महात्मा श्रवण कुमार की निर्वाण स्थली पर आयोजित तीन दिवसीय श्रवण धाम महोत्सव आस्था, संस्कृति और आध्यात्मिक वैभव के अद्भुत संगम के साथ मंगलवार रात 10 बजे के बाद संपन्न हो गया। अंतिम दिन सांस्कृतिक प्रस्तुतियों की अविस्मरणीय श्रृंखला ने उपस्थित लोगों को भाव-विभोर कर दिया। कलाकारों ने दक्षिण भारत की सांस्कृतिक विरासत को साकार करती हुई प्रस्तुतियां दीं।