प्रदेश में निजी हाईस्कूल और उच्चतर माध्यमिक विद्यालयों के संचालन, मान्यता, नवीनीकरण और विस्तार को लेकर स्कूल शिक्षा विभाग ने नई गाइडलाइन जारी कर दी है। अब मान्यता प्राप्त सभी निजी विद्यालयों को निर्धारित मानकों का पालन करना अनिवार्य होगा। नई व्यवस्था के तहत छात्रों की संख्या के अनुसार सुरक्षित भवन, पर्याप्त कक्षाएं, खेल मैदान, विज्ञान प्रयोगशाला, पुस्तकालय, आईसीटी आधारित शिक्षा, ई-लर्निंग, स्वच्छ पेयजल, छात्र-छात्राओं के लिए अलग शौचालय, आवश्यक फर्नीचर, प्रशिक्षित शिक्षक तथा अग्निशमन जैसी मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित करनी होंगी। विद्यालयों को छात्र संख्या के आधार पर सुरक्षा निधि (सिक्योरिटी डिपॉजिट) जमा करनी होगी और ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से आवेदन करना होगा, जिस पर 45 दिनों के भीतर निर्णय लिया जाएगा। यदि आवेदन अधूरा पाया जाता है तो 15 दिनों के भीतर सुधार का अवसर मिलेगा। नियमों का उल्लंघन करने वाले विद्यालयों को पहले कारण बताओ नोटिस दिया जाएगा, इसके बाद ₹1 लाख से ₹2 लाख तक का जुर्माना लगाया जा सकता है और गंभीर मामलों में राज्य मान्यता समिति की अनुमति से मान्यता भी निरस्त की जा सकेगी। वहीं, आवेदन अस्वीकार होने या मान्यता रद्द होने की स्थिति में संस्थाओं को 30 दिनों के भीतर अपील करने का अधिकार भी दिया गया है।
Gwalior Gird, Gwalior | Aug 4, 2026