बिहार में स्वास्थ्य व्यवस्था का आलम यह है कि टूटे पैर का ऐसा इलाज किया जाता है, जिसका कोई हिसाब नहीं है। बेगूसराय के एक अनुमंडलीय अस्पताल में सड़क हादसे का शिकार युवक पहुंचा। हद देखिए कि उसके पैर में सामान पैक करने वाले कार्टन को लगाकर उसी के ऊपर बैंडेज कर दिया गया। इसके बाद उसे बड़े अस्पताल रेफर कर दिया गया।
कार्टन लगे बैंडेज का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है जो स्वास्थ्य विभाग की पोल खोलने के लिए काफी है। ये सबकुछ बेगूसराय जिले के अनुमंडलीय अस्पताल मंझौल में हुआ, जो करोड़ों की लागत से बना है। लेकिन इस अस्पताल में सड़क हादसे में पैर फैक्चर करने के लिए भी इलाज की व्यवस्था नहीं है। आप तस्वीरों में देख सकते हैं कि किस कदर घायल युवक के पूरे पैर में दो साइड से कार्टन लगाया गया और फिर उसे बैंडेज कर किया गया और फिर उसे रेफर कर दिया गया।
Korba, Korba | Aug 6, 2026