छत्तीसगढ़ की रायगढ़ पुलिस और आबकारी विभाग ने एक बेहद फिल्मी अंदाज में फर्जी ग्राहक ('प्वाइंटर') भेजकर नामी कंपनियों के नाम पर नकली शराब बेचने वाले एक बड़े सिंडिकेट को ध्वस्त कर दिया है। मुख्य आरोपी दुष्यंत पटेल को गिरफ्तार किया गया है, जो अपने घर की पशुशाला (गाय के कोठे) में ही नकली शराब की मिनी फैक्ट्री चला रहा था। मौके से रॉयल स्टैग, मैकडॉवेल्स और किंगफिशर जैसे बड़े ब्रांड्स के नकली लेबल लगी 869 बोतलें, 240 लीटर मिलावटी शराब, नकली होलोग्राम और स्पिरिट के ड्रम बरामद किए गए हैं। यह जानलेवा काला कारोबार कोरोना काल से ही धड़ल्ले से चल रहा था।
जांच में इस गिरोह की जो कार्यप्रणाली सामने आई है, वह होश उड़ाने वाली है। ये आरोपी कबाड़ियों से खाली बोतलें जुटाते थे और उसमें स्पिरिट, पानी व खतरनाक रसायनों का मिश्रण भरते थे। सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि शराब को असली रंग और खुशबू देने के लिए 'रेड लेबल' चायपत्ती के उबले पानी का इस्तेमाल किया जाता था, ताक�
Korba, Korba | Jun 10, 2026