
हम सच में बहुत भाग्यशाली हैं कि डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम भारत में पैदा हुए…
कल उनका जन्मदिन था, और मन में एक ही ख्याल आता है कि कुछ लोग सिर्फ जन्म नहीं लेते, बल्कि अपने जीवन से करोड़ों लोगों की जिंदगी का अर्थ बदल देते हैं।
एक साधारण परिवार में जन्म लेने वाला बच्चा, जो कभी अखबार बेचकर पढ़ाई करता था, अपनी मेहनत, सादगी और ज्ञान के दम पर देश का राष्ट्रपति बना। लेकिन उनकी सबसे बड़ी पहचान राष्ट्रपति का पद नहीं, बल्कि करोड़ों युवाओं के दिलों में जगाया गया सपना था।
उन्होंने हमें सिखाया कि इंसान की पहचान उसके जन्म, धर्म या परिस्थितियों से नहीं, बल्कि उसके विचारों, कर्मों और देश के लिए किए गए योगदान से होती है।
आज वे हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनके विचार आज भी जिंदा हैं। उनकी मुस्कान, उनकी सादगी और बच्चों से उनका प्रेम हमेशा याद रहेगा।
कभी-कभी सोचता हूँ कि अगर कलाम साहब किसी दूसरे देश में पैदा हुए होते, तो शायद उस देश का गौरव होते। लेकिन हम खुशकिस्मत हैं कि वे हमारी मिट्टी में पैदा हुए, हमारे देश के लिए जिए और इसी देश के करोड़ों लोगों के दिलों में हमेशा के लिए बस गए।
गर्व होता है कि हम उस देश के नागरिक हैं, जिसने डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम जैसे महान इंसान को जन्म दिया।
डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम — एक ऐसा नाम, जिसे भारत कभी नहीं भूलेगा।