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News in Simdega

Simdega, Simdega | Jul 29, 2026

अपनी जमीन दी, फिर भी तीन साल से नहीं मिला पानी: जलमीनार के बगल में रहने वाला परिवार गंदे कुएं का पानी पीने को मजबूर

जलडेगा प्रखंड के परबा पंचायत अंतर्गत ढ़ेंगुरपानी (डांग टोली) गांव के निवासी इसदोर डांग ने जल जीवन मिशन के कार्य में गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि करीब तीन वर्ष पहले उनकी निजी जमीन पर जय मां कंस्ट्रक्शन कंपनी द्वारा जलमीनार का निर्माण कराया गया था, लेकिन आज तक उनके घर में नल का कनेक्शन तक नहीं दिया गया। पीड़ित ने बताया कि निर्माण कार्य के दौरान कंपनी के मुंशी बबलू ने उनसे आधार कार्ड सहित आवश्यक दस्तावेज जमा कराए थे और जल्द ही नल का कनेक्शन देने का भरोसा दिया था। इतना ही नहीं, घर तक पाइपलाइन बिछाने के लिए उनसे अपने खर्च पर गड्ढा भी खुदवाया गया। इसके बावजूद आज तक उनके घर में नल का कनेक्शन नहीं दिया गया और न ही जलापूर्ति शुरू हो सकी।
इसदोर डांग का आरोप है कि उन्होंने कई बार मुंशी बबलू से फोन पर संपर्क कर अपनी समस्या बताई, लेकिन समाधान करने के बजाय उनका मोबाइल नंबर ही ब्लॉक कर दिया गया। इसके बाद उनकी शिकायत सुनने वाला कोई नहीं है। सबसे हैरानी की बात यह है कि जिस व्यक्ति की जमीन पर जलमीनार बनाया गया, उसी परिवार को आज तक पेयजल कनेक्शन से वंचित रखा गया है। बरसात के इस मौसम में यह परिवार मजबूरी में खेत में बने एक गंदे कुएं का पानी पीने को विवश है, जिससे बीमारियों का खतरा बना हुआ है। पीड़ित ने प्रशासन से मामले की जांच कर शीघ्र उनके घर में नल का कनेक्शन उपलब्ध कराने तथा जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है।

*सिमडेगा समाचार*

अपनी जमीन दी, फिर भी तीन साल से नहीं मिला पानी: जलमीनार के बगल में रहने वाला परिवार गंदे कुएं का पानी पीने को मजबूर जलडेगा प्रखंड के परबा पंचायत अंतर्गत ढ़ेंगुरपानी (डांग टोली) गांव के निवासी इसदोर डांग ने जल जीवन मिशन के कार्य में गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि करीब तीन वर्ष पहले उनकी निजी जमीन पर जय मां कंस्ट्रक्शन कंपनी द्वारा जलमीनार का निर्माण कराया गया था, लेकिन आज तक उनके घर में नल का कनेक्शन तक नहीं दिया गया। पीड़ित ने बताया कि निर्माण कार्य के दौरान कंपनी के मुंशी बबलू ने उनसे आधार कार्ड सहित आवश्यक दस्तावेज जमा कराए थे और जल्द ही नल का कनेक्शन देने का भरोसा दिया था। इतना ही नहीं, घर तक पाइपलाइन बिछाने के लिए उनसे अपने खर्च पर गड्ढा भी खुदवाया गया। इसके बावजूद आज तक उनके घर में नल का कनेक्शन नहीं दिया गया और न ही जलापूर्ति शुरू हो सकी। इसदोर डांग का आरोप है कि उन्होंने कई बार मुंशी बबलू से फोन पर संपर्क कर अपनी समस्या बताई, लेकिन समाधान करने के बजाय उनका मोबाइल नंबर ही ब्लॉक कर दिया गया। इसके बाद उनकी शिकायत सुनने वाला कोई नहीं है। सबसे हैरानी की बात यह है कि जिस व्यक्ति की जमीन पर जलमीनार बनाया गया, उसी परिवार को आज तक पेयजल कनेक्शन से वंचित रखा गया है। बरसात के इस मौसम में यह परिवार मजबूरी में खेत में बने एक गंदे कुएं का पानी पीने को विवश है, जिससे बीमारियों का खतरा बना हुआ है। पीड़ित ने प्रशासन से मामले की जांच कर शीघ्र उनके घर में नल का कनेक्शन उपलब्ध कराने तथा जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है। *सिमडेगा समाचार*

Simdega, Simdega | Jul 29, 2026

Simdega, Simdega | Jul 29, 2026

सड़क नहीं तो खाट ही एंबुलेंस बनी, गंभीर मरीज को आधा किलोमीटर पैदल ले जाने को मजबूर हुए ग्रामीण

जलडेगा प्रखण्ड के टिनगिना पंचायत अंतर्गत चिरोडांड बस्ती में सड़क नहीं होने की समस्या एक बार फिर सामने आई। बुधवार सुबह गांव की निवासी जितनी देवी, पति फगुआ बड़ाईक, की अचानक तबीयत बिगड़ गई। गैस्ट्रिक और तेज बुखार के कारण उनकी हालत गंभीर हो गई थी तथा वे ठीक से बात भी नहीं कर पा रही थीं। गांव तक सड़क नहीं होने के कारण परिजनों और ग्रामीणों को मजबूरन मरीज को खाट पर लादकर करीब आधा किलोमीटर पैदल सड़क तक पहुंचाना पड़ा। इसके बाद उन्हें निजी वाहन से इलाज के लिए मुनू पटनायक, राउरकेला ले जाया गया। इस घटना के बाद ग्रामीणों में नाराजगी है। उनका कहना है कि चिरोडांड बस्ती तक आज भी सड़क नहीं पहुंची है। बरसात के दिनों में गांव का संपर्क लगभग कट जाता है और एंबुलेंस जैसी आवश्यक सेवाएं भी गांव तक नहीं पहुंच पातीं। ऐसे में किसी भी गंभीर मरीज को खाट पर ढोकर सड़क तक लाना उनकी मजबूरी बन जाती है। ग्रामीण बंधना खड़िया ने बताया कि वे कई बार 'सरकार आपके द्वार' कार्यक्रम और स्थानीय जनप्रतिनिधियों के समक्ष सड़क निर्माण की मांग उठा चुके हैं, लेकिन आज तक इस दिशा में कोई ठोस पहल नहीं हुई। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते सड़क का निर्माण नहीं कराया गया तो बरसात के दौरान किसी भी गंभीर मरीज की जान जोखिम में पड़ सकती है। ग्रामीण रामेश्वर बड़ाईक, मनक बड़ाईक, रामकिशुन कच्छप, सुनिता देवी, दीप्ति सोरेंग, संजय सोरेंग, दीप्ति देवी एवं लक्ष्मी देवी ने भी प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से चिरोडांड बस्ती तक जल्द से जल्द सड़क निर्माण कराने की मांग की है, ताकि भविष्य में किसी को इलाज के लिए इस तरह की कठिन परिस्थितियों का सामना न करना पड़े।

*सिमडेगा समाचार*

सड़क नहीं तो खाट ही एंबुलेंस बनी, गंभीर मरीज को आधा किलोमीटर पैदल ले जाने को मजबूर हुए ग्रामीण जलडेगा प्रखण्ड के टिनगिना पंचायत अंतर्गत चिरोडांड बस्ती में सड़क नहीं होने की समस्या एक बार फिर सामने आई। बुधवार सुबह गांव की निवासी जितनी देवी, पति फगुआ बड़ाईक, की अचानक तबीयत बिगड़ गई। गैस्ट्रिक और तेज बुखार के कारण उनकी हालत गंभीर हो गई थी तथा वे ठीक से बात भी नहीं कर पा रही थीं। गांव तक सड़क नहीं होने के कारण परिजनों और ग्रामीणों को मजबूरन मरीज को खाट पर लादकर करीब आधा किलोमीटर पैदल सड़क तक पहुंचाना पड़ा। इसके बाद उन्हें निजी वाहन से इलाज के लिए मुनू पटनायक, राउरकेला ले जाया गया। इस घटना के बाद ग्रामीणों में नाराजगी है। उनका कहना है कि चिरोडांड बस्ती तक आज भी सड़क नहीं पहुंची है। बरसात के दिनों में गांव का संपर्क लगभग कट जाता है और एंबुलेंस जैसी आवश्यक सेवाएं भी गांव तक नहीं पहुंच पातीं। ऐसे में किसी भी गंभीर मरीज को खाट पर ढोकर सड़क तक लाना उनकी मजबूरी बन जाती है। ग्रामीण बंधना खड़िया ने बताया कि वे कई बार 'सरकार आपके द्वार' कार्यक्रम और स्थानीय जनप्रतिनिधियों के समक्ष सड़क निर्माण की मांग उठा चुके हैं, लेकिन आज तक इस दिशा में कोई ठोस पहल नहीं हुई। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते सड़क का निर्माण नहीं कराया गया तो बरसात के दौरान किसी भी गंभीर मरीज की जान जोखिम में पड़ सकती है। ग्रामीण रामेश्वर बड़ाईक, मनक बड़ाईक, रामकिशुन कच्छप, सुनिता देवी, दीप्ति सोरेंग, संजय सोरेंग, दीप्ति देवी एवं लक्ष्मी देवी ने भी प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से चिरोडांड बस्ती तक जल्द से जल्द सड़क निर्माण कराने की मांग की है, ताकि भविष्य में किसी को इलाज के लिए इस तरह की कठिन परिस्थितियों का सामना न करना पड़े। *सिमडेगा समाचार*

Simdega, Simdega | Jul 29, 2026

Simdega, Simdega | Jul 29, 2026

Simdega, Simdega | Jul 29, 2026