कोंडागांव में स्थित माता लिंगेश्वरी का अनोखा मंदिर साल में केवल एक दिन लगभग 12 घंटे के लिए ही खोले जाते हैं।इस मंदिर में निसंतान दंपतियों को संतान सुख की प्राप्ति होने की गहरी धार्मिक मान्यता है, जहाँ प्रसाद के रूप में मिले खीरे को पति-पत्नी द्वारा नाखून से दो टुकड़ों में तोड़कर खाने की अनूठी परंपरा निभाई जाती है यह मंदिर साल के 364 दिन बड़े पत्थरों से बंद रहता है। आज जब मंदिर के कपाट खुले, तो दर्शन और मन्नत मांगने के लिए देश-विदेश से 50 हजार से भी अधिक श्रद्धालुओं का भारी जनसैलाब उमड़ पड़ा, जिससे पहाड़ियों पर कई किलोमीटर लंबी कतारें लग गईं।