कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल भट्टू मंडी में अग्रवाल सभा द्वारा आयोजित महाराजा अग्रसेन जयंती कार्यक्रम एवं मदर टेरेसा कॉन्वेंट स्कूल में राष्ट्रीय एकता शिविर में हुए शामिल
सामाजिक समरसता, सेवा, सहयोग और राष्ट्र के प्रति समर्पण की भावना को मजबूत करने का किया आह्वान
भट्टू मंडी, 21 अक्टूबर 2026 Rakesh Kumar हरियाणा सरकार के कैबिनेट मंत्री श्री विपुल गोयल ने बुधवार को भट्टू मंडी में अग्रवाल सभा द्वारा महाराजा अग्रसेन जी की जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित कार्यक्रम में सहभागिता की। इसके साथ ही उन्होंने भट्टू मंडी स्थित मदर टेरेसा कॉन्वेंट स्कूल में राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) के अंतर्गत आयोजित राष्ट्रीय एकता शिविर (नेशनल इंटीग्रेशन कैंप) में भी भाग लिया। इस दौरान उन्होंने सामाजिक समरसता, आपसी भाईचारे, सेवा भावना और राष्ट्र के प्रति समर्पण के महत्व पर प्रकाश डालते हुए इन मूल्यों को अपने जीवन में अपनाने का आह्वान किया।
महाराजा अग्रसेन जी की जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री श्री विपुल गोयल ने कहा कि महाराजा अग्रसेन जी के आदर्श हमें सदैव समाज में समानता, भाईचारे और सेवा भाव को मजबूत करने की प्रेरणा देते हैं। उनका जीवन सामाजिक समरसता, सहयोग और जनकल्याण की भावना का प्रतीक है। उनके आदर्शों को आत्मसात करते हुए हमें ऐसे समाज के निर्माण के लिए प्रयास करना चाहिए, जहां प्रत्येक व्यक्ति को सम्मान मिले और सभी को आगे बढ़ने के समान अवसर प्राप्त हों।
उन्होंने कहा कि समाज की वास्तविक समृद्धि केवल आर्थिक विकास से नहीं, बल्कि आपसी विश्वास, सहयोग और प्रत्येक व्यक्ति की भागीदारी से सुनिश्चित होती है। जब समाज के सभी वर्ग एक-दूसरे के सुख-दुख में सहभागी बनते हैं और जरूरतमंदों की सहायता के लिए आगे आते हैं, तभी सामाजिक एकता और समृद्धि मजबूत होती है। महाराजा अग्रसेन जी के विचार आज भी हमें जनसेवा और सामाजिक दायित्वों के प्रति प्रतिबद्ध रहने की प्रेरणा देते हैं।
श्री गोयल ने कहा कि महाराजा अग्रसेन जी के आदर्शों को अपनाकर हम समाज में सद्भाव, समानता और सहयोग की भावना को और अधिक सशक्त बना सकते हैं। उन्होंने सभी से आह्वान किया कि वे सामाजिक समरसता को बढ़ावा देने और समाज के प्रत्येक व्यक्ति के कल्याण के लिए अपनी भूमिका निभाएं।
इसके उपरांत कैबिनेट मंत्री श्री विपुल गोयल भट्टू मंडी स्थित मदर टेरेसा कॉन्वेंट स्कूल में राष्ट्रीय सेवा योजना के अंतर्गत आयोजित राष्ट्रीय एकता शिविर में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय एकता और सामाजिक सद्भाव की भावना ही एक सशक्त राष्ट्र की नींव है। भारत की विविध भाषाएं, संस्कृतियां, परंपराएं और रीति-रिवाज हमारी ताकत हैं। इन विविधताओं के बावजूद एक राष्ट्र के रूप में एकजुट रहना हमारी सबसे बड़ी विशेषता है।
उन्होंने कहा कि युवाओं में सेवा, सहयोग, अनुशासन और राष्ट्र के प्रति समर्पण की भावना विकसित करने में राष्ट्रीय सेवा योजना जैसे कार्यक्रम महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे शिविर युवाओं को विभिन्न संस्कृतियों और परंपराओं को समझने, आपसी भाईचारे को मजबूत करने तथा समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करने के लिए प्रेरित करते हैं।
श्री गोयल ने कहा कि युवा किसी भी राष्ट्र की सबसे बड़ी शक्ति होते हैं। उनकी ऊर्जा, प्रतिभा और सकारात्मक सोच देश के भविष्य को दिशा देती है। इसलिए युवाओं को शिक्षा के साथ-साथ सामाजिक सेवा, राष्ट्रीय एकता और जनकल्याण से जुड़े कार्यों में भी सक्रिय भागीदारी निभानी चाहिए। जब युवा समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी समझते हैं और राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखते हैं, तब देश की प्रगति को नई गति मिलती है।
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय एकता का संदेश केवल कार्यक्रमों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि इसे अपने दैनिक जीवन और व्यवहार का हिस्सा बनाना चाहिए। हमें जाति, भाषा, क्षेत्र और अन्य सामाजिक भिन्नताओं से ऊपर उठकर एक-दूसरे का सम्मान करना चाहिए तथा आपसी सहयोग और सद्भाव को मजबूत करना चाहिए। यही भावना एक समावेशी, सशक्त और विकसित राष्ट्र के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान देगी।
अंत में उन्होंने आयोजकों को कार्यक्रमों के सफल आयोजन के लिए शुभकामनाएं दीं और युवाओं सहित सभी नागरिकों से सामाजिक सेवा, आपसी भाईचारे और राष्ट्रीय एकता के मूल्यों को अपनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि सामूहिक प्रयासों, सकारात्मक सोच और जनभागीदारी से ही एक समरस, सशक्त एवं समृद्ध समाज का निर्माण संभव है।
Faridabad, Faridabad | Oct 21, 2026