फ्लैट दिलाने का झांसा देकर करोड़ों रुपये की ठगी करने के मामले में 1 आरोपी गिरफ्तार।
सोसायटी में फ्लैट आवंटन के नाम पर लोगों से रुपये एकत्रित करके न तो फ्लैट दिए और न ही राशि वापस की।
आरोपी ने सोसायटी का फर्जी बैंक खाता खुलवाकर सोसायटी के नाम पर लोगों से धनराशि प्राप्त कर धोखाधड़ी की वारदात को अंजाम दिया।
सोसाइटी में 94 फ्लैट्स की उपलब्धता के बावजूद 242 लोगों से रुपए लेकर की थी ठगी
गुरुग्राम, गौरव गर्ग,10 जून । गुरुग्राम पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा-I द्वारा फ्लैट दिलाने के नाम पर धोखाधड़ी करने के मामले में कार्यवाही करते हुए 1 आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है।
3 अप्रैल 2017 को शिकायतकर्ता महिला ने एक लिखित शिकायत के माध्यम से बताया कि वर्ष 2006-07 में ईशपाल भारद्वाज द्वारा सेक्टर-55, गुरुग्राम स्थित "सुनहरा अपना घर सोसायटी" में फ्लैट दिलाने का झांसा देकर उससे वर्ष 2008 से 2013 के बीच विभिन्न किस्तों में लगभग ₹37.50 लाख प्राप्त किए गए। इसके उपरांत वर्ष 2013 में परियोजना का निर्माण कार्य बंद कर दिया गया तथा कई वर्ष बीत जाने के बावजूद न तो फ्लैट का कब्जा दिया गया और न ही जमा करवाई गई राशि वापस की गई, जिससे शिकायतकर्ता के साथ धोखाधड़ी की गई।
उपरोक्त संबंध में पुलिस थाना सेक्टर-56, गुरुग्राम में संबंधित धाराओं के तहत अभियोग अंकित किया गया तथा मामले की आगामी जांच आर्थिक अपराध शाखा-I, गुरुग्राम द्वारा की गई।
आर्थिक अपराध शाखा-I, गुरुग्राम की पुलिस टीम द्वारा नियमानुसार कार्यवाही करते हुए उपरोक्त अभियोग में शामिल 1 आरोपी को 8 जून को दिल्ली से गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान अनुभव (उम्र 33 वर्ष) निवासी मोहन गार्डन, दिल्ली के रूप में हुई है। पुलिस टीम द्वारा आरोपी के विरुद्ध वर्ष 2025 में LOC (Look Out Circular) जारी करवाया गया था। 8 जून को आरोपी इंडोनेशिया जाने की फिराक में था, जिसे पुलिस टीम द्वारा दिल्ली एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया गया।
पुलिस पूछताछ में ज्ञात हुआ कि आरोपी अनुभव उपरोक्त अभियोग के मुख्य आरोपी ईशपाल भारद्वाज का पुत्र है। आरोपी ने अपने पिता ईशपाल भारद्वाज तथा अन्य साथी आरोपियों के साथ मिलकर "सुनहरा अपना घर सोसायटी" के माध्यम से लोगों को फ्लैट देने का झांसा देकर उनसे करोड़ों रुपये एकत्रित किए तथा उन्हें न तो फ्लैट दिए और न ही उनकी राशि वापस की। पूछताछ में यह भी ज्ञात हुआ कि आरोपी उपरोक्त सोसायटी का अधिकृत व्यक्ति न होते हुए भी सोसायटी को बेचने के नाम पर अन्य कंपनी के साथ फर्जी तरीके से MOU साइन करके लाखों रुपये की ठगी करने तथा कंपनी के नाम पर फर्जी बैंक खाता खुलवाने में शामिल रहा। उक्त बैंक खाते में फ्लैट आवंटन के नाम पर प्राप्त करोड़ों रुपये जमा करवाए गए, जिनका आरोपियों द्वारा गबन कर लिया गया।
उपरोक्त अभियोग में शामिल आरोपी अनुभव, ईशपाल भारद्वाज, अमित कुमार, प्रदीप कुमार, संदीप व जगबीर सहित कुल 6 आरोपियों की गिरफ्तारी की जा चुकी है।
पुलिस टीम द्वारा आरोपी को 9 जून को माननीय अदालत में पेश करके 2 दिन के पुलिस हिरासत रिमांड पर लिया गया है। पुलिस टीम द्वारा आरोपी से गहनता से पूछताछ की जा रही है। अभियोग में ठगी गई धनराशि की बरामदगी, अन्य संलिप्त व्यक्तियों की पहचान तथा मामले से जुड़े वित्तीय लेन-देन के संबंध में जांच जारी है। अभियोग का अनुसंधान जारी है।