
त्रासदी से पल्लवित आशा | SA News Chhattisgarh
असम | 20-08-2026: प्राकृतिक आपदाओं के समय जब सारी व्यवस्थाएं चरमरा जाती हैं, तब निस्वार्थ सेवाभाव ही समाज को संकट से उबारता है। असम के शिवसागर और चराईदेव जिलों में भीषण जलप्रलय के बाद उपजी त्रासदी के बीच, जगतगुरु तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज ने एक ऐतिहासिक और अभूतपूर्व पुनर्वास कार्य का बीड़ा उठाया है। गुरुदेव द्वारा संचालित 'अन्नपूर्णा मुहिम' अब बाढ़ प्रभावित बेसहारा परिवारों के लिए एक सच्ची जीवनदायिनी पहल बन चुकी है।
बाढ़ का जलस्तर घटने के बाद अक्सर घरों में भारी कीचड़ और गंदगी जमा हो जाती है, जो गंभीर बीमारियों को न्योता देती है। ऐसे अत्यंत कठिन और चुनौतीपूर्ण समय में, संत रामपाल जी महाराज जी अपने विशाल सेवा प्रकल्प के माध्यम से आगे आए हैं। उनके द्वारा प्रभावित परिवारों के घरों की सघन साफ-सफाई करवाकर उन्हें पुनः रहने योग्य बनाने का भगीरथ प्रयास किया जा रहा है।
इस व्यापक महाभियान के अंतर्गत, संत रामपाल जी महाराज जी द्वारा बेसहारा हो चुके परिवारों को जीवनरक्षक दवाइयों की किट, फोम मैट्रेस, बेडशीट, मच्छरदानी, बर्तन व अन्य अति-आवश्यक घरेलू उपयोग की वस्तुएं निरंतर प्रदान की जा रही हैं। गुरुदेव का यह ऐतिहासिक कदम केवल भौतिक सहायता तक सीमित नहीं है, बल्कि यह आपदा की मार झेल रहे लोगों को सामान्य जीवन की ओर लौटाने और संपूर्ण मानवता के लिए एक परम अनुकरणीय मिसाल बन चुका है। #AssamFloods #SantRampalJiMaharaj #FloodRelief #Sivasagar #SANewsChhattisgarh