
रुड़की। रुड़की शहर को रुड़की बाईपास से सीधी कनेक्टिविटी मिलने जा रही है। सिंचाई विभाग ने रुड़की में सोलानी नदी एक्वाडक्ट से रुड़की बाईपास तक करीब सात किलोमीटर लंबी सड़क और बाढ़ सुरक्षा बांध निर्माण की महत्वाकांक्षी योजना पर काम शुरू कर दिया है। करीब 250 करोड़ रुपये की इस परियोजना के पूरा होने के बाद शहरवासियों को बाईपास तक पहुंचने के लिए चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा और करीब आधा घंटा समय बचेगा। बड़ी संख्या में लोग सीधे दिल्ली हरिद्वार हाईवे पर आ जा सकेंगे। उन्हें दिल्ली हरिद्वार हाईवे पर पहुंचने के लिए वाया मोंटफोर्ट स्कूल या वाया अब्दुल कलाम चौक तक का अतिरिक्त सफर नहीं करना पड़ेगा।
इस महत्वाकांक्षी योजना को आगे बढ़ाने में कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। मंत्री प्रदीप बत्रा के अतिविशिष्ट प्रस्ताव पर तैयार की जा रही इस योजना की डीपीआर बनाने का कार्य प्रारंभ कर दिया गया है। डीपीआर तैयार होने के बाद इसे शासन स्तर पर स्वीकृति के लिए भेजा जाएगा।
प्रस्तावित योजना के तहत सोलानी पुल एक्वाडक्ट से रुड़की-मंगलौर बाईपास तक दोनों ओर बाढ़ सुरक्षा बांध बनाए जाएंगे। इन्हीं बांधों के ऊपर लगभग सात किलोमीटर लंबी सड़क का निर्माण किया जाएगा। इससे एक ओर क्षेत्र को बाढ़ से सुरक्षा मिलेगी तो दूसरी ओर यातायात व्यवस्था को भी नई गति मिलेगी।
वर्तमान में रुड़की शहर से हरिद्वार-मेरठ हाईवे या रुड़की-मंगलौर बाईपास तक पहुंचने के लिए वाहन चालकों को रुड़की से कोर कॉलेज तक लंबा फेरा लगाना पड़ता है। नई सड़क बनने के बाद वाहन चालक सोलानी पुल क्षेत्र से सीधे एनएच-334 तक पहुंच सकेंगे। इससे समय, ईंधन और यातायात दबाव तीनों में कमी आएगी।
यह सड़क मलकपुर, आदर्श नगर,भंगेड़ी, जलालपुर, खंजरपुर सोलानीपुरम और कांवड़ मार्ग समेत कई क्षेत्रों को जोड़ेगी। खादर क्षेत्र के किसान इस मार्ग से सीधे नई मंडी भी आ जा सकेंगे। क्योंकि इसके बाद सोलानी जल सेतु से सीधे नई मंडी मार्ग को जोड़ने की भी योजना है। इस योजना से शहर के पश्चिमी और उत्तरी। क्षेत्र की आबादी को सोलानी नदी की बाढ़ से सुरक्षा पुख्ता हो सकेगी। सड़क निर्माण से इन क्षेत्रों की कनेक्टिविटी मजबूत होगी और स्थानीय लोगों को सीधा लाभ मिलेगा। साथ ही आसपास के क्षेत्रों में विकास गतिविधियों को भी नई गति मिलने की उम्मीद है।
कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा ने कहा कि रुड़की के विकास और बेहतर यातायात सुविधाओं के लिए सरकार लगातार कार्य कर रही है। यह परियोजना शहर की एक महत्वपूर्ण आवश्यकता को पूरा करेगी और भविष्य में रुड़की की विकास यात्रा को नई दिशा देगी। बता दे की कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा ने नगर पालिका रुड़की अध्यक्ष होते हुए इस परियोजना पर काम शुरू किया था,बीच-बीच में इस परियोजना पर होमवर्क होता रहा लेकिन शासन स्तर पर गंभीरता पूर्वक अब जाकर विचार हुआ है। हालांकि उस समय के सिंचाई खंड हरिद्वार के अधिशासी अभियंता डीडी डालाकोटी ने प्रदीप बत्रा के प्रस्ताव पर यहां का इस परियोजना का एस्टीमेट बनाने का कार्य उसे समय शुरू कर भी दिया था। लेकिन बड़े बजट की परियोजना होने के कारण उस समय कार्य आगे नहीं बढ़ सका। अब प्रदीप बत्रा ने कैबिनेट मंत्री बनते ही इस परियोजना को स्वीकृति दिलाने की ठान ली है।