पूर्व भाजपा विधायक पंडित केदारनाथ शुक्ला ने पुराने बस स्टैंड को बचाने के लिए खोला मोर्चा, जिलेवासियों से किए अपील
सीधी के पुराने बस स्टैंड को खत्म करने की साजिश का आरोप, विरोध में उतरे पूर्व विधायक केदारनाथ शुक्ला
15 अक्टूबर को सुंदर पैलेस में जुटेंगे जिले के गणमान्य नागरिक, सुनील चौधरी को बनाया गया समिति का अध्यक्ष; केदारनाथ शुक्ला बोले—लड़ाई लंबी है, सभी वर्गों का सहयोग जरूरी
सीधी। सीधी शहर के पुराने बस स्टैंड को लेकर अब विरोध के स्वर तेज होने लगे हैं। पूर्व भाजपा विधायक पंडित केदारनाथ शुक्ला ने सोशल मीडिया के माध्यम से शहरवासियों से पुराने बस स्टैंड को बचाने के लिए एकजुट होने की अपील की है। उन्होंने आरोप लगाया कि सीधी के पुराने बस स्टैंड को पूरी तरह समाप्त करने की साजिश की जा रही है, जिसका वे विरोध करते हैं।
गणमान्य नागरिकों की समिति गठित
पूर्व विधायक केदारनाथ शुक्ला के अनुसार, पुराने बस स्टैंड के मुद्दे पर विरोध और आगे की रणनीति तय करने के लिए शहर के गणमान्य व्यक्तियों के बीच एक समिति गठित की गई है। इस समिति का अध्यक्ष सुनील चौधरी को बनाया गया है। अब इस मुद्दे पर जनसमर्थन जुटाने और व्यापक चर्चा के लिए बैठक आयोजित करने की तैयारी है।
15 अक्टूबर को सुंदर पैलेस सीधी में होगी बैठक
केदारनाथ शुक्ला ने सीधी जिले के सभी गणमान्य नागरिकों से अपील की है कि वे 15 अक्टूबर को शाम 5 बजे सुंदर पैलेस में आयोजित बैठक में शामिल हों। उन्होंने कहा कि इस बैठक में समाज के सभी वर्गों के लोग अपनी राय रखें और पुराने बस स्टैंड के मुद्दे पर सहयोग प्रदान करें।
‘यह लड़ाई बड़ी लंबी है’—केदारनाथ शुक्ला
पूर्व विधायक ने अपने संदेश में कहा कि पुराने बस स्टैंड को बचाने के लिए सभी लोगों का एक साथ आना जरूरी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह लड़ाई लंबी है और इसे आगे बढ़ाने के लिए सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता होगी। उन्होंने शहर के प्रबुद्ध नागरिकों, व्यापारियों और समाज के सभी तबकों से इस मुद्दे पर अपनी भागीदारी सुनिश्चित करने का आह्वान किया।
पुराने बस स्टैंड का मुद्दा बना चर्चा का विषय
सीधी के पुराने बस स्टैंड को लेकर उठ रहे विरोध के बीच अब आगामी बैठक पर सबकी निगाहें टिकी हैं। बैठक में पुराने बस स्टैंड के भविष्य, स्थानीय व्यापारियों के हितों और शहरवासियों की राय को लेकर क्या रणनीति तय होती है, यह देखना महत्वपूर्ण होगा।
अब सवाल यह है कि पुराने बस स्टैंड को लेकर उठ रही चिंताओं पर प्रशासन और संबंधित जिम्मेदार पक्ष क्या रुख अपनाते हैं तथा शहर के नागरिकों की मांगों पर क्या निर्णय लिया जाता है।
Gopadbanas, Sidhi | Oct 12, 2026