“CNG गाड़ी चलाते हैं तो ये खबर आपके लिए बेहद जरूरी है… क्योंकि जिस टेस्टिंग के लिए कुछ समय पहले तक 800 से 1000 रुपये देने पड़ते थे, अब उसी के लिए 2000 रुपये तक वसूले जाने का मामला सामने आया है!”
आखिर अचानक दोगुना पैसा क्यों?
क्या CNG टेस्टिंग की फीस बढ़ाने का कोई सरकारी आदेश है, या फिर वाहन चालकों की मजबूरी का फायदा उठाया जा रहा है?
दिल्ली-NCR में बिना वैध टेस्टिंग प्लेट और सर्टिफिकेट के CNG भरवाने में आ रही दिक्कतों के बीच वाहन मालिक टेस्टिंग कराने को मजबूर हैं। और इसी मजबूरी के बीच टेस्टिंग सेंटरों पर मनमाने शुल्क वसूले जाने के आरोप लग रहे हैं।
तस्वीर कासना CNG टेस्टिंग प्लांट की बताई जा रही है, जहां दावा है कि कुछ समय पहले तक करीब 1000 रुपये में होने वाली टेस्टिंग के लिए अब 2000 रुपये तक लिए जा रहे हैं।
अब सवाल सीधे प्रशासन से है—
अगर रेट निर्धारित है तो उससे ज्यादा वसूली कैसे?
और अगर रेट बढ़ाया गया है तो इसकी आधिकारिक जानकारी वाहन चालकों को क्यों नहीं?
ऑटो चालक हो, टैक्सी चालक हो या आम आदमी—हर किसी पर इसका सीधा असर पड़ रहा है।
महंगाई के इस दौर में जरूरी टेस्टिंग के नाम पर अगर अतिरिक्त वसूली हो रही है, तो इसकी जांच बेहद जरूरी है।
प्रशासन को चाहिए कि पूरे मामले की जांच कर टेस्टिंग की निर्धारित फीस सार्वजनिक करे और नियमों के खिलाफ वसूली पाए जाने पर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करे।
क्योंकि सवाल सिर्फ 1000 रुपये और 2000 रुपये का नहीं…
सवाल है—आम आदमी की मजबूरी का फायदा उठाने वालों पर लगाम कौन लगाएगा?
अब देखना होगा कि इस मामले में प्रशासन क्या कार्रवाई करता है।अगर वीडियो की शुरुआत और ज्यादा वायरल/दमदार चाहिए, तो पहली लाइन यह भी रख सकते हैं:
“CNG भरवाने से पहले जेब जरूर देख लीजिए… क्योंकि अब गैस से पहले टेस्टिंग का खर्च आपकी जेब खाली कर सकता है!”#CNG #CNGTesting #GreaterNoida #Kasna #NewsAaj