सेवा और संस्कार की भावना से ही विकसित भारत का संकल्प होगा साकार कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल!
A2z न्यूज़ update, आप की आवाज़ भारत विकास परिषद उत्तर क्षेत्र 2 के 64वें स्थापना दिवस समारोह में हुए शामिल कहा सामाजिक संस्थाओं की सक्रिय भागीदारी राष्ट्र निर्माण की सबसे बड़ी शक्ति
हरियाणा सरकार में कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल ने भारत विकास परिषद उत्तर क्षेत्र 2 के तत्वावधान में आयोजित 64वें स्थापना दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में सहभागिता की। इस अवसर पर उन्होंने भारत विकास परिषद के सभी पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं एवं सदस्यों को स्थापना दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए परिषद द्वारा पिछले 64 वर्षों से समाज सेवा, शिक्षा, स्वास्थ्य, संस्कार और राष्ट्र निर्माण के क्षेत्र में किए जा रहे उल्लेखनीय कार्यों की मुक्त कंठ से सराहना की।
इस दौरान कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल ने कहा कि भारत विकास परिषद केवल एक संस्था नहीं बल्कि सेवा, संस्कार, समर्पण और राष्ट्र निर्माण की भावना को जन-जन तक पहुंचाने वाला एक सशक्त सामाजिक अभियान है। परिषद ने अपने स्थापना काल से ही समाज के प्रत्येक वर्ग तक पहुंचकर सेवा कार्यों को जन आंदोलन का स्वरूप दिया है। परिषद का मूल मंत्र “स्वस्थ, समर्थ, सुसंस्कृत भारत” आज भी लाखों लोगों को समाज और राष्ट्र की सेवा के लिए प्रेरित कर रहा है।
उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति सदैव सेवा, सहयोग और समर्पण की भावना को सर्वोच्च स्थान देती आई है। हमारे शास्त्रों में “नर सेवा ही नारायण सेवा” तथा “वसुधैव कुटुम्बकम्” का संदेश केवल विचार नहीं बल्कि जीवन का आदर्श है। जब किसी जरूरतमंद को शिक्षा, स्वास्थ्य, संस्कार या सहायता का लाभ मिलता है तो उसका प्रभाव केवल एक व्यक्ति तक सीमित नहीं रहता बल्कि पूरा समाज सशक्त होता है और राष्ट्र प्रगति की ओर अग्रसर होता है। भारत विकास परिषद इसी सेवा भावना को निरंतर आगे बढ़ाने का कार्य कर रही है।
कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल ने कहा कि आज प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत विकसित भारत 2047 के संकल्प को साकार करने की दिशा में तेज गति से आगे बढ़ रहा है। विकसित भारत का सपना तभी साकार होगा जब सरकार के प्रयासों के साथ-साथ सामाजिक संस्थाएं, स्वयंसेवी संगठन और प्रत्येक नागरिक अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन करेंगे। भारत विकास परिषद जैसी संस्थाएं जनभागीदारी को मजबूत कर समाज में सेवा, सामाजिक समरसता और राष्ट्रभक्ति की भावना को सुदृढ़ कर रही हैं, जो विकसित भारत के निर्माण में अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।
उन्होंने कहा कि सेवा का वास्तविक अर्थ केवल सहायता प्रदान करना नहीं बल्कि समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाना है। शिक्षा, स्वास्थ्य, संस्कार, पर्यावरण संरक्षण, रक्तदान, चिकित्सा शिविर, प्रतिभा सम्मान, महिला एवं युवा सशक्तिकरण तथा जरूरतमंदों की सहायता जैसे कार्य समाज को नई दिशा देने का माध्यम बनते हैं। भारत विकास परिषद इन सभी क्षेत्रों में निरंतर उत्कृष्ट कार्य कर समाज के लिए प्रेरणा का स्रोत बनी हुई है।
उन्होंने परिषद के सभी पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं का आह्वान करते हुए कहा कि सेवा और संस्कार की इस गौरवशाली परंपरा को और अधिक व्यापक बनाएं, ताकि समाज का प्रत्येक व्यक्ति राष्ट्र निर्माण के इस अभियान का सहभागी बन सके। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि परिषद आने वाले समय में भी अपनी सेवा यात्रा को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाते हुए समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक सहयोग और संवेदना पहुंचाने का कार्य निरंतर करती रहेगी।
इस अवसर पर भारत विकास परिषद के पदाधिकारी, कार्यकर्ता, समाजसेवी, विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि, प्रबुद्ध नागरिक एवं बड़ी संख्या में गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। सभी ने परिषद के सेवा कार्यों की सराहना करते हुए राष्ट्र निर्माण के इस अभियान को और अधिक मजबूत बनाने का संकल्प व्यक्त किया।
Vipul Goel Nayab Saini A2Z News Bharat