बिहार में पीएम मोदी के जन्मदिन का विरोध, फूंका गया पुतला।
जब बिहार बाढ़ से प्रभावित है, तब पीएम का जन्मदिन मनवाना निंदनीय है - प्रदर्शनकारियों का आरोप।
पूरे देश में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जन्मदिन मनाया जा रहा है, वहीं दूसरी तरफ बिहार के कैमूर जिले के मोहनिया में पीएम मोदी का पुतला दहन कर विरोध प्रदर्शन किया गया।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि जब बिहार बाढ़ जैसी त्रासदी से जूझ रहा है, बाढ़ पीड़ित मदद के लिए तरस रहे हैं, उस समय देश के प्रधानमंत्री का पूरे देश में सरकारी तंत्र के साथ जन्मदिन मनवाना बेहद निंदनीय है। बिहार को इस समय आर्थिक मदद की जरूरत है।
परशुराम सेना के कैमूर जिलाध्यक्ष विनोद तिवारी ने कहा कि जब तक UGC नियम में संशोधन और जाति के बजाय आर्थिक आधार पर आरक्षण लागू नहीं होता, तब तक वे सरकार की नीतियों का विरोध करते रहेंगे। इसी के विरोध में आज पीएम के जन्मदिन का विरोध किया गया है।
प्रदर्शनकारी प्रिंस सिंह ने कहा कि यह देश का दुर्भाग्य है कि प्रधानमंत्री अपने जन्मदिन पर देशवासियों से दिया जलाने को कह रहे हैं। एक तरफ बिहार बाढ़ की चपेट में है, दूसरी तरफ बाढ़ पीड़ितों की मदद के बजाय जन्मदिन मनाया जा रहा है, जो लोकतांत्रिक व्यवस्था के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि जब हम नरेंद्र मोदी को प्रधानमंत्री बना सकते हैं, तो गद्दी से उतार भी सकते हैं।
मोहनिया नगर के पूर्व भाजपा अध्यक्ष सूरज तिवारी ने भी विरोध जताते हुए कहा कि वे UGC और आरक्षण नीति का विरोध करते हैं। उन्होंने कहा, आप जन्मदिन मनाइए लेकिन अपने पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ, पूरे देश से नहीं। जब मुलायम सिंह यादव अपना जन्मदिन मनाते थे तो आप ही सरकारी पैसे के दुरुपयोग का आरोप लगाते थे, आज आप खुद पूरे देश से दिया जलाने की अपील कर रहे हैं, जो एक प्रधानमंत्री को शोभा नहीं देता। इसका परिणाम आने वाले चुनावों में देखने को मिलेगा। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने जमकर नारेबाजी भी की।