धानेपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत त्रिभुवन नगर ग्रंट के पूरे छोटकाई डीह गांव से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां बेंगलुरु से ढाई साल बाद अपने घर लौटे एक युवक राजदीप की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। राजदीप का शव जमीन पर बैठी हुई अवस्था में मिला, जबकि उसके गले में फांसी का फंदा लगा हुआ था। शव की इस अजीब स्थिति को देखकर परिजनों और पुलिस के बीच मौत की वजह को लेकर गहरा विरोधाभास पैदा हो गया है, जिससे यह मामला हत्या और आत्महत्या के रहस्य में उलझ गया है।
एक तरफ मृतक राजदीप के घरवालों का सीधा आरोप है कि उसकी हत्या की गई है। परिजनों का कहना है कि ढाई साल बाद घर लौटे युवक की स्थिति ऐसी नहीं थी कि वह आत्मघाती कदम उठा ले। जमीन पर बैठे हुए शव के गले में फंदा मिलना किसी सोची-समझी साजिश या हत्या की तरफ इशारा करता है, जिसे आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की गई है। घरवाले इस पूरे मामले में गहन जांच और न्याय की मांग कर रहे हैं।
दूसरी तरफ, धानेपुर पुलिस इस पूरे मामले को आत्महत्या के नजरिए से देख रही है। पुलिस का दावा है कि राजदीप मानसिक रूप से बीमार था और उसने गांव के पास ही स्थित बांस की कोठी से लटककर अपनी जान दी है। हालांकि, जमीन पर बैठे शव के गले में फंदा होने की बात पुलिस के दावों पर सवालिया निशान खड़े कर रही है, लेकिन पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और शुरुआती तफ्तीश के बाद ही स्थिति पूरी तरह साफ हो पाएगी। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच में जुट गई है।
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Gonda, Gonda | Jun 24, 2026