एक दिवसीय प्रशिक्षण के दौरान मीडिएशन, समान अवसर का अधिकार, शासकीय कल्याणकारी योजनाओं तक पहुंच, संस्थागत सहयोग, तनाव प्रबंधन, योग एवं मनोविज्ञान के माध्यम से भावनात्मक सशक्तिकरण तथा दिव्यांगजनों के लिए विधिक सेवाओं और अधिकारों से संबंधित विषयों की विस्तृत जानकारी दी गई।
 प्रशिक्षण सत्रों का संचालन अनुजा सक्सेना (सीनियर ट्रेनर, एमसीपीसी, सुप्रीम कोर्ट ऑफ इंडिया), अजय खेमरिया (कमिश्नर फॉर पर्सन्स विद डिसएबिलिटीज, मध्यप्रदेश शासन), श्री पराग जैन (योग विशेषज्ञ एवं मनोचिकित्सक), श्री सुमन श्रीवास्तव (सदस्य सचिव, मध्यप्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण), गुरमुख सिंह लांबा (वरिष्ठ सलाहकार, जुवेनाइल जस्टिस कमेटी, हाईकोर्ट मध्यप्रदेश) तथा करूणा राव (प्रोग्राम कोऑर्डिनेटर, जुवेनाइल जस्टिस कमेटी) द्वारा किया गया।
  शिविर के दौरान जिला चिकित्सालय छतरपुर के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी द्वारा गठित मेडिकल बोर्ड ने उपस्थित श्रवण एवं वाक् बाधित व्यक्तियों का स्वास्थ्य परीक्षण भी किया। मेडिकल टीम में डॉ. मोहम्मद शोएब रजा, डॉ. अनिल अहिरवार, मोहम्मद असद हाशमी (ऑडियोलॉजिस्ट), अनूप शुक्ला (फार्मासिस्ट) तथा शिवम तिवारी (प्रभारी जिला दिव्यांग मेडिकल बोर्ड) शामिल रहे।
  साथ ही सामाजिक न्याय विभाग द्वारा दिव्यांगजनों के लिए संचालित विभिन्न शासकीय योजनाओं एवं पेंशन संबंधी प्रावधानों की जानकारी भी प्रदान की गई। कार्यक्रम में जिला विधिक सहायता अधिकारी डॉ. वीरेन्द्र कुमार चढ़ार, प्रशासनिक अधिकारी एराकेश शर्मा, आईटी विशेषज्ञ श्री अभिषेक नेमा, श्रवण एवं वाक् बाधित व्यक्तियों के परिजन तथा अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
Jansampark Madhya Pradesh

श्रवण एवं वाक् बाधित व्यक्तियों के लिए विशेष विधिक साक्षरता एवं जागरूकता शिविर आयोजित ---- मध्यप्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जबलपुर के निर्देशानुसार शनिवार को श्रवण एवं वाक् बाधित व्यक्तियों के लिए प्रदेशव्यापी विशेष विधिक साक्षरता एवं जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ वर्चुअल माध्यम से मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय जबलपुर के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश एवं मध्यप्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के मुख्य संरक्षक न्यायमूर्ति श्री विवेक रूसिया तथा न्यायमूर्ति श्री विशाल मिश्रा द्वारा किया गया। जिला स्तर पर आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष एवं प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री रविन्दर सिंह ने की। इस अवसर पर प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय श्री राजेश कुमार देवलिया एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव श्री विष्णु प्रसाद सोलंकी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण छतरपुर के एडीआर भवन में आयोजित इस शिविर में जिले के लगभग 24 श्रवण एवं वाक् बाधित व्यक्तियों ने सहभागिता की। प्रतिभागियों को एक दिवसीय प्रशिक्षण के दौरान मीडिएशन, समान अवसर का अधिकार, शासकीय कल्याणकारी योजनाओं तक पहुंच, संस्थागत सहयोग, तनाव प्रबंधन, योग एवं मनोविज्ञान के माध्यम से भावनात्मक सशक्तिकरण तथा दिव्यांगजनों के लिए विधिक सेवाओं और अधिकारों से संबंधित विषयों की विस्तृत जानकारी दी गई। प्रशिक्षण सत्रों का संचालन अनुजा सक्सेना (सीनियर ट्रेनर, एमसीपीसी, सुप्रीम कोर्ट ऑफ इंडिया), अजय खेमरिया (कमिश्नर फॉर पर्सन्स विद डिसएबिलिटीज, मध्यप्रदेश शासन), श्री पराग जैन (योग विशेषज्ञ एवं मनोचिकित्सक), श्री सुमन श्रीवास्तव (सदस्य सचिव, मध्यप्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण), गुरमुख सिंह लांबा (वरिष्ठ सलाहकार, जुवेनाइल जस्टिस कमेटी, हाईकोर्ट मध्यप्रदेश) तथा करूणा राव (प्रोग्राम कोऑर्डिनेटर, जुवेनाइल जस्टिस कमेटी) द्वारा किया गया। शिविर के दौरान जिला चिकित्सालय छतरपुर के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी द्वारा गठित मेडिकल बोर्ड ने उपस्थित श्रवण एवं वाक् बाधित व्यक्तियों का स्वास्थ्य परीक्षण भी किया। मेडिकल टीम में डॉ. मोहम्मद शोएब रजा, डॉ. अनिल अहिरवार, मोहम्मद असद हाशमी (ऑडियोलॉजिस्ट), अनूप शुक्ला (फार्मासिस्ट) तथा शिवम तिवारी (प्रभारी जिला दिव्यांग मेडिकल बोर्ड) शामिल रहे। साथ ही सामाजिक न्याय विभाग द्वारा दिव्यांगजनों के लिए संचालित विभिन्न शासकीय योजनाओं एवं पेंशन संबंधी प्रावधानों की जानकारी भी प्रदान की गई। कार्यक्रम में जिला विधिक सहायता अधिकारी डॉ. वीरेन्द्र कुमार चढ़ार, प्रशासनिक अधिकारी एराकेश शर्मा, आईटी विशेषज्ञ श्री अभिषेक नेमा, श्रवण एवं वाक् बाधित व्यक्तियों के परिजन तथा अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। Jansampark Madhya Pradesh

Chhatarpur, Madhya Pradesh | Jun 13, 2026