आरोप लगाना आसान है, लेकिन सच सामने आने तक किसी को दोषी ठहराना सही नहीं।
इस मामले में युवक लगातार आरोपों से इनकार करता रहा। बाद में जानकारी सामने आई कि वह शारीरिक रूप से दिव्यांग है।
आरोप लगाना आसान है, लेकिन सच सामने आने तक किसी को दोषी ठहराना सही नहीं।
इस मामले में युवक लगातार आरोपों से इनकार करता रहा। बाद में जानकारी सामने आई कि वह शारीरिक रूप से दिव्यांग है। - Shahabad News