स्मार्ट सिटी के दावों के बीच महाराज बाड़े की बदहाल सड़कों ने विकास की तस्वीर पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। करोड़ों के प्रोजेक्ट और लंबे समय से चल रहे निर्माण के बावजूद गड्ढों, कीचड़ और जलभराव से दुकानदारों की कमाई प्रभावित है और राहगीरों का सफर जोखिम भरा बना हुआ है। अब हाईकोर्ट ने पिछले पांच साल के खर्च और निर्माण से जुड़े मूल दस्तावेज तलब किए हैं—गुरुवार की सुनवाई में सामने आएगा कि विकास के नाम पर खर्च हुए करोड़ों का हिसाब कितना साफ है।