बिहार धीरे-धीरे सूखे नशे के आगोश में समाता जा रहा है। अगर अभी भी समय रहते इसे नहीं रोका गया, तो एक पूरी नस्ल बर्बाद हो ही गई है दूसरी पीढ़ी भी हो जाएगी । हालात बेहद चिंताजनक हैं आज नहीं जागे, तो कल बहुत देर हो जाएगी।
Rafiganj, Aurangabad | Sep 7, 2026