मोहम्मदी तहसील क्षेत्र के ग्राम खंदेवरा निवासी वेदराम गुप्ता अपनी पत्नी सावित्री देवी के साथ राशन कार्ड संबंधी समस्या को लेकर एसडीएम कार्यालय पहुंचे। बुजुर्ग दंपति का आरोप है कि राशन कार्ड कट जाने के बाद से वह लगातार कार्यालयों के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन उनकी समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि पात्र बुजुर्गों को अपने अधिकारों के लिए बार-बार कार्यालयों के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं, तो यह प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है। राशन कार्ड जैसी महत्वपूर्ण योजना से वंचित होने के कारण बुजुर्ग दंपति को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
प्रश्न यह है कि आखिर उनका राशन कार्ड किन परिस्थितियों में काटा गया और पुनः बनाने में क्या बाधा आ रही है? यदि संबंधित विभाग द्वारा समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जाती, तो बुजुर्गों को इस प्रकार परेशान न होना पड़ता।
जनहित से जुड़े इस मामले में जिला प्रशासन को संज्ञान लेकर जांच करानी चाहिए तथा पात्र लाभार्थियों को शीघ्र राहत दिलानी चाहिए। शासन की मंशा है कि बुजुर्गों और जरूरतमंदों को योजनाओं का लाभ सरलता से मिले, लेकिन यदि उन्हें तहसील और कार्यालयों के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं, तो संबंधित अधिकारियों की कार्यप्रणाली की समीक्षा भी आवश्यक है।
Lokendra Pratap Singh