बांकीपुर को बनाएंगे आदर्श विधानसभा, तीन महीने में दिखेगा बदलाव"जीत के बाद बोले प्रशांत किशोर। #BiharNews #Bankipur #jansuraj #prashantkishor
पटना। बांकीपुर विधानसभा सीट पर जीत दर्ज करने के बाद जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर ने मीडिया से बातचीत करते हुए विकास, सुशासन और बिहार की राजनीति को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि उनकी प्राथमिकता बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र का समग्र विकास है और आने वाले तीन महीनों में लोगों को बदलाव दिखाई देने लगेगा।
प्रशांत किशोर ने कहा कि उनकी कोशिश होगी कि अगले एक से दो वर्षों में बांकीपुर को बिहार की आदर्श विधानसभा के रूप में स्थापित किया जाए। उन्होंने कहा कि यदि बांकीपुर में बेहतर काम होगा तो इसका प्रभाव पूरे बिहार पर पड़ेगा और बाकी 242 विधायकों पर भी अपने-अपने क्षेत्रों में बेहतर काम करने का दबाव बनेगा।
उन्होंने कहा, "मेरे दरवाजे उन सभी लोगों के लिए खुले हैं, जिन्हें लगता है कि पीके और जन सुराज उनकी कुछ मदद कर सकते हैं। हम बिहार के लोगों की आवाज को मजबूती से उठाएंगे। जिन्हें लगता है कि बिहार में बदलाव नहीं हो सकता, वे बांकीपुर आकर देख सकते हैं। अगले तीन से चार वर्षों तक हम पूरी मेहनत से काम करेंगे और जनता के बीच यह संदेश जाएगा कि सकारात्मक बदलाव कैसे किया जा सकता है।"
इससे पहले मतगणना के दौरान भी प्रशांत किशोर ने मीडिया से बातचीत में कई महत्वपूर्ण बातें कही थीं। उन्होंने दावा किया कि 30 वर्षों से कायम राजनीतिक गढ़ महज 30 दिनों में ढह गया, क्योंकि अब बिहार की जनता केवल जाति और मुफ्त राशन की राजनीति से ऊपर उठकर विकास के मुद्दों पर सोच रही है।
उन्होंने भाजपा को भी नसीहत देते हुए कहा कि जनता ने उसे बहुमत दिया है, इसलिए अब उसकी जिम्मेदारी है कि राज्य को साफ-सुथरी छवि वाला मुख्यमंत्री मिले, जिसका आपराधिक बैकग्राउंड न हो। उन्होंने यह भी कहा कि बांकीपुर का चुनाव केवल एक विधायक चुनने का चुनाव नहीं था, बल्कि भाजपा नेतृत्व को यह संदेश देने का प्रयास था कि बिहार को बेहतर नेतृत्व की जरूरत है।
प्रशांत किशोर ने बिहार से पलायन का मुद्दा उठाते हुए कहा कि "गुजरात के लोग बुलेट ट्रेन से सफर करें और बिहार के लोग मजदूरी के लिए बाहर जाएं, यह स्थिति हमेशा नहीं चल सकती।" उन्होंने कहा कि विकास की दिशा में ठोस प्रयास किए जाएंगे ताकि बिहार के युवाओं को अपने ही राज्य में बेहतर अवसर मिल सकें।
उन्होंने दोहराया कि बांकीपुर रातों-रात बेंगलुरु नहीं बनेगा, लेकिन आने वाले कुछ महीनों में विकास और व्यवस्था में बदलाव की शुरुआत लोगों को स्पष्ट रूप से दिखाई देगी।
Barun, Aurangabad | Aug 3, 2026