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समाजसेवी एवं युवा नेता रोबिन कौँडल युवाओं की आवाज़ बुलंद करते हुए आये CBT के विरोध में समाजसेवी एवं युवा नेता रोबिन कौँडल ने प्रदेश के लाखों युवाओं की भावनाओं को आवाज़ देते हुए CBT (Computer Based Test) परीक्षा प्रणाली का विरोध करने का आह्वान किया है। रोबिन कौँडल ने स्पष्ट कहा कि सरकारी भर्ती प्रक्रियाओं में पारदर्शिता, निष्पक्षता और समान अवसर सर्वोपरि होने चाहिए। उनका मानना है कि सभी कमीशन एवं सरकारी भर्ती परीक्षाएँ OMR शीट (ऑफलाइन माध्यम) से आयोजित की जानी चाहिए, ताकि हर वर्ग के युवा—चाहे वह ग्रामीण क्षेत्र से हो या शहरी क्षेत्र से—बिना किसी तकनीकी बाधा के समान रूप से प्रतियोगिता में भाग ले सकें। उन्होंने कहा कि प्रदेश के दूर-दराज़ क्षेत्रों से आने वाले हजारों युवाओं के पास अत्याधुनिक कंप्यूटर सुविधाएँ उपलब्ध नहीं होतीं। कई अभ्यर्थियों को परीक्षा देने के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती है, जहाँ तकनीकी गड़बड़ियों का सीधा प्रभाव उनके भविष्य पर पड़ता है। ऐसी परिस्थितियों में OMR आधारित परीक्षा प्रणाली अधिक विश्वसनीय, सरल और पारदर्शी विकल्प है। उनका कहना हैँ कि युवा Normalization के विकल्प से संतुष्ट नहीं हैँ ! अगर NEET का Exam एक ही दिन में OMR Sheet पर हो सकता हैँ, तो कमीशन भी OMR sheet पर करवाया जाए ! रोबिन कौँडल ने युवाओं से अपील करते हुए कहा: "यह केवल एक परीक्षा प्रणाली का मुद्दा नहीं है, बल्कि प्रदेश के युवाओं के भविष्य, मेहनत और अधिकारों का प्रश्न है। यदि भर्ती प्रक्रिया निष्पक्ष नहीं होगी तो योग्य युवाओं का विश्वास व्यवस्था से उठ जाएगा।" उन्होंने आगे कहा कि युवा शक्ति को संगठित होकर लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज़ सरकार और संबंधित आयोगों तक पहुँचानी चाहिए। उन्होंने सभी छात्र संगठनों, बेरोज़गार युवाओं, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों तथा सामाजिक संगठनों से इस मुहिम में साथ आने का आग्रह किया। प्रमुख माँगें सभी कमीशन एवं सरकारी भर्ती परीक्षाएँ OMR शीट के माध्यम से आयोजित की जाएँ। भर्ती प्रक्रिया में पूर्ण पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित की जाए। ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों के युवाओं को समान अवसर प्रदान किए जाएँ। तकनीकी गड़बड़ियों से प्रभावित परीक्षाओं की स्वतंत्र जाँच करवाई जाए। परीक्षा केंद्रों की व्यवस्था और निगरानी को और अधिक मजबूत बनाया जाए। अंत में रोबिन कौँडल ने कहा कि युवा अपने अधिकारों के लिए शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से एकजुट हों और प्रदेश में ऐसी भर्ती व्यवस्था की माँग करें जो योग्यता, मेहनत और समान अवसर के सिद्धांतों पर आधारित हो। - Una News