बिहार में अफसरशाही पर बीजेपी विधायक का हल्ला-बोल, गमछा बिछाकर धरने पर बैठे विनय बिहारी।
बिहार में सत्ता पक्ष के भीतर ही अफसरशाही के खिलाफ नाराजगी खुलकर सामने आ गई है। पश्चिम चंपारण की लौरिया-योगापट्टी विधानसभा सीट से भाजपा विधायक विनय बिहारी आज बेतिया समाहरणालय परिसर में गमछा बिछाकर धरने पर बैठ गए।
विधायक का आरोप है कि बाढ़ राहत को लेकर जिला प्रशासन गंभीर नहीं है और अफसरों की मनमानी चरम पर है। वे पिछले चार घंटे से जिलाधिकारी से मिलने का इंतजार कर रहे थे, लेकिन डीएम ने मिलने तक का समय नहीं दिया। मजबूर होकर उन्हें समाहरणालय में ही धरने पर बैठना पड़ा।
धरने पर बैठे विधायक विनय बिहारी ने कहा, _'जैसी आपदा है, वैसी व्यवस्था नहीं है। बाढ़ पीड़ितों को पॉलिथीन, राशन तक नहीं मिल रहा। कई इलाके अब भी राहत से वंचित हैं।'_
इसी दौरान उन्होंने शायराना अंदाज में सरकार पर तंज भी कसा -
"दुख है, दर्द है, मैं आह भर रहा हूं, अपने राजा के आने का इंतजार कर रहा हूं। ऊपर श्रीहरि, नीचे सम्राट चौधरी।"
विनय बिहारी ने साफ ऐलान किया है कि जब तक मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी खुद बाढ़ प्रभावित इलाके का दौरा नहीं करेंगे, तब तक वह धरने से नहीं उठेंगे।
"हेलीकॉप्टर गरजेगा, उसको देखेंगे और अपना गमछा उठाकर चले जाएंगे, लेकिन तब तक यहीं बैठा रहूंगा,"विधायक ने कहा।
धरने की सूचना मिलते ही बेतिया DDC काजले वैभव नितिन मौके पर पहुंचे और विधायक को मनाने की कोशिश की, लेकिन विधायक अपनी मांग पर अड़े रहे।
इस घटना के बाद बिहार की सियासत में चर्चा तेज है कि एनडीए सरकार में सब कुछ ठीक नहीं है और अंदरूनी विरोध अब खुलकर सामने आ रहा है।