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ये है प्रतापपुर के अंचल कार्यालय ,इसे देख कर आप समझ ही गए होंगे कि मैं क्या दिखना चाहता हूँ, और प्रतापपुर प्रखंड कार्यालय व अंचल कार्यालय के बारे में आप क्या कहना चाहते हैं कमेंट बॉक्स में जरूर बताएं...

Pratappur, Chatra | Jun 4, 2026

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Pratappur, Chatra | Jun 5, 2026

करोड़ों की लागत से बना नया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बना शोपीस, बिजली कनेक्शन के अभाव में शुरू नहीं हो सकी सेवाएं

करोड़ों की इमारत, आधुनिक सुविधाएं और सन्नाटा; आखिर कब शुरू होगा प्रतापपुर का नया अस्पताल?

अनुज कु० चंद्रवंशी

प्रतापपुर(चतरा):- । आम लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से प्रतापपुर में करोड़ों रुपये की लागत से निर्मित नया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भवन पूरी तरह तैयार होने के बावजूद अब तक शुरू नहीं हो पाया है। भवन का हैंडओवर हुए कई महीने बीत चुके हैं, लेकिन मरीजों को इसका लाभ नहीं मिल रहा है। नतीजतन करोड़ों रुपये की लागत से तैयार आधुनिक स्वास्थ्य केंद्र फिलहाल शोपीस बनकर रह गया है। नवनिर्मित अस्पताल भवन में आधुनिक स्वास्थ्य सेवाओं को ध्यान में रखते हुए दो ऑपरेशन थिएटर (ओटी), डॉक्टर चेंजिंग रूम, टिशू रूम, डॉक्टर मीटिंग रूम, मदर डाइनिंग एवं फीडिंग रूम, नवजात शिशु वार्ड (नियोनेटल वार्ड), पांच बेड वाला वार्ड, आठ बेड का प्रसूति वार्ड समेत सैकड़ों कमरे बनाए गए हैं। मरीजों और स्वास्थ्यकर्मियों की सुविधा के लिए भवन में लिफ्ट की व्यवस्था भी की गई है। इसके बावजूद भवन में स्वास्थ्य सेवाएं शुरू नहीं हो सकी हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार अस्पताल भवन के संचालन में सबसे बड़ी बाधा बिजली आपूर्ति बनी हुई है। अस्पताल के लिए 315 केवी का ट्रांसफार्मर भी उपलब्ध कराया गया है ताकि पूरे भवन में निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित हो सके, लेकिन विभागीय उदासीनता के कारण अब तक ट्रांसफार्मर को 11 हजार वोल्ट लाइन से नहीं जोड़ा गया है। बताया जाता है कि यह कार्य 25 अप्रैल 2026 से पहले पूरा किया जाना था, लेकिन निर्धारित समय सीमा बीत जाने के बाद भी स्थिति जस की तस बनी हुई है। बिजली कनेक्शन नहीं होने के कारण अस्पताल में लगाए गए कई महत्वपूर्ण उपकरण और सुविधाएं निष्क्रिय पड़ी हैं। ऐसे में क्षेत्र के लोगों के मन में यह सवाल उठना स्वाभाविक है कि आखिर करोड़ों रुपये खर्च कर तैयार किए गए इस स्वास्थ्य केंद्र को चालू करने में देरी के लिए जिम्मेदार कौन है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यदि समय पर बिजली आपूर्ति सुनिश्चित कर अस्पताल को शुरू कर दिया जाता, तो प्रतापपुर और आसपास के हजारों लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ मिल सकता था। अब लोग प्रशासन और संबंधित विभाग से जल्द से जल्द बिजली कनेक्शन उपलब्ध कराकर अस्पताल का संचालन शुरू करने की मांग कर रहे हैं, ताकि जनहित में बनाई गई यह महत्वपूर्ण परियोजना अपने उद्देश्य को पूरा कर सके। इस संदर्भ में प्रभारी चिकित्सक डॉ कुमार संजीव ने बताया कि नए भवन में पुराने भवन का बिजली कनेक्शन करके स्टोर रूम व ओटी रूम में कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अगर बिजली के व्यवस्था नए भवन होता तो लोगो को सारी सुविधाएं मिल सकता।

करोड़ों की लागत से बना नया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बना शोपीस, बिजली कनेक्शन के अभाव में शुरू नहीं हो सकी सेवाएं करोड़ों की इमारत, आधुनिक सुविधाएं और सन्नाटा; आखिर कब शुरू होगा प्रतापपुर का नया अस्पताल? अनुज कु० चंद्रवंशी प्रतापपुर(चतरा):- । आम लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से प्रतापपुर में करोड़ों रुपये की लागत से निर्मित नया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भवन पूरी तरह तैयार होने के बावजूद अब तक शुरू नहीं हो पाया है। भवन का हैंडओवर हुए कई महीने बीत चुके हैं, लेकिन मरीजों को इसका लाभ नहीं मिल रहा है। नतीजतन करोड़ों रुपये की लागत से तैयार आधुनिक स्वास्थ्य केंद्र फिलहाल शोपीस बनकर रह गया है। नवनिर्मित अस्पताल भवन में आधुनिक स्वास्थ्य सेवाओं को ध्यान में रखते हुए दो ऑपरेशन थिएटर (ओटी), डॉक्टर चेंजिंग रूम, टिशू रूम, डॉक्टर मीटिंग रूम, मदर डाइनिंग एवं फीडिंग रूम, नवजात शिशु वार्ड (नियोनेटल वार्ड), पांच बेड वाला वार्ड, आठ बेड का प्रसूति वार्ड समेत सैकड़ों कमरे बनाए गए हैं। मरीजों और स्वास्थ्यकर्मियों की सुविधा के लिए भवन में लिफ्ट की व्यवस्था भी की गई है। इसके बावजूद भवन में स्वास्थ्य सेवाएं शुरू नहीं हो सकी हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार अस्पताल भवन के संचालन में सबसे बड़ी बाधा बिजली आपूर्ति बनी हुई है। अस्पताल के लिए 315 केवी का ट्रांसफार्मर भी उपलब्ध कराया गया है ताकि पूरे भवन में निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित हो सके, लेकिन विभागीय उदासीनता के कारण अब तक ट्रांसफार्मर को 11 हजार वोल्ट लाइन से नहीं जोड़ा गया है। बताया जाता है कि यह कार्य 25 अप्रैल 2026 से पहले पूरा किया जाना था, लेकिन निर्धारित समय सीमा बीत जाने के बाद भी स्थिति जस की तस बनी हुई है। बिजली कनेक्शन नहीं होने के कारण अस्पताल में लगाए गए कई महत्वपूर्ण उपकरण और सुविधाएं निष्क्रिय पड़ी हैं। ऐसे में क्षेत्र के लोगों के मन में यह सवाल उठना स्वाभाविक है कि आखिर करोड़ों रुपये खर्च कर तैयार किए गए इस स्वास्थ्य केंद्र को चालू करने में देरी के लिए जिम्मेदार कौन है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यदि समय पर बिजली आपूर्ति सुनिश्चित कर अस्पताल को शुरू कर दिया जाता, तो प्रतापपुर और आसपास के हजारों लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ मिल सकता था। अब लोग प्रशासन और संबंधित विभाग से जल्द से जल्द बिजली कनेक्शन उपलब्ध कराकर अस्पताल का संचालन शुरू करने की मांग कर रहे हैं, ताकि जनहित में बनाई गई यह महत्वपूर्ण परियोजना अपने उद्देश्य को पूरा कर सके। इस संदर्भ में प्रभारी चिकित्सक डॉ कुमार संजीव ने बताया कि नए भवन में पुराने भवन का बिजली कनेक्शन करके स्टोर रूम व ओटी रूम में कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अगर बिजली के व्यवस्था नए भवन होता तो लोगो को सारी सुविधाएं मिल सकता।

Pratappur, Chatra | Jun 5, 2026

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