विनोबा भावे विश्वविद्यालय में “विजन 2047: जनजातीय भाषा, संस्कृति एवं भारतीय ज्ञान परंपरा” विषय पर राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन हुआ। पद्मश्री प्रोफेसर अन्विता अब्बी ने कहा कि भाषा हमारे इतिहास का आईना है और जनजातीय भाषाओं की ज्ञान प्रणाली अत्यंत समृद्ध है। उन्होंने संथाली व मुंडा भाषाओं को कंप्यूटर के लिए उपयुक्त बताते हुए इन्हें शिक्षा से जोड़ने पर जोर दिया। संगोष्ठी के निष्कर्ष नीति निर्माण में सहायक होंगे।