प्रतापगढ़ में भीषण उमस के बाद शुक्रवार दोपहर 2 बजे शहर और ग्रामीण इलाके में अचानक आए आंधी-तूफान और बूंदाबांदी ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया। इस प्राकृतिक आपदा से तैयार फसलों को काफी क्षति पहुंची है, जिससे किसान बेहद चिंतित हैं। धूल भरी आंधी के कारण राहगीरों को भी सुरक्षित स्थानों पर शरण लेनी पड़ी।