#जिला_कलक्टर_मयंक_मनीष_ने_डीग_शहर_का_किया_सघन_निरीक्षण
#मानसून_प्रबंधन_सफाई_और_अतिक्रमण_हटाने_के_संबंध_में_दिए_निर्देश_____
जिला अस्पताल के पास पार्किंग व्यवस्था सुधारने, ड्रेनेज सफाई के बाद सिल्ट हटाने तथा सुरक्षा के लिए डीओआईटी को सीसीटीवी कैमरे शीघ्र चालू करने के दिए निर्देश
जिला कलक्टर डीग मयंक मनीष ने मंगलवार को डीग शहर के विभिन्न बाजारों, सार्वजनिक स्थलों और मुख्य सड़क मार्गों का सघन निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने आगामी मानसून के मद्देनजर जलभराव नियंत्रण, साफ-सफाई, सड़कों से अस्थाई व स्थाई अतिक्रमण हटाने तथा यातायात को सुगम बनाने के लिए पार्किंग व्यवस्थाओं का विस्तृत जायजा लिया। जिला कलक्टर ने अपने निरीक्षण की शुरुआत गणेश मंदिर से की, जिसके बाद उन्होंने जिला अस्पताल पार्किंग, नई सड़क, सब्जी मंडी सफाई व्यवस्था, मेला ग्राउंड एरिया में नेहरू पार्क के पास निर्माणाधीन फूड स्ट्रीट, बड़ा बाजार, लोहा मंडी तथा पुराना बस स्टैंड सहित शहर के विभिन्न क्षेत्रों का दौरा किया।
निरीक्षण के दौरान जिला कलक्टर ने शहर की यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ करने और जाम की समस्या से मुक्ति दिलाने के लिए अधिकारियों को कार्य योजना बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने जिला अस्पताल के आसपास के क्षेत्र में पार्किंग के पुख्ता प्रबंध करने को कहा ताकि मरीजों और आमजन को असुविधा न हो। शहर की सड़कों के संकरे होने के कारणों की समीक्षा करते हुए उन्होंने निर्देश दिए कि नगर परिषद नियमों और मास्टर प्लान के तहत शहर के सभी छोटे-बड़े स्थाई और अस्थाई अतिक्रमणों को चिन्हित किया जाए। उन्होंने कहा कि अतिक्रमण हटाने की समस्त कार्यवाही पूरी तरह से विधिक प्रक्रिया अपनाते हुए, संबंधित व्यक्ति को नियमानुसार नोटिस व सुनवाई का पर्याप्त अवसर देकर संपादित की जाए, जिससे सड़कों को चौड़ा किया जा सके और दुर्घटनाओं में कमी आए। इसके साथ ही उन्होंने मीडिया के माध्यम से डीग शहरवासियों से भी अपील की कि यह शहर उनका अपना है, इसलिए यदि किसी ने अनधिकृत रूप से अतिक्रमण कर रखा है, तो वे सुगम यातायात और शहर के विकास में भागीदारी निभाते हुए स्वेच्छा से उसे हटा लें।
मानसून प्रबंधन और जलभराव की स्थिति की समीक्षा करते हुए उन्होंने नगर परिषद द्वारा मुख्य नालों की करवाई गई सफाई पर संतोष व्यक्त किया, लेकिन साथ ही निर्देश दिए कि नालों से निकाली गई सिल्ट जो सड़कों के कोनों पर पड़ी है, उसे तुरंत वहां से उठाकर निस्तारित किया जाए ताकि बारिश में वह दोबारा नालों में न बहे। उन्होंने नालों की रूटीन सफाई अनवरत जारी रखने को कहा ताकि मानसून के चरम पर होने के दौरान जल निकासी में कोई बाधा न आए। इसके अतिरिक्त, शहर के निचले और संभावित जलभराव वाले क्षेत्रों को चिन्हित कर वहां तत्काल पंप व पंप-सेट स्थापित करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि आपात स्थिति में पानी को तुरंत निकाला जा सके। राज्य सरकार के हरियालो राजस्थान अभियान और अनुकूल मौसम को देखते हुए उन्होंने शहर के विभिन्न क्षेत्रों में सघन पौधारोपण करने के भी निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान नगर परिषद द्वारा करवाए जा रहे विभिन्न विकास कार्यों की भी समीक्षा की गई। जिला कलक्टर ने नेहरू पार्क और मेला ग्राउंड एरिया में चल रहे फूड हब के निर्माण कार्य को गुणवत्ता के साथ जल्द से जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। मीडिया द्वारा बृजेंद्र पार्क के बारे में पूछने पर उन्होंने जानकारी दी कि बृजेंद्र पार्क को नगर परिषद द्वारा वेस्ट टू वंडर पार्क के रूप में विकसित किया जा रहा है। पार्क में कचरे से निर्मित विभिन्न कलाकृतियां व स्ट्रक्चर्स बनकर तैयार हो चुके हैं। उन्होंने पार्क के निचले हिस्सों में मिट्टी डलवाकर भराव करने तथा वहां चोरी की घटनाओं और असामाजिक तत्वों के जमावड़े को रोकने के लिए सुरक्षा गार्ड तैनात करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पार्क का उचित रखरखाव कर इन कलाकृतियों को व्यवस्थित रूप से स्थापित किया जाए ताकि शहरवासियों को भ्रमण और मनोरंजन के लिए एक नया स्थल मिल सके।
अंत में, शहर की सुरक्षा व्यवस्था और पुलिस निगरानी को मजबूत करने के उद्देश्य से जिला कलक्टर ने पुलिस विभाग के सहयोग से सूचना एवं प्रोद्योगिकी विभाग द्वारा लगाए गए सीसीटीवी कैमरों के संबंध में बताया कि पूछरी क्षेत्र में कैमरे सुचारू रूप से इंटरनेट कनेक्टिविटी के साथ एक्टिव हो चुके हैं, जबकि डीग शहर में कई स्थानों पर कैमरे लग चुके हैं और कुछ पर कार्य प्रक्रियाधीन है। कैमरों को पूरी तरह चालू करने के सवाल को लेकर उन्होंने बताया कि डीओआईटी के अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे जयपुर मुख्यालय पर बात कर टेंडर प्रक्रिया की समीक्षा करें। यदि संबंधित फर्म द्वारा कार्य में ढिलाई या देरी की जा रही है, तो उसे तुरंत नोटिस जारी कर सख्ती से कार्यवाही की जाए और आवश्यकता पड़ने पर नए सिरे से टेंडर आमंत्रित किए जाएं, लेकिन यह सुनिश्चित हो कि शहर के सभी कैमरे जल्द से जल्द फंक्शनल होकर इंटरनेट से जुड़ें और उनका लाइव फीड सीधे पुलिस कंट्रोल रूम को उपलब्ध हो सके। इस दौरान अतिरिक्त जिला कलक्टर राजकुमार कस्वां, उपखंड अधिकारी डीग अमित कुमार, नगर परिषद आयुक्त कुलदीप सिंह सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।