
अवैध रूप से चार्जिंग करते पाये गये 12 इलेक्ट्रिक वाहनों के प्रकरण दर्ज
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अधीक्षण अभियंता, म.प्र.पू.क्षे.वि.वि.कं.लि., दमोह के निर्देशन में आज दमोह जिले के विभिन्न क्षेत्रों में इलेक्ट्रिक वाहनों की चार्जिंग की जांच हेतु सघन अभियान चलाया गया। इस विशेष अभियान के दौरान विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों द्वारा विभिन्न स्थानों का निरीक्षण किया गया, जिसमें 12 इलेक्ट्रिक वाहन अवैध रूप से चार्ज होते हुए पाये गये।
जांच के दौरान यह देखा गया कि संबंधित उपयोगकर्ताओं द्वारा निर्धारित नियमों एवं प्रावधानों का पालन किए बिना विद्युत ऊर्जा का उपयोग कर इलेक्ट्रिक वाहनों की चार्जिंग की जा रही थी। अनाधिकृत रूप से विद्युत उपयोग पाये जाने पर संबंधित अधिकारियों द्वारा मौके पर ही पंचनामा तैयार कर नियमानुसार आवश्यक कार्यवाही प्रारंभ की गई। विभाग की इस कार्यवाही से अवैध रूप से इलेक्ट्रिक वाहन चार्जिंग करने वालों में हड़कंप की स्थिति निर्मित हो गई।
अधीक्षण अभियंता दमोह ने बताया कि इलेक्ट्रिक वाहनों की बढ़ती संख्या को देखते हुए सुरक्षित एवं वैधानिक चार्जिंग व्यवस्था सुनिश्चित करना अत्यंत आवश्यक है। विद्युत वितरण प्रणाली पर अनावश्यक भार तथा विद्युत सुरक्षा संबंधी जोखिमों को रोकने के लिए विभाग द्वारा जांच अभियान निरंतर जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि बिना अनुमति अथवा निर्धारित प्रावधानों के विपरीत विद्युत ऊर्जा का उपयोग करना विद्युत अधिनियम के अंतर्गत दंडनीय है तथा ऐसे मामलों में नियमानुसार कार्यवाही की जाती है।
उन्होंने जिले के समस्त इलेक्ट्रिक वाहन उपयोगकर्ताओं से अपील की है कि वे अपने वाहनों की चार्जिंग केवल अधिकृत एवं निर्धारित चार्जिंग स्टेशनों अथवा स्वीकृत विद्युत कनेक्शन के माध्यम से ही करें। यदि कोई व्यक्ति अवैध रूप से विद्युत ऊर्जा का उपयोग कर वाहन चार्ज करते हुए पाया जाता है तो उसके विरुद्ध विद्युत अधिनियम एवं शासन के प्रचलित नियमों के अनुसार कठोर कार्यवाही की जाएगी, जिसकी संपूर्ण जवाबदारी संबंधित उपयोगकर्ता की होगी।
अधीक्षण अभियंता दमोह ने यह भी बताया कि म.प्र.पू.क्षे.वि.वि.कं.लि., दमोह द्वारा संपूर्ण जिले में इलेक्ट्रिक वाहनों की चार्जिंग संबंधी जांच एवं निगरानी अभियान निरंतर जारी रहेगा। विभाग का उद्देश्य विद्युत ऊर्जा के वैधानिक उपयोग को बढ़ावा देना, विद्युत हानि को रोकना तथा सुरक्षित एवं व्यवस्थित विद्युत व्यवस्था सुनिश्चित करना है। नागरिकों से भी अपील की गई है कि वे विद्युत चोरी एवं अवैध विद्युत उपयोग की जानकारी विभाग को उपलब्ध कराकर विद्युत व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने में सहयोग प्रदान करें।