
आशुतोष रांका पर हमले से गरमाई सियासत, दिलावर बोले- कांग्रेस और कॉकरोच को राजस्थान की प्रगति रास नहीं
जयपुर। सीजेपी प्रवक्ता आशुतोष रांका और उनके साथियों पर जयपुर में हुए हमले के बाद सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। रांका ने शिक्षा मंत्री मदन दिलावर के इस्तीफे की मांग करते हुए कहा कि हमला करने वालों को 48 घंटे में गिरफ्तार नहीं किया गया तो प्रदेशभर में आंदोलन होगा। वहीं शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने कहा कि कांग्रेस और कॉकरोच को राजस्थान की प्रगति रास नहीं आ रही है। ये लोग झेंप मिटाने के लिए मदन दिलावर का इस्तीफा मांग रहे हैं।
रामपुरा-कंवरपुरा के सरकारी स्कूल में निरीक्षण के लिए गए कॉकरोच जनता पार्टी के लोगों पर हुए हमले को लेकर दिलावर ने कहा कि भाजपा हमेशा चाहती है कि बच्चों को अच्छी और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिले। राजस्थान सरकार इस दिशा में पूरी ताकत के साथ काम कर रही है। लेकिन कांग्रेस और कॉकरोच को राजस्थान में हो रही यह प्रगति पसंद नहीं आ रही है।
प्रदेश में पैदा करना चाहते हैं जंतर-मंतर जैसा वातावरण
दिलावर ने कहा कि राजस्थान में बोर्ड परीक्षाओं में सबसे अधिक अंक लाने वाले विद्यार्थी सरकारी स्कूलों के हैं। ये लोग स्कूलों में जाकर बच्चों की पढ़ाई में व्यवधान पैदा कर रहे हैं। ग्रामीण अपने बच्चों की शिक्षा में व्यवधान बर्दाश्त नहीं करेंगे, इसलिए विरोध किया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस-कॉकरोच राजस्थान में जंतर-मंतर जैसा वातावरण पैदा करना चाहते हैं।
शिक्षा के मामले में 14वें से चौथे स्थान पर आया राजस्थान
मदन दिलावर ने कहा कि तीन साल पहले कांग्रेस सरकार के समय शिक्षा के मामले में राजस्थान 14वें स्थान पर था, आज चौथे स्थान पर आ गया है। वहीं मंत्री जवाहर सिंह बेढम ने आरोप लगाया कि कांग्रेस कार्यकर्ता खुद सीजेपी के मास्क पहनकर इलाके में गड़बड़ी फैलाने की साजिश रच रहे थे और अपने ही लोगों पर पत्थर फिंकवा रहे थे।
आशुतोष रांका ने दिया 48 घंटे का अल्टीमेटम
आशुतोष रांका ने आरोप लगाया कि हमले में उनके वॉलंटियर्स के हाथ तोड़ दिए गए, गाड़ियों में तोड़फोड़ की गई और महिलाओं पर पत्थर फेंके गए। उन्होंने कहा कि यह सब मदन दिलावर के कहने पर हुआ। रांका ने 48 घंटे में आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए कहा कि ऐसा नहीं हुआ तो आंदोलन शिक्षा से बढ़कर मदन दिलावर के खिलाफ होगा। उन्होंने स्कूल की खराब स्थिति पर भी सवाल उठाते हुए इसे राजस्थान के लोकतंत्र का काला दिन बताया।
Sangod, Kota | Aug 21, 2026