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जनता को समय पर न्याय दिलाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता: रणबीर गंगवा जिला कष्ट निवारण समिति की बैठक में 14 में से 9 शिकायतों का मौके पर समाधान, 5 अगली बैठक के लिए लंबित महिला को मकान में दोबारा प्रवेश दिलाने के निर्देश पर सभागार तालियों से गूंजा पात्र व्यक्ति को समय पर मिले उसका अधिकार, अधिकारियों को गंभीरता से शिकायतें निपटाने के निर्देश पानीपत, 23 जुलाई। प्रदेश के लोक निर्माण एवं जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री रणबीर गंगवा ने वीरवार को जिला सचिवालय सभागार में आयोजित जिला कष्ट निवारण समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए आमजन की समस्याओं की सुनवाई की। बैठक में कुल 14 शिकायतें रखी गईं, जिनमें से 9 शिकायतों का मौके पर ही समाधान कर दिया गया, जबकि 5 मामलों को विस्तृत जांच के लिए अगली बैठक तक लंबित रखा गया। जिला सचिवालय पहुंचने पर उपायुक्त डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ ने पुष्पगुच्छ भेंट कर मंत्री का स्वागत किया तथा शिकायतों के समाधान में प्रशासनिक अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित करते हुए सक्रिय सहयोग किया। बैठक को संबोधित करते हुए मंत्री रणबीर गंगवा ने कहा कि प्रदेश सरकार का संकल्प प्रत्येक नागरिक को समय पर न्याय दिलाना है। सरकार हर व्यक्ति के साथ न्याय कर रही है और किसी भी नागरिक के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि जिला कष्ट निवारण समिति आमजन की समस्याओं के त्वरित, निष्पक्ष एवं पारदर्शी समाधान का प्रभावी मंच है। सभी अधिकारी प्रत्येक शिकायत को पूरी गंभीरता से लें और यह सुनिश्चित करें कि पात्र व्यक्ति को उसका अधिकार समय पर मिले। बैठक में पहली शिकायत मयंक निवासी पानीपत की थी, जो पुलिस विभाग से संबंधित थी। शिकायतकर्ता ने बरामद की गई राशि दिलाने की मांग की थी। मंत्री ने दोनों पक्षों की बात सुनने के बाद प्रशासन के सहयोग से मामले का समाधान कराया। दूसरी शिकायत पुलिस विभाग से संबंधित जगदीश पाल निवासी सेक्टर-18, हुड्डा की थी, जो पिछली बैठक से लंबित थी। शिकायत में कंस्ट्रक्शन कंपनी से बकाया राशि दिलाने की मांग की गई थी। मामले में विस्तृत कार्रवाई के लिए इसे अगली बैठक तक लंबित रखा गया। तीसरी शिकायत राजवीर द्वारा दी गई, जिसमें प्लॉट से जुड़े कथित धोखाधड़ी के मामले में राशि फंसने का आरोप लगाया गया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए विस्तृत जांच के लिए शिकायत को अगली बैठक तक लंबित रखा गया। चौथी शिकायत रविंद्र निवासी सेक्टर-12, हुड्डा की थी, जो पुलिस विभाग से संबंधित लंबित मामला था। मंत्री ने प्रशासनिक अधिकारियों के सहयोग से शिकायत का समाधान कराया। पांचवीं शिकायत हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) से संबंधित महेंद्र निवासी खालसा, करनाल की थी। भूमि विवाद से जुड़े इस मामले में दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद मंत्री ने मौके पर ही समाधान कराया। छठी शिकायत शिक्षा विभाग से संबंधित अनिश्मा शर्मा निवासी अंसल सिटी की थी। स्कूल से जुड़े मामले को गंभीरता से लेते हुए मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को जांच के आदेश दिए और आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। सातवीं शिकायत राजस्व विभाग से संबंधित थी। शिकायतकर्ता रामफल वासी परशुराम कॉलोनी की थी, जिसमें प्लॉट की रजिस्ट्री का मामला था। मंत्री ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद स्पष्ट निर्देश दिए कि यदि दो दिन के भीतर आपसी समझौता नहीं होता है तो संबंधित बैंक के विरुद्ध नियमानुसार मामला दर्ज किया जाएगा। आठवीं शिकायत होशियारी देवी वासी नौल्था की थी, जिन्होंने आरोप लगाया कि उनकी जमीन की वसीयत धोखे से अपने नाम करवा ली गई। मंत्री ने मामले की निष्पक्ष जांच कराने के निर्देश दिए। नौवीं शिकायत रमेश कुमार निवासी देसराज कॉलोनी की थी, जो आयुष्मान योजना के तहत उपचार में कथित लापरवाही से संबंधित थी। मंत्री ने शिकायत को गंभीरता से सुनते हुए मौके पर ही उसका समाधान कराया। दसवीं शिकायत मूर्ति देवी निवासी राजनगर की थी। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि फाइनेंसर ने उनके मकान पर कब्जा कर उन्हें घर से बाहर निकाल दिया है। मंत्री रणबीर गंगवा ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल जांच के आदेश दिए तथा अधिकारियों को निर्देश दिए कि मकान का ताला खुलवाकर महिला को उसके घर में रहने दिया जाए। मंत्री के इस निर्णय का सभागार में उपस्थित लोगों ने तालियों की गडग़ड़ाहट के साथ स्वागत किया। ग्यारहवीं शिकायत पिंकी निवासी विहार कॉलोनी की थी, जो पुलिस विभाग से संबंधित थी। मंत्री ने संबंधित अधिकारियों के सहयोग से शिकायत का समाधान कराया। बारहवीं शिकायत राम सिंह निवासी नौल्था की थी, जो जिला नगर योजनाकार विभाग से संबंधित थी। शिकायतकर्ता ने अवैध कब्जों का मामला मंत्री के समक्ष रखा। इस पर मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को नियमानुसार कार्रवाई करने, मौके पर निशानदेही करवाने तथा आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए और शिकायत का समाधान कराया। तेरहवीं शिकायत नई शिकायत थी, जो पुलिस विभाग से संबंधित थी। शिकायतकर्ता मुकेश वासी चुलकाना ने आरोप लगाया कि शराब फैक्ट्री द्वारा पर्यावरण को नुकसान पहुंचाया जा रहा है। मंत्री ने मामले में जांच के आदेश देते हुए शिकायत को अगली बैठक तक लंबित रखा। चौदहवीं शिकायत भी नई थी। इसमें शिकायतकर्ता रामरति रही। यह शिकायत पुलिस विभाग से संबंधित गुमशुदगी के मामले की थी। मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को गंभीरता से जांच करने के निर्देश देते हुए शिकायत को अगली बैठक तक लंबित रखा। बैठक में शहरी विधायक प्रमोद विज, मेयर कोमल सैनी, भाजपा जिला अध्यक्ष दुष्यंत भट्ट, अतिरिक्त उपायुक्त अंकित चौकसे, जिला परिषद अध्यक्ष ज्योति शर्मा, एसपी हर्षित गोयल, नगर निगम के अतिरिक्त आयुक्त विवेक चौधरी, जिला परिषद की सीईओ डॉक्टर किरण, एसडीएम मनदीप कुमार, एसडीएम समालखा अमित कुमार, एसडीएम इसराना नवदीप, जिला कष्ट निवारण समिति के सदस्य, विभिन्न विभागों के अधिकारी तथा सभी शिकायतकर्ता उपस्थित रहे। फोटो-13 से 18- &&&&&&&&&&&&&&&&&&&&&&&&&&& अवैध कॉलोनियों पर जिला नगर योजनाकार (प्रवर्तन) की बड़ी कार्रवाई पानीपत, 23 जुलाई। जिला नगर योजनाकार (प्रवर्तन) सुमित मलिक द्वारा गुरुवार को अवैध कॉलोनियों एवं अनधिकृत निर्माणों के विरुद्ध विशेष अभियान चलाकर सख्त कार्रवाई की गई। अभियान के दौरान लगभग 22 एकड़ क्षेत्र में विकसित की जा रही 4 अवैध कॉलोनियों को ध्वस्त किया गया। इसके अतिरिक्त लगभग 6 डीपीसी, 2 निर्माणाधीन ढांचे तथा कॉलोनियों में विकसित किए गए आंतरिक सडक़ नेटवर्क को भी हटाया गया। यह कार्रवाई राजस्व एस्टेट तराफ राजपूतान एवं मेहराना में की गई। अभियान के दौरान अवैध कॉलोनियों में किए गए विकास कार्यों को जेसीबी मशीनों की सहायता से ध्वस्त किया गया। कार्रवाई को शांतिपूर्ण एवं प्रभावी ढंग से संपन्न कराने के लिए पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती की गई, जिससे कानून-व्यवस्था बनाए रखी जा सके। जिला नगर योजनाकार (प्रवर्तन) सुमित मलिक ने आमजन से अपील की है कि किसी भी प्लॉट, मकान अथवा अन्य संपत्ति की खरीद करने से पूर्व उसकी वैधता की विभागीय स्तर पर जांच अवश्य कर लें तथा अवैध कॉलोनियों में निवेश करने से बचें। उन्होंने कहा कि ऐसी कॉलोनियों में सरकार द्वारा मूलभूत नागरिक सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराई जा सकतीं, जिसके कारण भविष्य में खरीदारों को विभिन्न प्रकार की समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। उन्होंने बताया कि विभाग द्वारा अवैध कॉलोनियों एवं अनधिकृत निर्माणों के विरुद्ध विशेष अभियान निरंतर जारी रहेगा। नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाती रहेगी, ताकि योजनाबद्ध, सुरक्षित एवं वैध शहरी विकास को बढ़ावा दिया जा सके।

Panipat, Panipat | Jul 23, 2026