*-युवा चिकित्सक के रूप में डॉ. लक्षिता ने संभाला मोर्चा, क्षेत्रीय अस्पताल में शुरू की एमडी सेवाएं*
*-गृह जिला के मरीजों की सेवा के लिए आगे आईं युवा एमडी डॉ. लक्षिता*
*-आईजीएमसी शिमला से एमडी की पढ़ाई पूरी करने के बाद*
*-बिलासपुर में शुरू किया सेवा का सफर, भराड़ी पीएचसी में भी दे चुकी हैं सेवाएं*
क्षेत्रीय अस्पताल बिलासपुर में अब एक युवा चिकित्सक अपनी विशेषज्ञ सेवाओं के माध्यम से मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा देने में जुट गई हैं। युवा एमडी चिकित्सक डॉ. लक्षिता ने क्षेत्रीय अस्पताल बिलासपुर में कार्यभार संभाल लिया है। वीरवार को कार्यभार संभालने के बाद उन्होंने ओपीडी में मरीजों को देखना भी शुरू कर दिया। डॉ. लक्षिता ने शिमला स्थित आईजीएमसी से एमडी की पढ़ाई पूरी की है। विशेषज्ञ चिकित्सक के रूप में पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने स्वास्थ्य विभाग में सेवाएं जारी रखते हुए अब अपने गृह जिला बिलासपुर में सेवा देने का अवसर हासिल किया है। इससे पहले वह बिलासपुर जिला के भराड़ी पीएचसी में चिकित्सक के रूप में अपनी सेवाएं दे रही थीं। आपको बता दे कि आईजीएमसी जैसे प्रतिष्ठित संस्थान से एमडी की पढ़ाई पूरी करने के बाद डॉ. लक्षिता ने अपने गृह जिला में ही मरीजों की सेवा का रास्ता चुना है। क्षेत्रीय अस्पताल में कार्यभार संभालने के साथ ही उन्होंने ओपीडी में मरीजों की जांच शुरू कर दी है। युवा चिकित्सक के अस्पताल में आने से मरीजों को विशेषज्ञ चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध होने के साथ अस्पताल की स्वास्थ्य व्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।
गौरतलब है कि क्षेत्रीय अस्पताल बिलासपुर में इससे पहले मात्र एक एमडी चिकित्सक सेवाएं दे रहे थे। ऐसे में उनके अवकाश पर जाने की स्थिति में एमडी स्तर की सेवाएं प्रभावित होती थीं। अब डॉ. लक्षिता के अस्पताल में सेवाएं शुरू करने से यह समस्या काफी हद तक कम होगी। मरीजों को अस्पताल में ही विशेषज्ञ चिकित्सक की सुविधा मिल सकेगी। डॉ. लक्षिता के कार्यभार संभालने से क्षेत्रीय अस्पताल में युवा चिकित्सक के रूप में एक नई शुरुआत हुई है। वहीं, अपने ही जिला में विशेषज्ञ चिकित्सक के तौर पर सेवाएं देने से स्थानीय मरीजों को भी इसका सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है।
Dharmpur, Mandi | Sep 17, 2026