
जागेश्वर सिनेमा की पूरी टीम को बहुत बहुत बधाई शुभकामनायें
अब रहली को स्मार्ट बनने से कोई नहीं रोक सकता, आप सभी के इस प्रयास ने यह सिद्ध कर दिया की, छोटा बड़ा कुछ नहीं होता बस कुछ करने की लालसा होनी चाहिए, जागेश्वर भाईसाब के मुंबई के अपने अनुभव को बहुत ही खूबसूरती से पेश किया हैं, वैसे विवेक दादा तो पहले से ही कलाकार हैं लेकिन उनकी प्रतिभा को आपने निखार दिया हैं, फोटो में भी उनने अच्छा प्रदर्शन किया हैं 😃, रही बात हाथी भाई, गौरव वा पूरी टीम शानदार प्रदर्शन।
आपकी फ़िल्म देखकर एक सत्य घटना याद आ गई जो आपकी इस कहानी से मेल खाती हैं स्टेण्ड नपा के नीचे प्रतीक सेठ की कपड़ा की दुकान हैं और वहा पर एक लच्छू अहिरवार बौरा काम करता था, वह बोल और सुन नहीं पाता था लेकिन अकेले दम पर पूरी दुकान चला लेता था, सेठ का भी अति प्रिये था उनके घर पर ही खाता, पीता था खैर अब वो हमारे बीच नहीं रहा, बहुत से लोग नगर के उसको अच्छी तरह से जानते थे। हम लोग हसीं में कहते थे वीरेंद्र सेठ के टीम लड़के हैं एक उनका वास्तविक बेटा श्री प्रतीक जैन, दूसरा उनका वाहन श्री टेम्पो ट्रेक्स जैन और तीसरा श्री बोरा भाई जैन 😃
ज़ब आपकी फ़िल्म देखी तो सच में बोरा भाई की याद आ गई
वास्तव में बहुत ही अच्छी शानदर पहल
Rehli, Sagar | Aug 11, 2026